BJP नेता के कड़े तेवर, कलेक्टर से कहा 2 घंटे में न्याय चाहिए नहीं तो टेंट लगाकर यहीं दूंगा धरना 

BJP नेता के कड़े तेवर, कलेक्टर से कहा 2 घंटे में न्याय चाहिए नहीं तो टेंट लगाकर यहीं दूंगा धरना 

शिवपुरी ,शिवम पाण्डेय। मध्यप्रदेश में सरकार भाजपा (BJP) की है लेकिन अभी भी कुछ क्षेत्र ऐसे हैं जहाँ भाजपा नेताओं (BJP Leader) को आंदोलन की चेतावनी देनी पड़ रही है या आंदोलन करना पड़ रहा है।  ताजा मामला शिवपुरी जिले के पिछोर (Pichore) का हैं जहां पदस्थ तहसीलदार की मनमानी से परेशान क्षेत्रीय लोगों ने भाजपा नेता और पूर्व मुख्यमंत्री उमा भारती (Uma Bharti) के कट्टर समर्थक प्रीतम लोधी के साथ कलेक्टर से मुलाकात की और अपनी परेशानी बताई।  प्रीतम लोधी (Preetam Lodhi) ने कलेक्टर को  सख्त लहजे में चेतावनी दी  कि यदि दो  घंटे में कार्रवाई नहीं हुई तो यहीं धरने पर  बैठ जाऊंगा।

प्रदेश में सत्ता परिवर्तन के बाद भी पिछोर विधानसभा के पुलिस थानों में भाजपा कार्यकर्ताओं पर मुकदमे दर्ज करने का सिलसिला जारी है।  जिले के पिछोर विधानसभा से भाजपा के पूर्व प्रत्याशी रहे प्रीतम लोधी ने शिवपुरी पहुंचकर जनसुनवाई में पिछोर के कांग्रेस विधायक केपी सिंह (KP Singh)व तहसीलदार दीपक शुक्ला पर गंभीर आरोप लगाए। पूर्व मुख्यमंत्री उमा भारती समर्थक  भाजपा नेता प्रीतम लोधी का कहना है कि पिछोर विधायक के पी सिंह के कहने पर तहसीलदार दीपक शुक्ला द्वारा जबरन अतिक्रमण मुहिम में भाजपा नेताओं को टारगेट किया जाता है उन पर फर्जी केस लगाये जाते है, ट्रैक्टर ट्रॉली में फर्जी रेत भरकर  फर्जी केस लगाए जाते हैं, इससे कार्यकर्ताओ में आक्रोश है।

पिछोर से दो बार विधायक का चुनाव लड़ चुके भाजपा नेता प्रीतम लोधी अपने कार्यकर्ताओं को लेकर शिवपुरी  पहुंचे  कलेक्टर से जन सुनवाई में मुलाकात की।  उन्होंने कलेक्टर से कहा कि पिछोर भाजपा कार्यकर्ता परेशान हैं।  तहसीलदार पर कांग्रेस विधायक का हाथ है तो वे मनमानी  कर रहे हैं। प्रीतम लोधी ने कलेक्टर को चेतावनी देते हुए कहा कि यदि दो घंटे में समस्या का निराकरण नहीं हुआ तो यहीं धरने पर बैठ जाऊंगा। उधर मीडिया ने जब कलेक्टर से प्रीतम लोधी के आरोपों परसवाल किया तो उन्होंने कहा कि अलग अलग विभागों की बहुत समस्याएं बताई गई हैं तो उनकी जाँच कराकर निराकरण किया जायेगा. भजपा कार्यकर्ताओं पर इकतरफा कार्रवाई के सवाल पर कलेक्टर ने कहा कि ऐसा नहीं होना चाहिए यदि ऐसा है तो मैं दिखवा लेता हूँ. वहीँ तहसीलदार दीपक  शुक्ला को तबादले के बाद भी रिलीव नहीं किये जाने के सवाल पर उन्होंने कहा कि हमारे पास अधिकारियों की वैसे ही कमी हैं।  जैसे ही उनकी एवज में अधिकारी मिल जायेगा उन्हें रिलीव कर देंगे।

Atul Saxena
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पत्रकारिता में तीन दशक से अधिक का अनुभव.

पत्रकारिता मेरे लिए एक मिशन है, हालाँकि आज की पत्रकारिता ना ब्रह्माण्ड के पहले पत्रकार देवर्षि नारद वाली है और ना ही गणेश शंकर विद्यार्थी वाली, फिर भी मेरा ऐसा मानना है कि यदि खबर को सिर्फ खबर ही रहने दिया जाये तो ये ही सही अर्थों में पत्रकारिता है और मैं इसी मिशन पर पिछले तीन दशकों से ज्यादा समय से लगा हुआ हूँ.... पत्रकारिता के इस भौतिकवादी युग में मेरे जीवन में कई उतार चढ़ाव आये, बहुत सी चुनौतियों का सामना करना पड़ा लेकिन इसके बाद भी ना मैं डरा और ना ही अपने रास्ते से हटा ....पत्रकारिता मेरे जीवन का वो हिस्सा है जिसमें सच्ची और सही ख़बरें मेरी पहचान हैं .... View all posts by Atul Saxena →
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