पूर्व आईएफएस ने की एसीएस के खिलाफ गैर इरादतन हत्या का केस दर्ज करने की मांग, सीएम को लिखा पत्र

पूर्व आईएफएस ने की एसीएस के खिलाफ गैर इरादतन हत्या का केस दर्ज करने की मांग, सीएम को लिखा पत्र

भोपाल, डेस्क रिपोर्ट। मध्यप्रदेश के पूर्व आईएफएस (Former IFS) अधिकारी ने स्वास्थ्य विभाग के अपर मुख्य सचिव एसीएस (ACS) के खिलाफ  गैर इरादतन हत्या का मामला दर्ज करने की मांग की है। पूर्व आईएफएस (Former IFS) अधिकारी ने सीएम शिवराज सिंह चौहान (CM Shivraj Singh Chauhan) को लिखकर कहा है कि पिछले 12 दिनों में ऑक्सीजन (Oxygen) की कमी से प्रदेश में 46 मरीजों की मौत हो गई इसके लिए एसीएस स्वास्थ (ACS Health) जिम्मेदार हैं इसलिए उन्हें तत्काल उनके पद से हटाकर उनके विरुद्ध गैर इरादतन हत्या का मुकदमा दर्ज कराया  जाये।

अपने बयानों और कार्यशैली के लिए चर्चित रहे पूर्व आईएफएस (Former IFS) अधिकारी आजाद सिंह डबास (Azad Singh Dabas) सिस्टम परिवर्तन अभियान के अध्यक्ष हैं , उन्होंने अपनी संस्था के लैटर हेड पर सीएम शिवराज सिंह चौहान (CM Shivraj Singh Chauhan) को पत्र लिखकर स्वास्थ्य विभाग के अपर मुख्य सचिव एसीएस मोहम्मद सुलेमान (ACS Health Mohammad Suleman) को हटाने के लिये पत्र लिखा है।  डबास ने पत्र में लिखा कि ऑक्सीजन की कमी के कारन शहडोल मेडिकल कॉलेज अस्पताल में रविवार को 16 मरीजों की मौत हो गई, रविवार रात को ही नीमच में भी ऑक्सीजन की कमी से 2 मरीजों की मौत हो गई।  पिछले 12 दिनों में अब तक ऑक्सीजन की कमी से 46 कोरोना मरीजों की मौत हो चुकी है।

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पत्र में डबास ने लिखा कि मोहम्मद सुलेमान पिछले एक साल से स्वास्थ्य विभाग में पदस्थ हैं।  चूँकि तीन माह की अवधि ही किसी विभाग को समझने के लिए पर्याप्त होती है लेकिन एक साल बीत जाने के बाद भी अपर मुख्य सचिव होने के नाते मोहम्मद सुलेमान नाकाम साबित हुए हैं अतः उन्हें तत्काल पद से हटाकर उनके विरुद्ध गैर इरादतन हत्या  का मुकदमा दर्ज कराया जाये जिससे दूसरे वरिष्ठ अधिकारियों  को उचित सन्देश दिया जा सके।

Atul Saxena
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पत्रकारिता में तीन दशक से अधिक का अनुभव.

पत्रकारिता मेरे लिए एक मिशन है, हालाँकि आज की पत्रकारिता ना ब्रह्माण्ड के पहले पत्रकार देवर्षि नारद वाली है और ना ही गणेश शंकर विद्यार्थी वाली, फिर भी मेरा ऐसा मानना है कि यदि खबर को सिर्फ खबर ही रहने दिया जाये तो ये ही सही अर्थों में पत्रकारिता है और मैं इसी मिशन पर पिछले तीन दशकों से ज्यादा समय से लगा हुआ हूँ.... पत्रकारिता के इस भौतिकवादी युग में मेरे जीवन में कई उतार चढ़ाव आये, बहुत सी चुनौतियों का सामना करना पड़ा लेकिन इसके बाद भी ना मैं डरा और ना ही अपने रास्ते से हटा ....पत्रकारिता मेरे जीवन का वो हिस्सा है जिसमें सच्ची और सही ख़बरें मेरी पहचान हैं .... View all posts by Atul Saxena →
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