नीमच में गुरुवार देर शाम केंद्रीय जांच ब्यूरो यानी CBI की अचानक कार्रवाई से नारकोटिक्स विभाग में हलचल मच गई। उदयपुर CBI की टीम ने केंद्रीय नारकोटिक्स ब्यूरो यानी CBN के वरिष्ठ अधिकारी सिद्धार्थ के सरकारी आवास पर छापा मारा। करीब 6 अधिकारियों की टीम इस कार्रवाई में शामिल रही, जिसमें एक महिला अधिकारी भी बताई जा रही हैं।
बताया जा रहा है कि यह कार्रवाई मादक पदार्थों से जुड़े एक संवेदनशील मामले में संदिग्ध लेनदेन की जानकारी सामने आने के बाद की गई। शुरुआती जानकारी के मुताबिक करीब 50 लाख रुपये की रकम के लेनदेन की जांच की जा रही है। खास बात यह है कि रकम सीधे अधिकारी के खाते में जाने के बजाय उनके एक करीबी रिश्तेदार के बैंक खाते में ऑनलाइन ट्रांसफर किए जाने की बात सामने आई है।
CBI की कार्रवाई से नारकोटिक्स विभाग में हड़कंप
CBI की टीम ने नीमच की CBN कॉलोनी स्थित सरकारी आवास पर पहुंचकर देर शाम जांच शुरू की। अचानक हुई इस कार्रवाई के बाद आसपास के इलाके में भी चर्चा तेज हो गई। टीम ने आवास के अलग-अलग हिस्सों में जांच की और जरूरी दस्तावेजों तथा इलेक्ट्रॉनिक सामान की पड़ताल की।
शुरुआती जानकारी के अनुसार, CBI की जांच का संबंध सीज किए गए ड्रग्स और मादक पदार्थों से जुड़े एक मामले से बताया जा रहा है। आरोपों की जांच इस एंगल से की जा रही है कि क्या किसी संवेदनशील मामले को दबाने या कार्रवाई को प्रभावित करने के लिए पैसों का लेनदेन किया गया था। हालांकि, जांच पूरी होने से पहले इस मामले में किसी व्यक्ति की भूमिका को दोषी मानना जल्दबाजी होगी।
50 लाख के संदिग्ध लेनदेन की जांच
इस मामले में सबसे महत्वपूर्ण कड़ी 50 लाख रुपये के बताए जा रहे संदिग्ध वित्तीय लेनदेन को माना जा रहा है। प्राथमिक जानकारी के अनुसार, रकम ऑनलाइन माध्यम से एक करीबी रिश्तेदार के बैंक खाते में पहुंचाई गई थी। CBI अब यह पता लगाने में जुटी है कि यह रकम किस वजह से ट्रांसफर की गई और इसका मादक पदार्थों से जुड़े मामले से कोई संबंध है या नहीं।
जांच एजेंसी वित्तीय लेनदेन से जुड़े रिकॉर्ड, बैंकिंग जानकारी और दूसरे दस्तावेजों की पड़ताल कर सकती है। अगर पैसों के लेनदेन और किसी सरकारी कार्रवाई के बीच सीधा संबंध सामने आता है, तो जांच आगे और लोगों तक भी पहुंच सकती है। फिलहाल इस पूरे मामले में CBI की जांच को ही सबसे अहम माना जा रहा है।
घर से दस्तावेज और इलेक्ट्रॉनिक सामान की जांच
छापेमारी के दौरान CBI टीम ने कई जरूरी दस्तावेज, डिजिटल लेनदेन से जुड़े रिकॉर्ड और इलेक्ट्रॉनिक गैजेट्स जब्त किए जाने की जानकारी सामने आई है। इन सामानों की जांच से यह पता लगाने की कोशिश की जा सकती है कि मामले में पैसों का लेनदेन किस तरह हुआ और इसमें कौन-कौन लोग जुड़े हो सकते हैं।
ऐसे मामलों में बैंक ट्रांजैक्शन, मोबाइल फोन, कंप्यूटर और दूसरे डिजिटल रिकॉर्ड जांच के लिए अहम हो सकते हैं। CBI की टीम बरामद सामग्री के आधार पर आगे की कार्रवाई कर सकती है। हालांकि, अभी तक जांच एजेंसी की ओर से इस छापे को लेकर विस्तृत आधिकारिक जानकारी सामने नहीं आई है।
नीमच में CBI की कार्रवाई के बाद आगे क्या?
नीमच में हुई इस CBI कार्रवाई के बाद अब जांच के अगले चरण पर नजर रहेगी। यदि जांच में संदिग्ध लेनदेन और मादक पदार्थों से जुड़े मामले के बीच कोई ठोस कड़ी मिलती है, तो कार्रवाई का दायरा बढ़ सकता है। इससे जुड़े अन्य अधिकारियों या लोगों से भी पूछताछ की जा सकती है।
कैलाश सारडा, नीमच






