हिंदू धर्म में एकादशी के पर्व का विशेष महत्व माना गया है। ये दिन भगवान विष्णु और माता लक्ष्मी की पूजा के लिए खास माना गया है। इस दिन किए गए पूजा पाठ और व्रत से जीवन में खुशहाली आती है। अगर आप अपने जीवन में सुख समृद्धि लाना चाहते हैं तो ये व्रत अवश्य करें।
धार्मिक मान्यताओं के मुताबिक भगवान विष्णु की कृपा से व्यक्ति के बिगड़े हुए काम बन जाते हैं। ऐसे में अगर विधि विधान से एकादशी का व्रत कर लिया जाए तो बहुत फायदा होता है। चलिए हम आपको इस दिन के शुभ मुहूर्त, व्रत पर बन रहे संयोग और भगवान विष्णु को प्रसन्न करने का तरीका बताते हैं।
एकादशी पर बन रहा शुभ संयोग
अपरा एकादशी के दिन शुभ संयोग बन रहे हैं जो जीवन में सुख समृद्धि लाने का काम करेंगे। इस दिन विषकुंभ और प्रीति योग का शुभ संयोग बन रहा है। विषकुंभ योग में तो शुभ काम नहीं किए जाते लेकिन प्रीति योग को इसके लिए श्रेष्ठ माना गया है। अगर आप चाहे तो चौघड़िया के मुहूर्त के हिसाब से भी पूजा कर सकते हैं।
दोपहर 2:33 से 3:27 तक विजय मुहूर्त रहने वाला है शाम 7:02 से 7:23 तक गोधूली मुहूर्त रहने वाला है। रात 11:56 से 12:38 तक निशिता मुहूर्त रहेगा।
कैसे करें विष्णु जी को प्रसन्न
एकादशी के दिन अगर आप भगवान विष्णु को प्रसन्न करना चाहते हैं तो इसके लिए कुछ आसान सा उपाय करना होंगे। सबसे पहले सुबह उठकर स्नान करने के बाद भगवान विष्णु और माता लक्ष्मी की पूजा करें। अब आपको उन्हें फल और मिठाई का भोग लगाना होगा। इतना याद रखें की भूख में तुलसी का पत्ता जरूर शामिल करें इसके बिना भगवान विष्णु भोग स्वीकार नहीं करते। श्री विष्णु प्रसन्न होते हैं और जातक के सारे काम बनने लगते हैं। इससे सुख समृद्धि में वृद्धि भी होने लगती है।
कब होगा व्रत का पारण
अपरा एकादशी का व्रत 13 मई यानी आज किया जा रहा है। इसका कारण 14 मई की सुबह 5:31 से लेकर 8:14 तक किया जा सकता है। इस दौरान आप किसी भी समय व्रत का पारण कर सकते हैं।
Disclaimer- यहां दी गई सूचना सामान्य जानकारी के आधार पर बताई गई है। इनके सत्य और सटीक होने का दावा MP Breaking News न्यूज़ नहीं करता।






