संबल योजना की राशि जारी करने और पीएम आवास दिलाने, ग्राम रोजगार सहायक ने मांगी रिश्वत, लोकायुक्त पुलिस ने रंगे हाथ दबोचा

आवेदक के पिता की मृत्यु हो जाने पर संबल योजना के अंतर्गत 2 लाख रुपये की स्वीकृत राशि आवेदक की माँ के खाते में स्थानांतरित करने के लिए ग्राम रोजगार सहायक चंद्र प्रकाश गुप्ता  30,000 रुपए रिश्वत की मांग कर रहा था
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Lokayukta police action : भ्रष्टाचार के खिलाफ सख्त एक्शन के निर्देश मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव ने दिए हुए हैं जिसके बाद से एजेंसियां लगातार कार्रवाई कर रही हैं, रीवा लोकायुक्त पुलिस ने आज एक कार्रवाई करते हुए भ्रष्ट ग्राम रोजगार सहायक को रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार किया है।

लोकायुक्त पुलिस रीवा संभाग एसपी योगेश्वर शर्मा से मिली जानकारी के मुतबिक शहडोल जिले के ग्राम छूदा पोस्ट करकी थाना तहसील जयसिंहनगर के निवासी ग्रामीण राजेश सिंह कंबर ने एक शिकायती आवेदन उनके कार्यालय में दिया था जिसमें रिश्वत मांगे जाने के आरोप थे।

2 लाख रुपये देखकर बिगड़ी नीयत, मांगी रिश्वत 

आवेदन में राजेश सिंह कंबर ने लिखा कि उनके पिता की मृत्यु हो जाने पर संबल योजना के अंतर्गत 2 लाख रुपये की  राशि स्वीकृत हुई थी जिसकी राशि मेरी माँ के खाते में स्थानांतरित करने के लिए रोजगार सहायक ग्राम पंचायत छुदा चंद्र प्रकाश गुप्ता 30,000 रुपए रिश्वत की मांग कर रहा है इसके अलावा वो प्रधान मंत्री आवास योजना अंतर्गत आवास का लाभ दिलवाने के लिए अलग से समग्र आईडी बनवाने के एवज में 3500 रुपये रिश्वत की मांग कर रहा है।

रिश्वत लेते लोकायुक्त पुलिस ने पकड़ा 

आवेदन मिलने के बाद शिकायत का सत्यापन कराया गया जिसमें आरोपी ग्राम रोजगार सहायक चंद्र प्रकाश गुप्ता ने शिकायतकर्ता राजेश सिंह कंबर से 33,500 रुपए रिश्वत की मांग की थी, इसके बाद आज 25 अप्रैल को रीवा की टीम ने आरोपी चंद्र प्रकाश गुप्ता को उसके निवास ग्राम में शिकायतकर्ता से प्रथम किश्त के 10,000 रुपए रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ पकड़ लिया।

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पत्रकारिता में तीन दशक से अधिक का अनुभव.

पत्रकारिता मेरे लिए एक मिशन है, हालाँकि आज की पत्रकारिता ना ब्रह्माण्ड के पहले पत्रकार देवर्षि नारद वाली है और ना ही गणेश शंकर विद्यार्थी वाली, फिर भी मेरा ऐसा मानना है कि यदि खबर को सिर्फ खबर ही रहने दिया जाये तो ये ही सही अर्थों में पत्रकारिता है और मैं इसी मिशन पर पिछले तीन दशकों से ज्यादा समय से लगा हुआ हूँ.... पत्रकारिता के इस भौतिकवादी युग में मेरे जीवन में कई उतार चढ़ाव आये, बहुत सी चुनौतियों का सामना करना पड़ा लेकिन इसके बाद भी ना मैं डरा और ना ही अपने रास्ते से हटा ....पत्रकारिता मेरे जीवन का वो हिस्सा है जिसमें सच्ची और सही ख़बरें मेरी पहचान हैं .... View all posts by Atul Saxena →
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