पूर्व केंद्रीय मंत्री और कांग्रेस के दिग्गज नेता का कोरोना वायरस से निधन

पूर्व केंद्रीय मंत्री और कांग्रेस के दिग्गज नेता का कोरोना वायरस से निधन

लद्दाख।कोरोना संकटकाल और लॉकडाउन के बीच एक बड़ी खबर मिल रही है।पूर्व केंद्रीय मंत्री कांग्रेस के दिग्गज नेता पी नामग्याल का निधन हो गया है।नामग्याल कई बीमारियों के साथ-साथ कोरोना वायरस (Covid-19) से भी ग्रसित थे। मौत के बाद उनका सैंपल लिया गया था जिसकी रिपोर्ट पॉजिटिव आई है। उनके निधन के बाद लद्दाख समेत कांग्रेस में शोक लहर दौड़ गई है।वह 83 वर्ष के थे और उनके परिवार उनकी पत्नी और तीन बेटियों हैं

वे लद्दाख से तीन बार सांसद रहे थे। नामग्याल लद्दाख में बौद्धों के बीच बहुत सम्मानित नेता थे। इसके साथ ही उनकी पहचान एक सामाजिक कार्यकर्ता के रूप में भी थी।नामग्याल खेल और संगीत में भी रुचि रखते थे। उन्होंने तत्कालीन जम्मू और कश्मीर राज्य में राज्य महासचिव और महासचिव के रूप में भी काम किया।नामग्याल 1960-73 और 1974-80 तक सातवीं लोकसभा के लिए। चुने जाने तक तत्कालीन जम्मू और कश्मीर विधान परिषद के सदस्य रहे थे। चार साल बाद 1984 में एक बार फिर उन्हें लोकसभा के लिए चुना गया और उन्होंने केंद्र सरकार को 1988-89 के बीच केंद्रीय उप मंत्री के रूप में नियुक्त किया गया। वह 1996 में तीसरी बार लोकसभा के लिए चुने गए थे।

संसद में विपक्ष के नेता गुलाम नबी आजाद ने कहा कि पार्टी के विभिन्न पदों पर रहने वाले नामग्याल जम्मू-कश्मीर विधान परिषद में दो बार सदस्य रहे। तीन बार सांसद रहते हुए उन्होंने कई मंत्रालयोें में उत्कृष्ट सेवाएं दीं। उन्हें भुलाया नहीं जा सकता। लेह के सांसद भाजपा नेता जाम्यांग सेरिंग नामग्याल ने कहा कि पूर्व केंद्रीय मंत्री का निधन बेहद दुखद है। कहा कि उन्होंने लद्दाख के विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। लद्दाख के कई अन्य नेताओं ने भी गहरा शोक जताया। वहीं, नेशनल कांफ्रेंस के नेता बाबू राम पाल, बृज मोहन शर्मा, मोहम्मद हुसैन सहित अन्य नेताओं ने कहा कि नामग्याल के नेतृत्व ने जम्मू-कश्मीर और देश की विधायिका में अमिट छाप छोड़ी है।

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