ITR फाइल करते समय रखें इन 5 अलाउंससेस का ध्यान, बढ़ा सकते हैं अपनी टैक्स सेविंग

ITR फाइल करते समय रखें इन 5 अलाउंससेस का ध्यान, बढ़ा सकते हैं अपनी टैक्स सेविंग

ITR Filing : अलाउंससेस यानि की भत्ते, वह फाइनेंशियल बेनिफिट्स होते हैं, जो एक सैलरी पर काम करने वाले व्यक्ति को अपने नियोक्ता (Employer) से प्राप्त होते हैं। ये कई कैटेगरीज में विभाजित हैं और इसके लिए एक कर्मचारी की तरफ से मासिक रूप से दावा किया जा सकता है। अलाउंससेस आईटीआर फाइल करते समय बचत में भी काफी मददगार साबित होते हैं। इसमें नेट टैक्स ड्यू (देय) का डेटा, टैक्स में कटौती के दावे और कुल टैक्स योग्य इनकम शामिल होती है।

अलाउंससेस तीन प्रकार के होते हैं, जिसमें कर योग्य, आंशिक रूप से कर योग्य और गैर-कर योग्य शामिल हैं। इनमें धारा 10 के तहत मिलने वाले अलाउंससेस काफी पॉपुलर हैं, जो सैलरी पर काम करने वाले लोगों को उनके एम्प्लॉयर्स से प्राप्त होते हैं। इन अलाउंससेस की डिटेल्स फॉर्म 16 में लिस्टेड होती है. फॉर्म 16 एक आधिकारिक डॉक्यूमेंट होता है, जिसमें सोर्स पर कर कटौती (TDS), धारा 10 के तहत छूट वाले अलाउंससेस और सैलरी डिटेल्स होती हैं। यह निर्धारित अवधि के दौरान आईटीआर फाइल करने के लिए जरूरी डॉक्यूमेंट है। आइये जानते हैं कि आप किन-किन अलाउंससेस के तहत अपनी टैक्स सेविंग को बढ़ा सकते हैं, लेकिन उससे पहले याद रहे कि आईटीआर फाइल करने की आखिरी तारीख 31 जुलाई 2023 है इसलिए किसी भी तरह की परेशानी से बचने के लिए डेडलाइन से पहले अपना आईटीआर जरूर फाइल कर दें.

मकान किराया भत्ता (House Rent Allowance (HRA))

सैलरी पर काम करने वाले लोग, जो किराए के घर में रह रहे हैं, वह एचआरए कर छूट का दावा करने के लिए पात्र हैं। यदि आप मेट्रो क्षेत्र में रहते हैं, तो आपको अपनी सैलरी का कुल 50% (बेसिक सैलरी + महंगाई भत्ता (DA)), या यदि आप गैर-मेट्रो क्षेत्र में रहते हैं तो 40% प्राप्त होगा। दूसरा, अतिरिक्त किराया भुगतान जो वार्षिक आय (बेस सैलरी प्लस डीए) के 10% से ज्यादा हो।

ट्रेवल असिस्टेंस या रियायतें (Concessions)

भारत में छुट्टियों के लिए कर्मचारी के ट्रेवल एक्सपेंसेस को टैक्स-फ्री एक्सपेंसेस के रूप में गिना जाता है। कर्मचारी यात्रा के लिए काम से छुट्टी ले सकते हैं, और कंपनी उन्हें टैक्स-फ्री अलाउंसेस के रूप में उनके ट्रेवल एक्सपेंसेस की प्रतिपूर्ति करेगी। एलटीए का दावा करने के लिए परिवहन के साधन के रूप में ट्रेन, विमान या सार्वजनिक परिवहन का इस्तेमाल किया जाना चाहिए।

बच्चों का शिक्षा भत्ता

अधिकतम दो बच्चों के लिए 100 रुपये प्रति माह प्रति बच्चा तक का भुगतान मुक्त है।

यूनिफार्म अलाउंस

ऑफिस या रोजगार-संबंधी जिम्मेदारियां निभाते समय पहनी जाने वाली यूनिफार्म को बनाए रखने या प्राप्त करने के लिए होने वाले खर्च की वास्तविक राशि से छूट दी गई है।

पुस्तकें और आवधिक भत्ता (Books and Periodical Allowance)

आयकर कानून के अनुसार, पुस्तकों, समाचार पत्रों, पत्रिकाओं, पत्रिकाओं आदि के लिए किए गए खर्चों की प्रतिपूर्ति टैक्स-फ्री होती है। प्रतिपूर्ति की गई राशि बिल राशि या कंपनसेशन पैकेज में शामिल राशि से कम होती है।

डिस्क्लेमर: ऊपर दी गई जानकारी इंटरनेट पर उपलब्ध विभिन्न स्रोतों के माध्यम से एकत्रित की गई है। विशेषज्ञ की सलाह लेकर की काम करें

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निदेशक और संपादक

पत्रकारिता पेशा नहीं ज़िम्मेदारी है और जब बात ज़िम्मेदारी की होती है तब ईमानदारी और जवाबदारी से दूरी बनाना असंभव हो जाता है। एक पत्रकार की जवाबदारी समाज के लिए उतनी ही आवश्यक होती है जितनी परिवार के लिए क्यूंकि समाज का हर वर्ग हर शख्स पत्रकार पर आंख बंद कर उस तरह ही भरोसा करता है जितना एक परिवार का सदस्य करता है। पत्रकारिता मनुष्य को समाज के हर परिवेश हर घटनाक्रम से अवगत कराती है, यह इतनी व्यापक है कि जीवन का कोई भी पक्ष इससे अछूता नहीं है। यह समाज की विकृतियों का पर्दाफाश कर उन्हे नष्ट करने में हर वर्ग की मदद करती है। इसलिए पं. कमलापति त्रिपाठी ने लिखा है कि," ज्ञान और विज्ञान, दर्शन और साहित्य, कला और कारीगरी, राजनीति और अर्थनीति, समाजशास्त्र और इतिहास, संघर्ष तथा क्रांति, उत्थान और पतन, निर्माण और विनाश, प्रगति और दुर्गति के छोटे-बड़े प्रवाहों को प्रतिबिंबित करने में पत्रकारिता के समान दूसरा कौन सफल हो सकता है। View all posts by Gaurav Sharma →
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