कृषि कानून : भाजपा विधायक सिसोदिया ने गिनाये फायदे, कहा- इससे किसानों की आय बढ़ेगी

कृषि कानून : भाजपा विधायक सिसोदिया ने गिनाये फायदे, कहा- इससे किसानों की आय बढ़ेगी

रतलाम, सुशील खरे| दिल्ली में चल रहे किसान आंदोलन (Farmer Protest) और नए कृषि कानून (New Farm Laws) को लेकर विपक्षी पार्टी एवं किसान संगठनों के निशाने पर केन्द्र सरकार भले ही निशाने पर है लेकिन सरकार इससे पीछे हटने के मुड़ में नही है। दो दिन में जिला मुख्यालय पर दो बार भाजपा (BJP) द्वारा प्रेसवार्ता कर कृषि कानूनों के फायदे गिनाकर इसे क्रांतिकारी कानून बताया है।

सोमवार को रांगोली सभागृह में आयोजित प्रेसवार्ता में मंदसौर विधायक यशपालसिंह सिसोदिया (Yashpal Singh Sisodiya) ने कहा कि नया कृषि कानून पूरी तरह से किसानों के हित में हैं। रविवार को उज्जैन सांसद अनिल फिरोजिया ने भी ने इसी मामले में भाजपा के जिला सम्मेलन में भाग लेकर मीडिया से चर्चा की थी। विधायक सिसोदिया ने इन कानूनों के फायदे गिनाते हुए कहा कि इन कृषि कानूनों से किसानों की आय बढ़ेगी और उनके जीवन स्तर में बदलाव आएगा। इससे किसानों को बिचौलियों से राहत प्राप्त होगी और किसान जहां चाहे अपनी फसल बेच सकते हैं। इसके लिए न्यूनतम समर्थन मूल्य का जो प्रावधान है वह पूर्व की भांति जारी रहेगा।

आगे उन्होंने कहा कि देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी किसानों सहित देश के हर वर्ग के उत्थान के लिए प्रतिबद्ध हैं। सिसोदिया ने कृषि कानूनों को लेकर कांग्रेस और विपक्षी पार्टियों के विरोध को भी राजनीति से प्रेरित बताया। उन्होंने कहा कि 2012 में खुद कांग्रेस सरकार में मंत्री रहे कपिल सिब्बल ने संसद में दिए बयान में कृषि कानूनों में सुधार करके किसानों को बिचौलियों से निजात दिलाने की बात कही थी। वर्तमान में जब मोदी सरकार किसानों के हित में उक्त कानून लेकर आई है तो कांग्रेस एवं वामपंथी के साथ विदेशी ताकते भ्रम फैलाकर अराजकता फैला रही है। कहा कि किसानों को कांग्रेस पार्टी के संदेहास्पद प्रचार में नहीं आना चाहिए।

विधायक सिसोदिया ने किसान नेता राकेश टिकैत को भी षडयंत्र का हिस्सा बताते हुए कहा कि उन्हौने भी संसद में बिल पास होने के बाद इसे फायदेमंद बताया था ,अब वो इसको लेकर आंदोलित है। राष्ट्रीय स्वंय सेवक संघ से जुड़े भारतीस किसान संघ एवं स्वदेशी जागरण मंच द्वारा भी नए कानून में खामियां बताने को लेकर किए गए एक सवाल के जवाब में सिसोदिया बताया कि दोनो सदनो से बहस के बाद कानून पारित होने के बाद भी इसको लेकर सरकार ने संवाद जारी रखा हुआ है। इस अवसर पर रतलाम शहर विधायक चैतन्य काश्यप, जिला प्रवक्ता अरुण रॉओ, मंडल अध्यक्ष करण धीर बड़गोत्या भी उपस्थित थे।

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