बेंगलुरु: कर्नाटक में एक बड़े राजनीतिक घटनाक्रम में, भारतीय जनता पार्टी (BJP) के विधायक बायराती बसवराज को सीआईडी ने गिरफ्तार कर लिया है। उन्हें बेंगलुरु के केम्पेगौड़ा अंतर्राष्ट्रीय हवाई अड्डे से उस वक्त हिरासत में लिया गया, जब वह अहमदाबाद से शहर लौट रहे थे। यह गिरफ्तारी एक हाई-प्रोफाइल हत्या के मामले में हुई है, जिसमें विधायक की अग्रिम जमानत याचिका पहले हाई कोर्ट और फिर सुप्रीम कोर्ट से खारिज हो चुकी थी।
सुप्रीम कोर्ट की फटकार के बाद से ही उनकी गिरफ्तारी तय मानी जा रही थी। सीआईडी अधिकारियों की एक टीम एयरपोर्ट पर पहले से ही मौजूद थी और उनके उतरते ही उन्हें गिरफ्तार कर लिया गया।
क्या है पूरा मामला?
यह मामला रियल एस्टेट एजेंट और राउडी-शीटर शिवप्रकाश उर्फ बिकलू शिवा की हत्या से जुड़ा है। जानकारी के अनुसार, 40 वर्षीय शिवप्रकाश की 15 जुलाई, 2025 को भारती नगर स्थित उनके घर के सामने कई हमलावरों ने बेरहमी से हत्या कर दी थी। पुलिस जांच में यह मामला जमीन के विवाद से जुड़ा पाया गया था।
मृतक शिवप्रकाश के परिवार ने आरोप लगाया था कि यह हत्या केआर पुरम के विधायक बायराती बसवराज के इशारे पर की गई थी। जांच के दौरान पुलिस को भी इस दिशा में सबूत मिले, जिसके बाद विधायक को इस मामले में आरोपी नंबर 4 बनाया गया।
सुप्रीम कोर्ट ने की थी कड़ी टिप्पणी
इस मामले में कानूनी लड़ाई लड़ रहे विधायक बसवराज को बड़ा झटका तब लगा जब 10 फरवरी को कर्नाटक हाई कोर्ट ने उनकी अग्रिम जमानत याचिका खारिज कर दी। इसके बाद उन्होंने सुप्रीम कोर्ट का दरवाजा खटखटाया, लेकिन वहां से भी उन्हें कोई राहत नहीं मिली।
बार एंड बेंच की रिपोर्ट के मुताबिक, भारत के मुख्य न्यायाधीश (CJI) सूर्यकांत और जस्टिस जॉयमाल्या बागची की पीठ ने बसवराज की याचिका पर सुनवाई से ही इनकार कर दिया।
“आप एक पब्लिक सर्वेंट हैं, इसलिए आपको हिम्मत दिखानी चाहिए और ट्रायल का सामना करना चाहिए।”- सुप्रीम कोर्ट
सुप्रीम कोर्ट ने विधायक को यह भी सुझाव दिया कि वे चाहें तो निचली अदालत में नियमित जमानत (regular bail) के लिए अर्जी दे सकते हैं। इस टिप्पणी के बाद यह स्पष्ट हो गया था कि गिरफ्तारी अब ज्यादा दूर नहीं है।





