मध्यप्रदेश के अशोकनगर ज़िले के चंदेरी क्षेत्र से एक बेहद ही दुखद ख़बर सामने आयी है। एक तरफ़ प्रदेशभर में गणेश चतुर्थी का त्योहार मनाया जा रहा है तो वहीं गणेश चतुर्थी के अगले ही दिन विक्रमपुर गाँव की चिंटिया मोहल्ले में कुएँ में डूबने से एक ही परिवार के चार सगे भाईयों की मौत हो गई। इस हादसे के बाद न सिर्फ़ परिवार बल्कि पूरा गाँव सदमे में है।
इस समय बच्चों की स्कूल की छुट्टी चल रही है, इस कारण घर में हसते खेलते चारों भाइयों ने खेत घूमने का प्लान बनाया था। लेकिन उन मासूमों को इस बात का कहा अंदाज़ा था कि खेत में मौत का हुआ उनका इंतज़ार कर रहा है।
मां मायके में और पिता गए थे मजदूरी पर
आपको बता दें, हादसे के वक़्त मासूमों के पिता बलवीर मज़दूरी के काम से बाहर गए हुए थे, जबकि उनकी माँ मायके में थी। दोपहर जब ज़्यादा समय होने के बाद बच्चे घर वापस नहीं लौटे तो परिजनों और ग्रामीणों ने उनकी खोजबीन शुरू की। बच्चों को खोजते-खोजते परिजन खेत की तरफ पहुँचे, देखा तो कुएँ में चारों बच्चों के शव तैरते हुए नजर आ रहे थे ।
एक-दूसरे को बचाने की कोशिश में हादसा
मृतक बच्चों की पहचान 9 वर्षीय देव, 7 वर्षीय त्रिवेद, 6 वर्षीय महादेव और 4 वर्षीय प्रियांश के रूप में हुई है। प्राथमिक जानकारी के अनुसार खेत में बने कुएं के पास खेलते समय किसी एक मासूम का पैर फिसल गया और वह पानी में गिर गया। अपने भाई को डूबता देख उसे बचाने के चक्कर में बाकी तीनों मासूम भी एक-एक करके कुएं में उतर गए। गहरे पानी और तैरना न आने के कारण चारों मासूम एक के बाद एक हादसे का शिकार हो गए।
जांच में जुटी पुलिस
घटना की सूचना मिलते ही पुलिस और स्थानीय प्रशासन की टीम तुरंत मौके पर पहुंची। पुलिस ने ग्रामीणों की मदद से चारों मासूमों के शवों को कुएं से बाहर निकलवाया और पंचनामा बनाकर पोस्टमार्टम के लिए अस्पताल भिजवाया। प्रशासनिक अधिकारियों ने पीड़ित परिवार को सांत्वना दी है और मामले की जांच शुरू कर दी है। इस दर्दनाक घटना से पूरे क्षेत्र में शोक की लहर है।






