लखनऊ: उत्तर प्रदेश में लोकसभा चुनाव से पहले मतदाता सूची को अंतिम रूप देने की प्रक्रिया एक बार फिर आगे बढ़ा दी गई है। राज्य के मुख्य चुनाव अधिकारी नवदीप रिणवा ने शुक्रवार को ऐलान किया कि वोटर लिस्ट के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) की तारीखों में एक महीने का विस्तार किया गया है। यह फैसला विभिन्न राजनीतिक दलों की मांग के बाद लिया गया है। अब राज्य की अंतिम मतदाता सूची 10 अप्रैल को जारी की जाएगी।
यह विस्तार उन लाखों नागरिकों के लिए एक और मौका है जो अपना नाम मतदाता सूची में जुड़वाना चाहते हैं या किसी तरह का संशोधन कराना चाहते हैं। चुनाव आयोग ने स्पष्ट किया है कि प्रक्रिया को पारदर्शी और समावेशी बनाने के लिए यह कदम उठाया गया है।
राजनीतिक दलों ने की थी समय बढ़ाने की मांग
मुख्य चुनाव अधिकारी नवदीप रिणवा ने बताया कि तारीख बढ़ाने का निर्णय यूं ही नहीं लिया गया। इसके पीछे राजनीतिक दलों की ओर से लगातार आ रही मांग एक बड़ी वजह थी।
“27 जनवरी को राजनीतिक दलों के साथ हुई बैठक में तारीख फिर से बढ़ाने की मांग आई थी और सभी इस पर सहमत थे कि समय बढ़ाया जाना चाहिए। इसीलिए इसमें एक महीने का समय बढ़ाया गया है।”- नवदीप रिणवा, मुख्य चुनाव अधिकारी, यूपी
उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि दावे और आपत्तियों के निपटारे के लिए पर्याप्त समय दिया जाएगा ताकि कोई भी योग्य नागरिक मतदान के अधिकार से वंचित न रहे।
जानिए क्या है नई समय-सारणी
चुनाव आयोग द्वारा जारी की गई संशोधित तिथियों के अनुसार, अब नागरिक अपने दावे और आपत्तियां 6 मार्च तक जमा कर सकते हैं। इसके तहत फॉर्म-6 (नया नाम जोड़ने के लिए), फॉर्म-7 (नाम हटाने के लिए) और फॉर्म-8 (संशोधन के लिए) जमा किए जा सकेंगे।
- फॉर्म जमा करने की अंतिम तिथि: 6 मार्च 2024
- नोटिस पर सुनवाई और निपटारे की प्रक्रिया: 27 मार्च 2024 तक
- अंतिम मतदाता सूची का प्रकाशन: 10 अप्रैल 2024
इस एक महीने की बढ़ी हुई अवधि में नोटिस का जवाब देने और सत्यापन के लिए भी समय मिलेगा, जिससे पूरी प्रक्रिया को त्रुटिरहित बनाया जा सके।
अब तक लाखों नए आवेदन प्राप्त
आंकड़ों पर नजर डालें तो इस पुनरीक्षण अभियान को लेकर लोगों में काफी उत्साह दिखा है। चुनाव आयोग के अनुसार, 6 जनवरी से 4 फरवरी के बीच ही नाम जुड़वाने के लिए 37,80,414 फॉर्म-6 प्राप्त हुए। वहीं, 82,684 फॉर्म-7 नाम हटाने के लिए जमा कराए गए। विशेष रूप से 5 फरवरी को सबसे अधिक आवेदन आए, जिस दिन 3 लाख से ज्यादा फॉर्म जमा हुए। इसके अलावा, विदेशों में रहने वाले 1073 भारतीय नागरिकों ने भी आवेदन किया है। जारी की गई ड्राफ्ट वोटर लिस्ट के अनुसार, प्रदेश में मतदाताओं की संख्या 12.55 करोड़ से अधिक थी, जिसमें अब और इजाफा होने की उम्मीद है।





