कोरोना विस्फोट: तीसरे दिन 19 कोरोना पॉजिटिव मिलने से संख्या पहुंची 67 पार, शहर में फैली सनसनी

कोरोना विस्फोट: तीसरे दिन 19 कोरोना पॉजिटिव मिलने से संख्या पहुंची 67 पार, शहर में फैली सनसनी

मुरैना/ संजय दीक्षित। जिला प्रशासन की घोर लापरवाही के चलते राजस्थान के बाद मुरैना में कोरोना वायरस के नए मरीज मिले हैं। सोमवार को 21 और मंगलवार को फिर 19 कोरोना पॉजिटिव के मामले सामने आए हैं। लगातार बढ़ रहे मरीजों के आंकड़ों को देखते हुए प्रशासन मूकदर्शक बना हुआ है। वहीं स्वास्थ्य विभाग के जिम्मेदार अधिकारी मीडिया से बात करने में कतरा रहे हैं।

सोमवार और मंगलवार को कुल 40 मरीजों के मिलने के बाद कोरोना वायरस के कुल एक्टिव केस मंगलवार को करीब 67 के पार पहुंच गया हैं। कोरोना संक्रमण अपना शहर में असर दिखाने लगा है। जिला प्रशासन द्वारा अनलॉक वन खोलने के कारण संपूर्ण बाजार में जो छूट दी गई है उसमें प्रशासन के द्वारा घोर लापरवाही बरती जा रही है। कोरोना महामारी विकराल रूप धारण करती जा रही है। रविवार से लेकर मंगलवार तक 3 दिन में 52 मरीज नए मिले हैं, जिनमें दो ग्वालियर रेफर हुए थे। अब मंगलवार को मुरैना में एक्टिव केसों की संख्या 67 पर पहुंच गई है। अचानक बढ़ती मरीजों की संख्या के बाद शहर के लोगों में भय और दहशत का माहौल बनता जा रहा है। इधर जिला प्रशासन द्वारा अभी तक कोई सख्त कदम ना उठाया जाना लोगों की चिंता का कारण बना हुआ है तथा संपूर्ण बाजार खुलने के बाद हर जगह बढ़ रही भीड़ इस महामारी को भयानक रूप देती जा रही है।

मंगलवार को स्वास्थ्य विभाग को मिली रिपोर्ट के अनुसार नगर निगम क्षेत्र में 19 नए कोरोना पॉजिटिव मरीज पाए गए हैं, जिन्हें आइसोलेशन वार्ड में भर्ती कराया गया है। मरीजों की लगातार बढ़ती संख्या के बाद अब जिला प्रशासन के आगे चुनौती बढ़ती जा रही है, लेकिन फिर भी जिला कलेक्टर द्वारा इस महामारी से निपटने के लिए कोई सख्त कदम नहीं उठाए गए हैं। जिससे जिला प्रशासन की कार्यप्रणाली पर लोग सवाल खड़े कर रहे हैं। लोगों की राय के अनुसार जिस तरह से अब मरीज बढ़ रहे हैं, उसके चलते प्रशासन को अब कड़े कदम उठाना चाहिए। शहर में मरीजों की संख्या आधा सैकड़ा के पार होने के बाद अब लोगों में खलबली मच गई है तथा इस बीमारी की गंभीरता को समझ रहे लोग अपनी सुरक्षा करते हुए घरों से कम ही निकल रहे हैं, लेकिन ग्रामीण क्षेत्रों से बड़ी संख्या में लोग बाजार पहुंच रहे हैं। जिस कारण मुरैना में इस महामारी के और अधिक फैलने की संभावना बढ़ती जा रही है।

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