अब भोपाल में मिला कोरोना का एक संदिग्ध, एम्स में भर्ती, जांच के लिए ब्लड सैंपल भेजे

अब भोपाल में मिला कोरोना का एक संदिग्ध, एम्स में भर्ती, जांच के लिए ब्लड सैंपल भेजे

भोपाल।

मध्यप्रदेश में एक के बाद एक कोरोना वायरस के संदिग्ध मिलने से हड़कंप मच गया है।ग्वालियर के बाद राजधानी भोपाल में कोरोना का एक संदिग्ध मिला है। फिलहाल छात्र की पहचान गुप्त रखी गई है और ब्लड सैंपल जांच के लिए पुणे भेजा गया है। जांच के बाद ही वायरस की पुष्टी हो पाएगी।वही गुरुवार को ग्वालियर में एक संदिग्ध मिला है जिसका ब्लैड सैंपल जांच के लिए पुणे भेजा गया है, उसकी भी रिपोर्ट आना बाकी है।

दऱअसल, भोपाल एम्स में भी कोरोना का एक संदिग्ध मरीज मिला है। उसे इलाज के लिए एम्स के मेडिसिन डिपार्टमेंट में बनाए गए आईसाेलेशन वार्ड में भर्ती किया गया है। उसके थ्राेट सुआब के सैंपल जांच के लिए एनआईवी पुणे भेजे गए हैं। एम्स के मेडिसिन डिपार्टमेंट के डाॅक्टर्स ने बताया कि यह युवक हाल ही में चीन से लौटा है। वह तेज बुखार, सर्दी, खांसी की शिकायत लेकर एम्स पहुंचा था। शुरुआती जांच में उसमें कोरोना संक्रमण के लक्षण मिले। इसके बाद उसे भर्ती किया गया है। फिलहाल रिपोर्ट का इंतजार है, इसके बाद ही पुष्टी हो पाएगी।फिलहाल डॉक्टरों ने मरीज की पहचान गुप्त रखी है।

अब भी मप्र के कई लोग फंसे है चीन में
चीन के कई इलाकों में कोरोना वायरस जमकर कहर ढा रहा है। चीन में अब तक सैकड़ों लोगों की मौत हो चुकी है। खरगोन के दो छात्र भी चीन में फंसे हुए है।दोनों छात्र वुहान में एक सप्ताह से कमरे में कैद हैं। दोनों चीन के शियान सिटी के हुबंई प्रोविंस में रहकर एमबीबीएस की पढ़ाई कर रहे हैं। छात्रों ने वीडियो जारी कर प्रधानमंत्री मोदी से वापस भारत लाने की गुहार लगाई है।वही शाजापुर के आदित्यनगर निवासी डॉ. जीवन सुना चीन के ग्वांगझोउ शहर में रहते हैं और प्रायवेट अस्पताल में डॉक्टर हैं।वे जहां रहते हैं, वहां भी कु छ मरीज सामने आने की जानकारी है लेक न क्षेत्र में वायरस का ज्यादा असर नहीं है। वायरस की वजह से ही उनकी भारत यात्रा भी टल गई है और वे घर नहीं आ पा रहे हैं। भारतीय दूतावास के अधिकारी लगातार उनके संपर्क में हैं।

सीएम ने दिया आश्वसान
कमलनाथ ने ट्वीट कर कहा कि प्रदेश के खरगोन ज़िले के तीन छात्रों के चीन में फंसे होने और मदद मांगने की जानकारी मिली है। हम विदेश मंत्रालय से आज ही अनुरोध करेंगे कि तत्काल इन छात्रों की सुरक्षित वापसी के इंतज़ाम किए जाये। उन्होंने कहा चीन में कोरोना वायरस के संक्रमण को देखते हुए इनके अलावा अन्य सभी भारतीयों को भी सुरक्षित वापस लाने के इंतज़ाम होना चाहिए।उन्होंने कहा कि प्रदेश के नागरिक कोरोना वायरस के संक्रमण को लेकर चिंतित ना हो।

Gaurav Sharma
लेखक के बारे में
Gaurav Sharma

निदेशक और संपादक

पत्रकारिता पेशा नहीं ज़िम्मेदारी है और जब बात ज़िम्मेदारी की होती है तब ईमानदारी और जवाबदारी से दूरी बनाना असंभव हो जाता है। एक पत्रकार की जवाबदारी समाज के लिए उतनी ही आवश्यक होती है जितनी परिवार के लिए क्यूंकि समाज का हर वर्ग हर शख्स पत्रकार पर आंख बंद कर उस तरह ही भरोसा करता है जितना एक परिवार का सदस्य करता है। पत्रकारिता मनुष्य को समाज के हर परिवेश हर घटनाक्रम से अवगत कराती है, यह इतनी व्यापक है कि जीवन का कोई भी पक्ष इससे अछूता नहीं है। यह समाज की विकृतियों का पर्दाफाश कर उन्हे नष्ट करने में हर वर्ग की मदद करती है। इसलिए पं. कमलापति त्रिपाठी ने लिखा है कि," ज्ञान और विज्ञान, दर्शन और साहित्य, कला और कारीगरी, राजनीति और अर्थनीति, समाजशास्त्र और इतिहास, संघर्ष तथा क्रांति, उत्थान और पतन, निर्माण और विनाश, प्रगति और दुर्गति के छोटे-बड़े प्रवाहों को प्रतिबिंबित करने में पत्रकारिता के समान दूसरा कौन सफल हो सकता है। View all posts by Gaurav Sharma →
Follow Us :GoogleNews