कोरोना को लेकर दायर याचिका पर हाईकोर्ट में सुनवाई, HC ने पिछली सरकार के काम का ब्यौरा मांगा

जबलपुर हाईकोर्ट

जबलपुर/संदीप कुमार। मध्यप्रदेश हाईकोर्ट(MP HIGHCOURT) से पिछली कमलनाथ सरकार(KAMALNATH SARKAR) को बड़ा झटका लगा है।हाइकोर्ट ने कोरोना(CORONA) को लेकर पिछली सरकार से ब्यौरा मांगा है।हाईकोर्ट ने मध्यप्रदेश के पूर्व स्वास्थ्य मंत्री तरुण भनोत(FORMER MINISTER TARUN BHANOUT) से सवाल किया है कि आप खुद स्वास्थ्य मंत्री थे। आपने कोरोना संक्रमण को रोकने के लिए क्या किया।

दरअसल, कोरोनो को लेकर हाईकोर्ट में दायर याचिकाओं पर सुनवाई की गई। पूर्व वित्त एवं स्वास्थ्य मंत्री तरुण भनोट की याचिका पर HC ने जारी किए नोटिस पर सुनवाई के दौरान महाधिवक्ता ने ये मुद्दा उठाया कि पिछली सरकार ने कोरोना पर क्या किया इसकी भी जानकारी पेश की जाए।

पूर्व मंत्री तरुण भनोत ने अपनी याचिका में मांग रखी कि संक्रमितों से सीधा संपर्क होने के कारण पुलिस प्रशासन और चिकित्साकर्मियों को पर्याप्त पीपीई किट्स उपलब्ध कराई जाए।इस पर कोर्ट ने मौखिक रूप से तरुण भनोत से सवाल किया कि आप तो खुद स्वास्थ्य मंत्री रह चुके हैं, आपने कोरोना संक्रमण रोकने के लिए क्या किया बताएं।चुंकी सिंधिया समर्थक मंत्री तुलसी सिलावट के स्वास्थ्य मंत्री पद से इस्तीफा देने के बाद कमलनाथ सरकार में तरुण भनोत को स्वास्थ्य मंत्रालय का विभाग सौंपा गया था। उस समय देश में कोरोना वायरस ने दस्तक दे दी थी। कोरोना वायरस का पहला मामला मध्यप्रदेश में जबलपुर में ही आया था। इसके बाद हाईकोर्ट ने पिछली सरकार के काम का ब्यौरा मांगा है।

हाईकोर्ट ने पूछा है कि कोरोना पर पिछली सरकार ने क्या किया, इसे लेकर HC ने कहा है कि वो शपथ पत्र पेश करे। इसी के साथ सुनवाई के दौरान फ्रंट वॉरियर्स के लिए किट, हॉट स्पॉट की सुरक्षा, टेस्टिंग का मुद्दा भी उठा और फ्रंट लाइन में काम कर रहे कर्मचारियों के प्रति चिंता जताई गई।

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