
भोपाल, डेस्क रिपोर्ट। कंगारू (kangaroo) ऑस्ट्रेलिया का राष्ट्रीय पशु है और वहां काफी संख्या में ये पाए जाते हैं। ये एक स्तनधारी पशु है अगली टांगें छोटी और पिछली लंबी होती हैं। इसी कारण ये उछल उछलकर चलते हैं। उछलते हुए अपनी पूंछ से बैलेंस बनाते हैं। इनकी विशेषता है मादा कंगारू में पाई जाने वाली थैली, जिसमें जन्म के बाद कई दिनों तक उसका बच्चा रहता है।
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कंगारू एक शाकाहारी जीव है और ज्यादातर फल पत्ते या घास पर जीवित रहता है। खास बात ये कि ये कई दिनों पर पानी के बगैर गुजारा कर लेता है। इसकी आंखें बहुत तेज होती है लेकिन ये सिर्फ चलित वस्तुओं को ही देख पाता है।कंगारू कूदते हुए चलते हैं और करीब 32 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से भाग सकते हैं। इनकी छलांग भी 15-20 फीट की हो सकती है। ये पानी में तैर भी लेते हैं। मादा कंगारू की यही खासियत उसे अन्य जानवरों से अलग करती है। उसके पेट में एक जेब जैसी थैली होती है जिसमें वो अपने बच्चे को रखती है।
मादा कंगारू का गर्भकाल सिर्फ 35 से 40 दिनों का होता है। इतने छोटे समय में कंगारू का बच्चा पूरी तरह विकसित नहीं हो पाता इसीलिए वो जन्म के बाद भी अपनी मां के पेट में बनी थैली में रहता है। बच्चे का विकास इसी थैली से शुरू होता है। यही कारण है कि कुछ बड़ा हो जाने के बाद भी बच्चा खुद को इस थैली में ही अधिक सुरक्षित महसूस करता है।आज जो वीडियो हम आपके लिए लेकर आए हैं, वो बड़ा ही क्यूट है। इसमें एक बच्चा कंगारू अपनी मां के पेट की थैली में जाने की कोशिश कर रहा है। इस कोशिश के दौरान वो दो तीन बार गिर भी पड़ता है लेकिन आखिरकार अपने सुरक्षा कवच में पहुंचने में कामयाब हो जाता है। वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल है और वाइल्ड लाइफ के शौकीन इसे बहुत पसंद कर रहे हैं।
https://twitter.com/lnterestingFuck/status/1551098401789399041?s=20&t=pzslZ8EObqWLLwd_XNAiow
पत्रकारिता में स्नातकोत्तर (M.J.), 2001. 2001 से 2013 तक ईटीवी हैदराबाद, सहारा न्यूज दिल्ली-भोपाल और लाइव इंडिया मुंबई में कार्य.

