
CM Dr. Mohan Yadav, DGP Kailash Makwana
मध्य प्रदेश में पुलिस फोर्स को और मजबूत करने की तैयारी है। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने खंडवा जिले में नई पुलिस बटालियन बनाने की घोषणा की है। इसके साथ ही राज्य औद्योगिक सुरक्षा बल के रूप में तीन नई बटालियन बनाई जाएंगी। इन नई बटालियनों में बैगा, भारिया और सहरिया वर्ग की कंपनियां भी शामिल होंगी। इससे इन वर्गों के युवाओं के लिए पुलिस सेवा में नए अवसर तैयार होंगे।
सीएम डॉ. मोहन यादव ने सोमवार को भोपाल के रवींद्र भवन में मध्य प्रदेश पुलिस की नई भर्ती और पदोन्नति को लेकर आयोजित आभार प्रदर्शन समारोह में ये घोषणाएं कीं। इस दौरान उन्होंने नई भर्ती में चयनित पुलिसकर्मियों को नियुक्ति पत्र दिए और पदोन्नत अधिकारियों-कर्मचारियों को बैज लगाए।
27 हजार से ज्यादा पुलिसकर्मियों को मिला प्रमोशन
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि पुलिस विभाग के 58 संवर्गों में 27 हजार 534 अधिकारियों और कर्मचारियों को पदोन्नति का लाभ दिया गया है। इनमें 30 रक्षित निरीक्षक पदोन्नत होकर DSP बने हैं।सीएम ने कहा कि पदोन्नति की प्रक्रिया लागू होने में लंबा समय लगने के कारण करीब 20 हजार पुलिसकर्मी इस लाभ से पहले ही रिटायर हो गए, इसका उन्हें मलाल है। उन्होंने कहा कि पुलिसकर्मी अपनी क्षमता और योग्यता के दम पर आगे बढ़ रहे हैं।
मुख्यमंत्री ने पुलिसकर्मियों से कहा कि वे अपनी ड्यूटी पूरी जिम्मेदारी से निभाएं, सरकार उनके परिवारों के प्रति अपने दायित्वों को निभाएगी। उन्होंने मध्य प्रदेश पुलिस की कार्यशैली की तारीफ करते हुए चंबल में दस्यु समस्या और प्रदेश में नक्सलवाद के खिलाफ की गई कार्रवाई का भी जिक्र किया।
पुलिस में बड़े स्तर पर जारी रहेगी भर्ती
सीएम ने कहा मध्य प्रदेश पुलिस में आने वाले समय में भी नई भर्तियां जारी रहेंगी। मुख्यमंत्री के मुताबिक वर्ष 2023 से अब तक अलग-अलग संवर्गों में 14 हजार से ज्यादा अभ्यर्थियों का चयन किया जा चुका है। पुलिस बैंड और FSL की भर्ती भी अंतिम दौर में है। वर्ष 2026 में भी विभिन्न पदों पर हजारों पुलिसकर्मियों की भर्ती को मंजूरी दी गई है। सीएम ने कहा कि सरकार की कोशिश अगले दो साल में आरक्षक और सब इंस्पेक्टर के बाकी पदों पर भी भर्ती पूरी करने की है। भर्ती प्रक्रिया को पूरी पारदर्शिता के साथ आगे बढ़ाया जाएगा।
सिंहस्थ 2028 के लिए भी तैयार होगा नया पुलिस बल
पुलिस महानिदेशक कैलाश मकवाना ने कहा कि नई भर्तियों से प्रदेश में आंतरिक सुरक्षा और अपराध नियंत्रण को मजबूती मिलेगी। इसका फायदा सिंहस्थ 2028 की सुरक्षा व्यवस्था में भी मिलेगा। पिछले दो वर्षों में पुलिस विभाग में बड़े स्तर पर नई नियुक्तियां हुई हैं। प्रशिक्षण पूरा करने के बाद यह पुलिस बल सिंहस्थ की ड्यूटी के लिए भी उपलब्ध होगा। प्रदेश की सभी पुलिस इकाइयों को पुलिस बैंड उपलब्ध कराने की दिशा में भी भर्ती प्रक्रिया चल रही है।
FSL और हॉक फोर्स भी होगी मजबूत
DGP ने कहा नए आपराधिक कानून लागू होने के बाद फॉरेंसिक जांच की भूमिका बढ़ी है। इसे देखते हुए FSL में नई भर्ती को भी मंजूरी दी गई है। वहीं हॉक फोर्स में 325 पद और विशेष सहयोगी दस्ते में 882 पदों पर भर्ती की गई है। डीजीपी ने कहा कि नक्सलवाद के खिलाफ कार्रवाई में हॉक फोर्स की महत्वपूर्ण भूमिका रही है। नई भर्ती और पुलिस बल के विस्तार से आने वाली सुरक्षा चुनौतियों से निपटने की क्षमता और बढ़ेगी।
प्रमोशन मिलने पर पुलिसकर्मियों ने साझा की खुशी
समारोह में पदोन्नत पुलिस अधिकारियों और कर्मचारियों ने अपने अनुभव भी साझा किए। उज्जैन में पदस्थ डीएसपी दीपिका शिंदे ने कहा कि कई पुलिसकर्मी दो दशक से सेवा दे रहे हैं और उनके परिवार के सपने भी उनकी पदोन्नति से जुड़े होते हैं। तीन साल तक कार्यवाहक DSP रहने के बाद उन्हें पदोन्नति मिली है।
निरीक्षक रीना चौहान ने बताया कि उनके परिवार के तीन सदस्यों को पदोन्नति प्रक्रिया का लाभ मिला है। प्रशिक्षु डीएसपी विनय कुमार डहरवाल ने बालाघाट के नक्सल प्रभावित क्षेत्र से निकलकर पुलिस सेवा तक पहुंचने का अपना अनुभव बताया। वहीं नई भर्ती में चयनित आस्था शर्मा ने कहा कि शादी और बच्चों के बाद पुलिस विभाग में चयन होना उनके लिए अपने बचपन के सपने के पूरा होने जैसा है।
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि मध्य प्रदेश पुलिस देश की बेहतर पुलिस फोर्स में शामिल है। पुलिस अधिकारियों और जवानों ने हर चुनौती में अपनी जिम्मेदारी निभाई है और सरकार पुलिसकर्मियों के कल्याण के लिए उनके साथ खड़ी है।
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने ‘आभार एवं सम्मान समारोह’ में बटालियन के गठन समेत अन्य महत्वपूर्ण घोषणाएं कीं।@DrMohanYadav51 @mohdept #CMMadhyaPradesh pic.twitter.com/HQwlSw3esd
— Chief Minister, MP (@CMMadhyaPradesh) August 10, 2026
पत्रकारिता में तीन दशक से अधिक का अनुभव.

