सरकारी जमीन के पट्टों की बंदर बांट, दिल्ली, हरियाणा और पंजाब के लोगों को बंट गए आदिवासियों के हक के पट्टे

सरकारी जमीन के पट्टों की बंदर बांट, दिल्ली, हरियाणा और पंजाब के लोगों को बंट गए आदिवासियों के हक के पट्टे

Sheopur News: मध्य प्रदेश के आदिवासी बहुल श्योपुर जिले में आदिवासियों के हक की जमीन बाहरी लोगों को दी गई है। इस बात का खुलासा विपक्ष ने नहीं बल्कि खुद जिले के कलेक्टर ने जांच पड़ताल के बाद किया है। अब कलेक्टर संजय कुमार इस मामले में कड़ी कार्रवाई करने की बात कह रहे हैं।

सरकारी जमीन के पट्टे दिल्ली, हरियाणा और पंजाब के लोगों के नाम

दो महीने पहले श्योपुर जिले में पदस्थ हुए कलेक्टर संजय कुमार लगातार एक के बाद एक कड़ी कार्रवाई कर रहे हैं। अभी कुछ दिन पहले ही उन्होंने एक निजी इंजीनियर के छापा मार कर मनरेगा से संबंधित 61 पंचायतों के दस्तावेज जप्त किए थे तो अब उन्होंने एक नया खुलासा किया है। उनका कहना है कि, “श्योपुर जिले में बहुसंख्या में सरकारी जमीन के पट्टे ऐसे लोगों को बांट दिए गए हैं जो मध्य प्रदेश के निवासी हैं ही नहीं। ऐसे लोगों में दिल्ली, हरियाणा और पंजाब के कई लोग शामिल हैं। इन लोगों ने सरकारी अधिकारियों और पटवारी से सांठगांठ करके यह जमीन अपने नाम कर ली और अब उसे बेचने की फिराक में लगे हुए हैं।”

कलेक्टर ने दी चेतावनी

कलेक्टर संजय कुमार ने ऐसे लोगों को सख्त चेतावनी दी है कि वह खुद आकर अपनी जमीन में सरेंडर करने वरना सरकार उनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई करेगी। संजय कुमार ने यह भी कहा कि, “अगर स्थानीय व्यक्ति सरकारी जमीन पर कब्जा करके उसका उपयोग करता है तो वह इतनी ज्यादा दिक्कत की बात नहीं है। लेकिन अगर बाहरी व्यक्ति आकर मध्य प्रदेश के जिले में जमीन पर कब्जा करता है और वह भी अवैधानिक तरीके से तो निश्चित रूप से किसी भी तरीके से यह क्षमायोग्य नहीं है। उन्होंने ऐसे लोगों को कड़ी चेतावनी देते हुए कार्रवाई करने की बात कही है। उन्होंने यह भी कहा कि, “इस मामले में जो भी अधिकारी या कर्मचारी दोषी है, भले ही वह रिटायर हो गए हो या अन्यत्र पदस्थ हो उनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।”

सरकारी तंत्र कटघरे में

अब इस पूरे मामले में सरकारी तंत्र ही कटघरे में है क्योंकि पट्टे देने की प्रक्रिया इतनी आसान नहीं होती और इस लंबी चौड़ी प्रक्रिया में कई अधिकारी-कर्मचारी संलिप्त रहते हैं।

Manisha Kumari Pandey
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