MP News : दिग्विजय सिंह ने मुख्य सचिव को लिखा पत्र, ‘होटल ताज से सामने की बस्ती के लोगों को बेघर करने की कार्रवाई रोकने की मांग’

Digvijaya Singh

Digvijaya Singh on Chidambaram Statement

Digvijaya Singh wrote a letter to the Chief Secretary : पूर्व मुख्यमंत्री एवं राज्यसभा सांसद दिग्विजय सिंह ने मध्यप्रदेश शासन के मुख्य सचिव को पत्र लिखा है। इसमें उन्होने भोपाल में ताज होटल के सामने भदभदा बस्ती में निवासरत लोगों को बेघर करने के लिये की जा रही कार्रवाई को निरस्त करने की मांग की है और कहा है कि इसके लिएसंबंधित को उचित निर्देश प्रदान किया जाए।

दिग्वियज सिंह द्वारा लिखा पत्र

मुख्य सचिव, मध्यप्रदेश शासन को लिखे पत्र में दिग्विजय सिंह ने कहा है कि ‘भोपाल शहर के होटल ताज के पास स्थित तालाब किनारे की 100 वर्षो पूर्व से बसी बसाहट को शासन द्वारा बलपूर्वक बिना विस्थापन के हटाये जाने की कार्यवाही की ओर आपका ध्यान आकर्षित कर रहा हूँ। भदभदा ब्रिज के पास स्थित इस बस्ती में 350 से अधिक मकान बने हुए है जिनका खसरा क्र. 291 है। जो वक्फ के नाम पर रजिस्टर्ड है। इस भूमि का प्रकरण वक्फ ट्रिब्यूनल कोर्ट में वर्ष 2018 से प्रचलित है। एन.जी.टी. न्यायालय में शासन द्वारा नगर निगम भोपाल को पार्टी बना कर पेश किया गया था इसको लेकर नगर निगम भोपाल द्वारा इन 5 वर्षो में कोई भी ठोस जवाब न्यायालय में पेश नही किया गया है। जिसके कारण माननीय एन.जी.टी. न्यायालय द्वारा इस बस्ती को अवैध निर्माण घोषित कर दिया गया है।’

‘माननीय नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल न्यायालय के आदेश के पश्चात नगर निगम भोपाल द्वारा बिना विस्थापन की व्यवस्था किये इनके मकानों को बलपूर्वक तोड़ने की कार्यवाही की जा रही है। शासन द्वारा पूर्व में इन्हें स्थाई नल कनेक्शन और विद्युत कनेक्शन दिये गये है, जिसका इन लोगों द्वारा समय-समय पर भुगतान किया जाता रहा है। यह लोग कई वर्षो से सम्पति कर भी जमा करते आ रहे है। इसके पश्चात भी प्रशासन द्वारा विगत कुछ दिनों से नियम विरूद्ध तरीके से इनके नल और विद्युत कनेक्शन काट दिये गये है। वर्तमान में 10वीं एवं 12वीं कक्षा की परीक्षाऐं भी चल रही है। मेरा मानना है कि जब इस भूमि का प्रकरण पहले से ही वक्फ कोर्ट में प्रचलित है तो 100 साल पुरानी इस बस्ती को हटाने के लिये की जा रही कार्यवाही को निरस्त किया जाना चाहिये। इसके पश्चात फैसले के आधार पर अगर हटाया भी जाता है तो इन लोगों के पुनर्वास एवं उचित मुआवजे की व्यवस्था सरकार को करना चाहिये। मेरा आपसे अनुरोध है कि भदभदा बस्ती के लोगों को बेघर करने के लिये की जा रही इस कार्यवाही को निरस्त करने के संबंधित को उचित निर्देश प्रदान करने का कष्ट करें।’

Shruty Kushwaha
लेखक के बारे में
Shruty Kushwaha

पत्रकारिता में स्नातकोत्तर (M.J.), 2001. 2001 से 2013 तक ईटीवी हैदराबाद, सहारा न्यूज दिल्ली-भोपाल और लाइव इंडिया मुंबई में कार्य.

2001 में माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता विश्वविद्यालय भोपाल से पत्रकारिता में स्नातकोत्तर (M.J, Masters of Journalism)। 2001 से 2013 तक ईटीवी हैदराबाद, सहारा न्यूज दिल्ली-भोपाल, लाइव इंडिया मुंबई में कार्य अनुभव। साहित्य पठन-पाठन में विशेष रूचि। View all posts by Shruty Kushwaha →
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