कमलनाथ का बड़ा दावा, सौदेबाजी में जुटी भाजपा, कई विधायकों को दिए जा रहे प्रलोभन

कमलनाथ का बड़ा दावा, सौदेबाजी में जुटी भाजपा, कई विधायकों को दिए जा रहे प्रलोभन

भोपाल, डेस्क रिपोर्ट| मध्य प्रदेश (Madhyapradesh) की 28 सीटों पर उपचुनाव (Byelection) का घमासान अभी ख़त्म नहीं हुआ| नतीजों का इन्तजार है, नतीजों से पहले एक बार फिर प्रदेश की सियासत गरमा गई है| पूर्व मुख्यमंत्री कमलनाथ (Kamalnath) का आरोप है कि बीजेपी (BJP) ने एक बार फिर से सौदेबाजी शुरू कर दी है| नाथ ने दावा किया है कि कई विधायकों और निर्दलीय विधायकों ने उन्हें इस बात की सूचना दी है|

उपचुनाव के नतीजों से पहले मध्य प्रदेश में कमलनाथ के बयान से सियासत गरमा गई है| कमलनाथ ने कहा उपचुनाव में मतदाता ने खुलकर सच्चाई का साथ दिया है, बीजेपी को यह एहसास हो रहा है कि वो हारने वाले हैं, बीजेपी ने सरकार में बने रहने के लिए सौदेबाजी और बोलियां लगाना फिर से शुरू कर दिया है। कमलनाथ ने कहा कि उनके पास कांग्रेस विधायकों और निर्दलीय विधायकों की तरफ से फोन करके ये जानकारी दी जा रही है कि भाजपा के लोग उनसे संपर्क करके तरह-तरह के प्रलोभन दे रहे हैं।

कमलनाथ ने कहा कि अगर भाजपा ने सरकार में टिके रहने के लिए मध्‍यप्रदेश की पहचान और जनता के सम्‍मान को कलंकित करने की सौदेबाजी की तो जनता के साथ मिलकर लोकतंत्र को बचाने के लिए कांग्रेस आक्रमक आंदोलन और प्रतिरोध करेगी। किसी भी स्थिति में सौदेबाजी की सरकार को मध्‍यप्रदेश में स्‍वीकार नहीं किया जायेगा।

बसपा और निर्दलीय विधायकों ने भूपेंद्र सिंह से की मुलाक़ात
इधर, आज शुक्रवार को बसपा और निर्दलीय विधायकों ने कैबिनेट मंत्री भूपेंद्र सिंह से मुलाक़ात की है| बंद कमरे में चली करीब आधे घंटे की मुलाकात के कई सियासी मायने निकाले जा रहे हैं। सवाल उठ रहे हैं कि क्या निर्दलीय विधायक भी भजपा से मिलने जा रहे हैं। हालांकि मंत्री भूपेन्द्र सिंह ने मुलाकात को सामान्य भेंट बताया है। मुलाकात के बाद मीडिया से बातचीत करते हुए मंत्री सिंह ने कहा कि निर्दलीय विधायक को मैंने नही बुलाया था, वे स्वयं आए थे। वे भोपाल आए थे तो सामान्य शिष्टाचार भेंट की है, अलग से नहीं बुलाया गया। वो मेरे पास हमेशा आते रहते है, वैसे ही आज आए थे। इस दौरान उपचुनाव परिणाम को लेकर मंत्री भूपेन्द्र सिंह ने दावा करते हुए कहा कि हमारे प्रबंध समिति के पास यही फिडबैक है कि हम सभी 28 सीटें जीत रहे हैं। कुछ सीटों पर कढ़ा संघर्ष है लेकिन हम यही मान कर चल रहे है कि हमें सभी सीटों पर विजय मिलेगी। यदि किसी सीट पर निर्दलीय विधायक की जीत हुई तो क्या वो भाजपा के साथ होंगा यह सवाल पूछे जाने पर उन्होंने कहा कि जैसी परिस्थिति होगी वैसे निर्णय करेंगे।

Gaurav Sharma
लेखक के बारे में
Gaurav Sharma

निदेशक और संपादक

पत्रकारिता पेशा नहीं ज़िम्मेदारी है और जब बात ज़िम्मेदारी की होती है तब ईमानदारी और जवाबदारी से दूरी बनाना असंभव हो जाता है। एक पत्रकार की जवाबदारी समाज के लिए उतनी ही आवश्यक होती है जितनी परिवार के लिए क्यूंकि समाज का हर वर्ग हर शख्स पत्रकार पर आंख बंद कर उस तरह ही भरोसा करता है जितना एक परिवार का सदस्य करता है। पत्रकारिता मनुष्य को समाज के हर परिवेश हर घटनाक्रम से अवगत कराती है, यह इतनी व्यापक है कि जीवन का कोई भी पक्ष इससे अछूता नहीं है। यह समाज की विकृतियों का पर्दाफाश कर उन्हे नष्ट करने में हर वर्ग की मदद करती है। इसलिए पं. कमलापति त्रिपाठी ने लिखा है कि," ज्ञान और विज्ञान, दर्शन और साहित्य, कला और कारीगरी, राजनीति और अर्थनीति, समाजशास्त्र और इतिहास, संघर्ष तथा क्रांति, उत्थान और पतन, निर्माण और विनाश, प्रगति और दुर्गति के छोटे-बड़े प्रवाहों को प्रतिबिंबित करने में पत्रकारिता के समान दूसरा कौन सफल हो सकता है। View all posts by Gaurav Sharma →
Follow Us :GoogleNews