मध्य प्रदेश हाईकोर्ट को नया चीफ जस्टिस मिलने का रास्ता साफ होता दिखाई दे रहा है। दरअसल सुप्रीम कोर्ट कॉलेजियम ने गुजरात हाईकोर्ट के जस्टिस अल्पेश यशवंत कोगजे को मध्य प्रदेश हाईकोर्ट का मुख्य न्यायाधीश बनाए जाने की सिफारिश की है। सुप्रीम कोर्ट की वेबसाइट पर 31 अगस्त 2026 की कॉलेजियम बैठक से जुड़ा प्रस्ताव भी दर्ज है।
हालांकि अभी यह अंतिम नियुक्ति नहीं है। कॉलेजियम की सिफारिश के बाद प्रस्ताव केंद्र सरकार के पास जाएगा और जरूरी प्रक्रिया पूरी होने के बाद नियुक्ति की अधिसूचना जारी होगी। इसके बाद जस्टिस अल्पेश यशवंत कोगजे मध्य प्रदेश हाईकोर्ट के मुख्य न्यायाधीश के तौर पर कार्यभार संभालेंगे। फिलहाल यह नियुक्ति कॉलेजियम की सिफारिश के स्तर पर है और आगे की प्रक्रिया केंद्र सरकार के स्तर पर पूरी होगी।
कॉलेजियम ने तीन जजों के नाम सुझाए
बता दें कि 31 अगस्त 2026 को हुई सुप्रीम कोर्ट कॉलेजियम की बैठक में सिर्फ मध्य प्रदेश हाईकोर्ट के लिए ही नहीं बल्कि दूसरे हाईकोर्ट के चीफ जस्टिस पद के लिए भी नाम सुझाए गए। कॉलेजियम ने कुल तीन जजों के नामों की सिफारिश की है। इसमें गुजरात हाईकोर्ट के जस्टिस अल्पेश यशवंत कोगजे का नाम मध्य प्रदेश हाईकोर्ट के लिए शामिल है।

वहीं कॉलेजियम की ओर से सुझाए गए नामों में जस्टिस संजय के. अग्रवाल को छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट से राजस्थान हाईकोर्ट भेजने की सिफारिश की गई है। वहीं डॉ. पुष्पेंद्र सिंह भाटी को राजस्थान हाईकोर्ट से जम्मू-कश्मीर और लद्दाख हाईकोर्ट भेजने की सिफारिश की गई है। तीनों मामलों में संबंधित हाईकोर्ट के चीफ जस्टिस पद के लिए नाम सुझाए गए हैं।
केंद्र सरकार की मंजूरी का रहेगा इंतज़ार
कॉलेजियम की सिफारिश के बाद अब इन नियुक्तियों से जुड़ी प्रक्रिया केंद्र सरकार के स्तर पर आगे बढ़ेगी। केंद्र सरकार की मंजूरी और जरूरी प्रक्रिया पूरी होने के बाद संबंधित नियुक्तियों की अधिसूचना जारी की जाएगी। इसके बाद जिन जजों के नाम की सिफारिश की गई है, वे संबंधित हाईकोर्ट के चीफ जस्टिस के रूप में कार्यभार संभालेंगे। बता दें कि सुप्रीम कोर्ट और हाईकोर्ट के जजों की नियुक्ति और तबादले की सिफारिश करने वाली व्यवस्था को कॉलेजियम सिस्टम कहा जाता है। इसमें भारत के मुख्य न्यायाधीश यानी CJI और सुप्रीम कोर्ट के चार वरिष्ठतम जज शामिल होते हैं। कॉलेजियम की ओर से की गई सिफारिशें केंद्र सरकार को भेजी जाती हैं।
वंदना झां की रिपोर्ट






