इंदौर में वंदे मातरम् नहीं गाने को लेकर शुरू हुए विवाद में पुलिस जांच तेज हो गई है। कांग्रेस की पार्षद फौजिया शेख अलीम से सोमवार को एमजी रोड थाना पुलिस ने करीब चार घंटे तक पूछताछ की। इस मामले में अब कांग्रेस की ही एक और पार्षद रुबीना इकबाल को भी बयान दर्ज कराने के लिए थाने बुलाया जा सकता है। यह पूरा विवाद नगर निगम के बजट सत्र के दौरान वंदे मातरम् गाने को लेकर शुरू हुआ था।
दरअसल नगर निगम के बजट सत्र के दूसरे दिन सम्मेलन की शुरुआत वंदे मातरम् के गायन से हुई थी। इसी दौरान आरोप लगा कि कांग्रेस की दो महिला पार्षद फौजिया शेख अलीम और रुबीना इकबाल ने वंदे मातरम् में हिस्सा नहीं लिया। भारतीय जनता पार्टी के पार्षदों ने इस पर कड़ा विरोध जताते हुए इसे राष्ट्रगान का अपमान बताया और सदन में जमकर हंगामा किया। विवाद बढ़ने पर सदन की कार्यवाही भी प्रभावित हुई।
सभापति मुन्नालाल यादव को हस्तक्षेप करना पड़ा
हंगामे के बीच सभापति मुन्नालाल यादव को हस्तक्षेप करना पड़ा। उन्होंने फौजिया शेख को सदन से बाहर जाने के निर्देश दिए। शुरुआत में फौजिया शेख ने निगम के नियमों और एक्ट का हवाला देते हुए अपनी बात रखने की कोशिश की, लेकिन माहौल ज्यादा गरम होने पर उन्हें सदन छोड़कर जाना पड़ा। इस घटना के बाद यह मुद्दा राजनीतिक विवाद बन गया।
इसके बाद भाजपा पार्षद दल ने इस मामले को गंभीर बताते हुए कड़ा रुख अपनाया। 9 अप्रैल को भाजपा पार्षदों का एक प्रतिनिधिमंडल संभागायुक्त से मिला और उन्हें ज्ञापन सौंपा। इसमें दोनों महिला पार्षदों पर वंदे मातरम् का अपमान करने का आरोप लगाते हुए उनकी पार्षदी खत्म करने की मांग की गई। इसके अलावा भाजपा पार्षद दल ने एमजी रोड थाने में भी शिकायत दर्ज कराई और दोनों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की मांग की।
शिकायत के बाद पुलिस ने मामले की जांच शुरू की
शिकायत के बाद पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी। इसी सिलसिले में सोमवार को फौजिया शेख अलीम को एमजी रोड थाने बुलाया गया, जहां उनसे करीब चार घंटे तक पूछताछ की गई। पुलिस अधिकारियों ने घटना वाले दिन के वीडियो फुटेज भी देखे और उनसे पूरे घटनाक्रम के बारे में विस्तार से सवाल पूछे। पुलिस ने यह भी जानने की कोशिश की कि क्या उन्होंने जानबूझकर वंदे मातरम् गाने से इनकार किया था। हालांकि फौजिया शेख ने इस आरोप से साफ इनकार कर दिया।
पुलिस अधिकारियों के मुताबिक पूछताछ के दौरान विनोद दीक्षित, विजय सिंह सिसौदिया और एक महिला पुलिसकर्मी मौजूद थे। इस दौरान पूरी पूछताछ की प्रक्रिया का वीडियो भी बनाया गया है, ताकि आगे की जांच में उसका इस्तेमाल किया जा सके।
अब इस मामले में दूसरी कांग्रेस पार्षद रुबीना इकबाल से भी पूछताछ की तैयारी की जा रही है। पुलिस का कहना है कि जल्द ही उन्हें भी थाने बुलाकर बयान दर्ज किए जाएंगे। अधिकारियों के मुताबिक मामले के सभी पहलुओं की जांच की जा रही है ताकि पूरी सच्चाई सामने आ सके। वंदे मातरम् विवाद के बाद से यह मामला शहर की राजनीति में चर्चा का विषय बना हुआ है। अब सभी की नजरें इस बात पर टिकी हैं कि रुबीना इकबाल पुलिस के सामने क्या बयान देती हैं और जांच आगे किस दिशा में बढ़ती है।






