एमपी पुलिस आरक्षक भर्ती 2026: 10 जिलों में फिजिकल टेस्ट शुरू, 59 हजार अभ्यर्थी शामिल

मध्य प्रदेश पुलिस आरक्षक भर्ती 2026 के तहत 7,500 पदों के लिए आज से 10 जिलों में शारीरिक दक्षता परीक्षा शुरू। 59 हजार अभ्यर्थी दौड़, लंबी कूद और गोला फेंक में देंगे परीक्षा, आधार ई-केवाईसी और क्यूआर जैकेट से होगी सख्त जांच।
एमपी पुलिस आरक्षक भर्ती 2026

मध्य प्रदेश में आज का दिन हजारों युवाओं के लिए बेहद खास है। कई महीनों की तैयारी, सुबह-सुबह की दौड़ और कड़ी मेहनत के बाद अब असली परीक्षा का समय आ गया है। मध्य प्रदेश पुलिस आरक्षक भर्ती 2026 के तहत आज से शारीरिक दक्षता परीक्षा यानी फिजिकल टेस्ट शुरू हो गया है। प्रदेश के 10 जिलों में एक साथ यह परीक्षा आयोजित की जा रही है जिसमें करीब 59 हजार अभ्यर्थी हिस्सा ले रहे हैं।

यह भर्ती प्रक्रिया कुल 7,500 पदों के लिए चल रही है। पहले लिखित परीक्षा हुई अब चयनित उम्मीदवार मैदान में अपनी ताकत और फिटनेस दिखाएंगे। इस बार भर्ती प्रक्रिया को पारदर्शी और निष्पक्ष बनाने के लिए खास तकनीकी इंतजाम किए गए हैं ताकि किसी भी तरह की गड़बड़ी की गुंजाइश न रहे।

10 जिलों में शुरू हुई मध्य प्रदेश पुलिस आरक्षक भर्ती की शारीरिक परीक्षा

मध्य प्रदेश पुलिस आरक्षक भर्ती 2026 की शारीरिक दक्षता परीक्षा 23 फरवरी से शुरू हो चुकी है। यह परीक्षा भोपाल, इंदौर, जबलपुर, ग्वालियर, उज्जैन, सागर, रीवा, बालाघाट, रतलाम और मुरैना जिलों में आयोजित की जा रही है।

राजधानी भोपाल में परीक्षा लाल परेड ग्राउंड, जहांगीराबाद में हो रही है। इंदौर में माउंटेड ट्रूप डिपार्टमेंट परिसर (आरएपीटीसी), जबलपुर में 6वीं वाहिनी विसबल रांझी का परेड ग्राउंड, ग्वालियर में 14वीं वाहिनी विसबल कंपू का मैदान और उज्जैन में महानंदा एरीना ग्राउंड को परीक्षा केंद्र बनाया गया है। इसी तरह सागर, रीवा, बालाघाट, रतलाम और मुरैना में भी तय स्थानों पर अभ्यर्थियों को बुलाया गया है। प्रदेश के अलग-अलग हिस्सों से अभ्यर्थी अपने-अपने केंद्रों पर पहुंच रहे हैं। सुबह से ही मैदानों में हलचल देखी जा रही है। उम्मीदवारों के साथ उनके परिवार के लोग भी उत्साह के साथ मौजूद हैं।

फिजिकल टेस्ट में क्या-क्या होगा?

  • 800 मीटर दौड़
  • लंबी कूद
  • गोला फेंक

सबसे पहले अभ्यर्थियों को 800 मीटर की दौड़ पूरी करनी होगी। दौड़ में तय समय के अंदर फिनिश करना जरूरी होगा। इसके बाद लंबी कूद और गोला फेंक की प्रतियोगिता होगी। हर स्पर्धा के लिए अंक निर्धारित किए गए हैं।

पूरी प्रक्रिया इलेक्ट्रॉनिक सिस्टम से जुड़ी हुई है। टाइमिंग सिस्टम और सेंसर आधारित उपकरण लगाए गए हैं, ताकि समय और प्रदर्शन की सटीक रिकॉर्डिंग हो सके। इससे किसी तरह की मानवीय गलती या पक्षपात की संभावना कम हो जाती है।

आधार ई-केवाईसी और क्यूआर कोड जैकेट से सख्त निगरानी

इस बार मध्य प्रदेश पुलिस आरक्षक भर्ती 2026 में फर्जीवाड़ा रोकने के लिए कई नए कदम उठाए गए हैं। परीक्षा स्थल पर सबसे पहले आधार ई-केवाईसी सत्यापन किया जा रहा है। इसके तहत अभ्यर्थियों की पहचान फिंगरप्रिंट, रेटिना स्कैन और फोटो मिलान से की जा रही है।

अभ्यर्थियों को अपना मूल आधार कार्ड साथ लाना अनिवार्य है। साथ ही यह भी सुनिश्चित करना जरूरी है कि उनका आधार नंबर ‘लॉक’ न हो। अगर आधार सत्यापन सफल नहीं होता, तो उम्मीदवार को परीक्षा में शामिल नहीं होने दिया जाएगा।

सत्यापन के बाद उम्मीदवार को एक विशेष जैकेट दी जा रही है, जिस पर क्यूआर कोड लगा है। इस क्यूआर कोड को अभ्यर्थी के रोल नंबर से जोड़ा जाता है। परीक्षा के हर चरण में इसी क्यूआर कोड को स्कैन किया जाएगा। जब तक स्कैनर से जैकेट स्कैन नहीं होगी, तब तक आगे प्रवेश नहीं मिलेगा। इस व्यवस्था से यह सुनिश्चित किया जा रहा है कि कोई भी व्यक्ति किसी दूसरे की जगह परीक्षा न दे सके।

अभ्यर्थियों के लिए जरूरी निर्देश

  • समय से पहले परीक्षा केंद्र पर पहुंचें
  • मूल आधार कार्ड और सभी प्रमाण पत्र साथ रखें
  • आधार नंबर लॉक न हो, यह पहले से जांच लें
  • खेल के लिए उपयुक्त ड्रेस और जूते पहनें
  • स्वास्थ्य का ध्यान रखें और पर्याप्त पानी पिएं
Bhawna Choubey
लेखक के बारे में
पत्रकारिता मेरे लिए सिर्फ एक पेशा नहीं, बल्कि सच को जिम्मेदारी और संवेदनशीलता के साथ समाज तक पहुंचाने का माध्यम है। तथ्यों की पड़ताल, महत्वपूर्ण मुद्दों को समझना और निष्पक्ष खबरों के जरिए लोगों की आवाज़ बनना मेरी पत्रकारिता की पहचान है। View all posts by Bhawna Choubey →
Follow Us :GoogleNews