प्रयागराज महाकुंभ फेम मोनालिसा का पहला म्यूजिक वीडियो ‘सादगी’ रिलीज, दिखा दिलकश अंदाज, मुंबई तक के सफ़र को बताया महाकाल की कृपा

दरअसल मोनालिसा की कत्थई आँखे उनके आकर्षण का केंद्र हैं, इसी के कारण वे सोशल मीडिया की वायरल गर्ल बन गई, मोनालिसा को मुंबई बहुत पसंद आ रहा है खबर है कि वे मुम्बई में घर लेने का विचार बना रहीं हैं
Monalisa

प्रयागराज महाकुंभ 2025 में माला बेचने वाली वायरल गर्ल मोनालिसा अब ऐक्ट्रेस बन गई है, उसका पहला म्यूजिक वीडियो ‘सादगी’ रिलीज हो चुका है, जिसका प्रमोशन वे कर रही हैं, इसी क्रम में वे भोपाल पहुंची और मीडिया से बा कर अपने अनुभव और मुंबई तक के सफ़र पर चर्चा की।

सिंगर उत्कर्ष सिंह के साथ राजधानी भोपाल में मीडिया से बात करते हुए मोनालिसा ने कहा कि उन्होंने जब पहली बार कैमरा फेस किया तो बहुत घबराहट हुई, फिर खुद को कंट्रोल किया और खुद से कहा कि ये मेरा काम है मुझे करना ही पड़ेगा फिर मैंने गाना पूरा किया, उन्होंने कहा कि म्यूजिक वीडियो कर मुझे बहुत अच्छा लगा।

मुंबई तक का सफ़र बाबा महाकाल, गंगा मैया की कृपा 

मोनालिसा में कहा कि जब पहली बार मेरे परिवार में मुझे म्यूजिक वीडियो में एक्टिंग करते देखा तो उन्हें विश्वास ही नहीं हुआ लेकिन वे सब बहुत खुश हुए, इंदौर से मुंबई तक के सफर के सवाल पर मोनालिसा ने कहा कि ऐसा कभी सोचा नहीं था, ये सब बाबा महाकाल की कृपा है गंगा मैया की कृपा है, मुंबई के लोग बहुत अच्छे हैं मैं बहुत खुश हूँ।

मोनालिसा की आँखें आकर्षण का केंद्र 

आपको बता दें कि मोनालिसा का पूरा नाम मोनालिसा भोसले है वे मूलतः मध्य प्रदेश के खरगोन जिले के महेश्वर की रहने वाली हैं, उनकी कत्थई आँखों ने प्रयागराज महाकुंभ 2025 में लोगों का ध्यान आकर्षित किया, लोगों ने माला बेचते उनके फोटो वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल किये और वो सेंसेशन बन गई।

मुंबई में घर लेने का सपना देख रहीं है ऐक्ट्रेस 

मोनालिसा के फोटो वीडियो पर फिल्म मेकर सनोज मिश्रा की नजर पड़ी और उन्होंने अपनी फिल्म डायरी ऑफ मणिपुर के लिए कास्ट कर लिया अन उनका एक म्यूजिक वीडियो आया है जिसका नाम सादगी है, इसमें मोनालिसा ने एक्टिंग की है, वीडियो में मोनालिसा का दिलकश अंदाज सबको पसंद आ रहा है।

[dgv_vimeo_video id=”1093993213″]

Atul Saxena
लेखक के बारे में
Atul Saxena

पत्रकारिता में तीन दशक से अधिक का अनुभव.

पत्रकारिता मेरे लिए एक मिशन है, हालाँकि आज की पत्रकारिता ना ब्रह्माण्ड के पहले पत्रकार देवर्षि नारद वाली है और ना ही गणेश शंकर विद्यार्थी वाली, फिर भी मेरा ऐसा मानना है कि यदि खबर को सिर्फ खबर ही रहने दिया जाये तो ये ही सही अर्थों में पत्रकारिता है और मैं इसी मिशन पर पिछले तीन दशकों से ज्यादा समय से लगा हुआ हूँ.... पत्रकारिता के इस भौतिकवादी युग में मेरे जीवन में कई उतार चढ़ाव आये, बहुत सी चुनौतियों का सामना करना पड़ा लेकिन इसके बाद भी ना मैं डरा और ना ही अपने रास्ते से हटा ....पत्रकारिता मेरे जीवन का वो हिस्सा है जिसमें सच्ची और सही ख़बरें मेरी पहचान हैं .... View all posts by Atul Saxena →
Follow Us :GoogleNews