
Yogi Adityanath
उत्तर प्रदेश सरकार और ब्रिटेन के फॉरेन कॉमनवेल्थ एंड डेवलपमेंट ऑफिस (FCDO) के बीच मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की उपस्थिति में एक ऐतिहासिक समझौता हुआ। इसके तहत ‘चिवनिंग-भारत रत्न श्री अटल बिहारी वाजपेयी उत्तर प्रदेश राज्य सरकार छात्रवृत्ति योजना’ की शुरुआत की गई।
इस योजना के तहत हर साल पांच मेधावी छात्रों को यूनाइटेड किंगडम के प्रतिष्ठित विश्वविद्यालयों में मास्टर डिग्री के लिए पूर्ण छात्रवृत्ति दी जाएगी। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने कहा कि यह छात्रवृत्ति योजना उत्तर प्रदेश की शिक्षा प्रणाली को नई दिशा देगी और युवाओं को वैश्विक नेतृत्व भूमिका के लिए तैयार करने का सशक्त माध्यम बनेगी।
चिवनिंग-यूपी छात्रवृत्ति योजना
उत्तर प्रदेश सरकार ने एक ऐतिहासिक कदम उठाते हुए यूनाइटेड किंगडम के फॉरेन कॉमनवेल्थ एंड डेवलपमेंट ऑफिस के साथ मिलकर ‘चिवनिंग-भारत रत्न श्री अटल बिहारी वाजपेयी उत्तर प्रदेश राज्य सरकार छात्रवृत्ति योजना’ की शुरुआत की है। मंगलवार को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की उपस्थिति में उनके सरकारी आवास पर इस समझौते पर हस्ताक्षर किए गए। इस योजना के तहत हर साल उत्तर प्रदेश के पांच प्रतिभाशाली छात्रों को यूके के प्रतिष्ठित विश्वविद्यालयों में मास्टर डिग्री के लिए पूर्ण छात्रवृत्ति प्रदान की जाएगी।
सीएम ने कहा ‘वैश्विक अवसर और शिक्षा प्रणाली को नई दिशा मिलेगी’
इस अवसर पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि यह योजना मेधावी छात्रों को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर शिक्षा, शोध और नेतृत्व में उत्कृष्टता हासिल करने का बेहतरीन अवसर देगी। उन्होंने कहा कि ‘भारत रत्न अटल बिहारी वाजपेयी जी की प्रेरणा से शुरू की गई यह पहल हमारे युवाओं को वैश्विक नेतृत्व की भूमिका निभाने के लिए तैयार करेगी।’ उन्होंने छात्रों से अपील की कि वे इस अवसर का लाभ उठाकर प्रदेश और देश का नाम रोशन करें।
पूर्ण पढ़ाई और खर्च का प्रावधान
इस नई चिवनिंग स्कॉलरशिप के तहत अगले तीन वर्षों तक हर साल पाँच छात्रों को यूके में पूर्ण छात्रवृत्ति पर पढ़ाई का अवसर मिलेगा। योजना शैक्षणिक सत्र 2025-26 से तीन वर्षों तक संचालित होगी और 2028-29 में इसे समीक्षा के बाद नवीनीकरण किया जाएगा। इसमें पूरी पढ़ाई और खर्च का प्रावधान इस छात्रवृत्ति में पूर्ण शिक्षण शुल्क, परियोजना व शोध शुल्क, रहने-खाने का भत्ता तथा यूके तक आने-जाने का हवाई किराया शामिल रहेगा। प्रत्येक छात्र पर लगभग 38,048 से 42,076 पाउंड (लगभग 45 लाख से 48 रुपए लाख) का खर्च आएगा। इसमें से उत्तर प्रदेश सरकार लगभग 19,800 पाउंड (23 लाख) वहन करेगी, शेष राशि का वहन एफसीडीओ यूके द्वारा किया जाएगा।
भारत-यूके संबंधों को नई ऊंचाई
ब्रिटिश हाई कमिश्नर लिंड्से कमर ने इस समझौते को भारत और यूके के बीच बढ़ते रिश्तों का प्रतीक बताया। उन्होंने कहा कि ‘लखनऊ में इस समझौते पर हस्ताक्षर करना गर्व का क्षण है। यह योजना अगले तीन वर्षों तक हर साल पांच मेधावी छात्रों को यूके में पढ़ाई का मौका देगी।’ उन्होंने हाल ही में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की यूके यात्रा का जिक्र करते हुए बताया कि दोनों देशों के बीच डायलॉग्स, टेक्नोलॉजी सिक्योरिटी इनिशिएटिव और विजन 35 जैसे समझौतों से शिक्षा और व्यापार के नए द्वार खुलेंगे। यह यूनाइटेड किंगडम और भारत के बीच बढ़ते रिश्तों का प्रतीक है।
पत्रकारिता में स्नातकोत्तर (M.J.), 2001. 2001 से 2013 तक ईटीवी हैदराबाद, सहारा न्यूज दिल्ली-भोपाल और लाइव इंडिया मुंबई में कार्य.

