नई दिल्ली: इंडियन यूथ कांग्रेस (IYC) के अध्यक्ष उदय भानु चिब की मुश्किलें कम होने का नाम नहीं ले रही हैं। दिल्ली की एक अदालत से जमानत मिलने के कुछ ही घंटों बाद उन्हें तिहाड़ जेल भेज दिया गया। यह नाटकीय घटनाक्रम तब हुआ जब दिल्ली पुलिस की क्राइम ब्रांच ने उनकी रिहाई से ठीक पहले एक सेशंस कोर्ट का दरवाजा खटखटाया और जमानत के आदेश पर स्टे हासिल कर लिया।
चिब को दिल्ली के भारत मंडपम में आयोजित AI समिट के दौरान विरोध प्रदर्शन करने के आरोप में गिरफ्तार किया गया था। उनके साथ देश के अलग-अलग राज्यों से आए कई अन्य कांग्रेस कार्यकर्ताओं को भी हिरासत में लिया गया था।
अदालत में क्या हुआ?
पहले ड्यूटी मजिस्ट्रेट ने चिब को 50 हजार रुपए के निजी मुचलके पर जमानत दे दी थी। जमानत की शर्तों में पासपोर्ट और इलेक्ट्रॉनिक गैजेट्स जमा कराने का निर्देश भी शामिल था। लेकिन जब उनके वकील रिहाई की कानूनी प्रक्रिया पूरी कर रहे थे, तभी दिल्ली पुलिस ने ऊपरी अदालत में अपील कर दी।
सेशंस कोर्ट ने यूथ कांग्रेस अध्यक्ष के पक्ष को सुने बिना ही जमानत के आदेश पर रोक लगा दी और मामले की अगली सुनवाई के लिए 6 मार्च की तारीख तय कर दी। इसके तुरंत बाद चिब को तिहाड़ जेल भेज दिया गया।
यूथ कांग्रेस ने लगाया सत्ता के दुरुपयोग का आरोप
इस पूरे घटनाक्रम पर यूथ कांग्रेस ने तीखी प्रतिक्रिया दी है। संगठन ने अपने आधिकारिक X हैंडल पर एक पोस्ट में दिल्ली पुलिस पर सत्ता के इशारे पर काम करने का आरोप लगाया।
यूथ कांग्रेस ने लिखा, “कल आधी रात को दिल्ली पुलिस द्वारा ड्यूटी मजिस्ट्रेट के सामने रिमांड बढ़ाने की अर्जी दी गई, जिसे न्यायालय ने अवैध बताते हुए खारिज कर दिया और हमारे अध्यक्ष उदय भानु चिब को जमानत पर रिहा करने का आदेश दिया था। एक पल के लिए लगा कि सत्ता का यह दमन अब रुकने वाला है, लेकिन दिल्ली पुलिस को ऊपर से कुछ और ही निर्देश थे।”
संगठन ने आगे कहा कि वे इस आदेश के खिलाफ हर संभव कानूनी कदम उठाएंगे और उनका संघर्ष अब और तेज होगा। पोस्ट में कहा गया, “जिस तरह दिल्ली पुलिस हमारे नेताओं और कार्यकर्ताओं को सलाखों के पीछे रखकर अपने आकाओं को भारत विरोधी ट्रेड डील पर पूछे जा रहे सवालों से बचाना चाहती है, उसमें वह कभी कामयाब नहीं होगी।”
AI समिट में प्रदर्शन के बाद हुई थी गिरफ्तारी
गौरतलब है कि हाल ही में दिल्ली के भारत मंडपम में एक बड़े AI समिट का आयोजन किया गया था, जिसमें दुनियाभर के नेता और उद्योगपति शामिल हुए थे। इसी दौरान यूथ कांग्रेस ने एक ‘युवा-किसान विरोधी ट्रेड डील’ का आरोप लगाते हुए जोरदार प्रदर्शन किया था, जिसके बाद पुलिस ने कार्रवाई करते हुए उदय भानु चिब समेत कई कार्यकर्ताओं को गिरफ्तार कर लिया था।
IYC अध्यक्ष उदय भानु चिब को तिहाड़ जेल भेजा गया।
कल आधी रात को दिल्ली पुलिस द्वारा ड्यूटी मजिस्ट्रेट के सामने रिमांड बढ़ाने की अर्जी दी गई, जिसे न्यायालय ने अवैध बताते हुए खारिज कर दिया और हमारे अध्यक्ष उदय भानु चिब को जमानत पर रिहा करने का आदेश दिया था।
एक पल के लिए लगा कि… pic.twitter.com/Oh1GxB8uRh
— Indian Youth Congress (@IYC) March 1, 2026






