Lok Sabha Election 2024: भिंड जिला पंचायत के सीईओ से नाराज 400 सरपंचों ने चुनाव के बहिष्कार की कही बात, जानें आखिर किस चीज को लेकर है नाराजगी?

Lok Sabha Election 2024: कई गांव के सरपंचों ने भिंड जिला पंचायत के सीईओ पर आरोप लगाया है कि उन्होंने सचिवों की बैठक में सरपंचों के प्रति अपशब्दों का उपयोग किया। इसके साथ ही सरपंचों का कहना है कि जिला पंचायत के सीईओ वहाँ काम करने में बाधा डाल रहे हैं, इसलिए सभी सरपंचों ने एक साथ उनके खिलाफ आवाज़ उठाई है।
Lok Sabha Election 2024: भिंड जिला पंचायत के सीईओ से नाराज 400 सरपंचों ने चुनाव के बहिष्कार की कही बात, जानें आखिर किस चीज को लेकर है नाराजगी?

Lok Sabha Election 2024: मध्य प्रदेश के चंबल क्षेत्र के भिंड जिले में, कई गांव के सरपंचों ने सामूहिक रूप से लोकसभा चुनाव के बहिष्कार की बात कही है, जानकारी के अनुसार जिला पंचायत के सीईओ के खिलाफ अपनी असंतुष्टि व्यक्त करते हुए यह बहिष्कार किया जा सकता हैं। लगभग 400 सरपंच एक प्राइवेट मैरिज गार्डन में इटावा रोड पर एकत्रित हुए, वहीं इस मीटिंग के दौरान लोकसभा चुनाव के बहिष्कार को लेकर सभी सरपंचो में बातचीत की गई।

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बहिष्कार की क्या है वजह?

दरअसल सच्चाई यह है कि भिंड जिले के सरपंच सीईओ जगदीश गोमे के खिलाफ जिले के सभी सरपंच आपसी नाराजगी का सामना कर रहे हैं। उनका मानना है कि जिला पंचायत सीईओ ने सरपंचों के प्रति अनुचित व्यवहार किया है और उन्हें पंचायतों में काम नहीं करने दिया जा रहा है। उन्होंने आरोप लगाया है कि सीईओ ने सरपंचों को अपमानित किया और उनकी प्रशासनिक क्षमताओं को खतरे में डाला। इस परिस्थिति में, सभी सरपंच एकसाथ मिलकर अपनी आपत्ति प्रकट कर रहे हैं।

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400 सरपंचों ने एकजुट होकर लिया निर्णय:

जानकारी के अनुसार लगभग 400 सरपंचों ने एक निजी मैरिज गार्डन में एकजुट होकर समीक्षा बैठक की और निर्णय लिया कि जिला पंचायत के सीईओ को भिंड से निकालकर अन्य स्थान पर तबादला किया जाना चाहिए और उनकी मांगों को पूरा किया जाना चाहिए। अगर इस पर कार्रवाई नहीं की गई, तो सभी सरपंच लोकसभा चुनाव को बहिष्कृत करने का विकल्प चुनेंगे।

जनता के बीच भी देंगे यह संदेश:

इसके अतिरिक्त, वे अपने गाँव में जा कर जनता के बीच यह संदेश भी प्रस्तुत करेंगे कि जनता को भी उनका समर्थन करना चाहिए और चुनाव का बहिष्कार करना चाहिए। हालांकि, जिला पंचायत सीईओ की तरफ से इस मामले में कोई प्रतिक्रिया अभी तक नहीं आई है, लेकिन वहाँ जिला प्रशासन मतदान का प्रतिशत बढ़ाने के लिए काम कर रहा है। इसके साथ ही, सरपंचों द्वारा चुनाव के बहिष्कार का ऐलान करने से मतदान प्रतिशत पर असर होने की चिंता भी दर्शाई जा रही है।

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Rishabh Namdev

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मैं ऋषभ नामदेव खेल से लेकर राजनीति तक हर तरह की खबर लिखने में सक्षम हूं। मैं जर्नलिज्म की फील्ड में पिछले 4 साल से काम कर रहा हूं। View all posts by Rishabh Namdev →
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