
Commercial LPG cylinder
ईरान, इजरायल, अमेरिका के बीच चल रहे युद्ध के चलते आये ईंधन संकट के बीच केंद्र की मोदी सरकार ने एक बड़ा फैसला लिया है, सरकार ने व्यापार उद्योग जगत को बड़ी राहत देते हुए कमर्शियल LPG के आवनातन को बढ़ा दिया है, सरकार ने राज्यों के वाणिज्यिक एलपीजी आवंटन को बढ़ाकर 70% करने का निर्णय लिया है, जिसमें से 20% आवंटन इस्पात, ऑटोमोबाइल, वस्त्र और अन्य श्रम प्रधान उद्योगों को दिया जाएगा।
पेट्रोलियम एवं प्राकृतिक गैस मंत्री हरदीप सिंह पुरी ने सोशल मीडिया पर इसकी जानकारी साझा करते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का आभार जताया है और उनके फैसले की सराहना की है, केंद्रीय मंत्री ने X पर लिखा – “जब दुनिया के बाकी देश ऑड- ईवन, फोर डे वीक वर्क, स्कूल और ऑफिस बंद करने और ईंधन की कीमतों में 20-30% की वृद्धि जैसे कड़े फैसले ले रहे हैं तब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भारत ऊर्जा सुरक्षा, उपलब्धता और सामर्थ्य का एक आदर्श उदाहरण बना हुआ है।”
कमर्शियल LPG का कोटा बढ़कर 70 प्रतिशत हुआ
केंद्री मंत्री हरदीप पूरी ने सरकार के फैसले का जिक्र करते हुए आगे लिखा- “वाणिज्यिक एलपीजी (commercial LPG) की आपूर्ति को आसान बनाने के लिए एक और कदम उठाते हुए भारत सरकार ने राज्यों के वाणिज्यिक एलपीजी आवंटन को बढ़ाकर 70% करने का निर्णय लिया है, जिसमें से 20% आवंटन इस्पात, ऑटोमोबाइल, वस्त्र और अन्य श्रम प्रधान उद्योगों को दिया जाएगा। उन उद्योगों को प्राथमिकता दी जाएगी जहां पाइप वाली गैस विकल्प नहीं है।”
अभी मिल रहा था 50 प्रतिशत कोटा
उल्लेखनीय है कि संकट काल में सरकार ने घरेलू उपभोक्ताओं को प्राथमिकता देते हुए और LPG सप्लाई को निर्बाध बनाने के लिए कमर्शियल एलपीजी के आवंटन में कटौती की थी, पहले इसे 30 प्रतिशत किया गया फिर इसमें 23 मार्च को वृद्धि करते हुए इसे 30 से 50 प्रतिशत किया गया और अब इसे 70 प्रतिशत कर दिया गया है, आवंटन बढ़ने से दुकानदारों और उद्योगों को बड़ी राहत मिलेगी।
When rest of the world has been taking drastic fuel conservation measures such as odd-even, 4 day work weeks, school and office closures and increasing fuel prices by 20-30%, India under PM @narendramodi Ji remains an oasis of energy security, availability and affordability.… pic.twitter.com/5aTZfGiKGE
— Hardeep Singh Puri (@HardeepSPuri) March 27, 2026
पत्रकारिता में तीन दशक से अधिक का अनुभव.

