वन माफिया पर शिकंजा, वनोपज खैर की तस्करी में लिप्त गिरोह का सरगना दिल्ली से गिरफ्तार

वन माफिया पर शिकंजा, वनोपज खैर की तस्करी में लिप्त गिरोह का सरगना दिल्ली से गिरफ्तार

भोपाल, डेस्क रिपोर्ट| मध्य प्रदेश (Madhya Pradesh) में अलग-अलग माफियाओं के खिलाफ अभियान जारी है| इसी क्रम में वन माफिया (Forest Mafia) पर भी सरकार (Government) ने शिकंजा कस दिया है| टाइगर स्ट्राइक फोर्स (एसटीएसएफ) भोपाल और इंदौर इकाई द्वारा दिल्ली में विनिर्दिष्ट वनोपज खैर की तस्करी में लिप्त गिरोह के एक महत्वपूर्ण सरगना को गिरफ्तार करने में कामयाबी मिली है। खैर माफियाओं के विरुद्ध कार्रवाई में अभी तक 50 अपराध प्रकरण पंजीबद्ध कर 69 आरोपियो को गिरफ्तार कर 21 वाहन जब्त कर 324 मीट्रिक टन खैर काष्ठ बरामद की जा चुकी है।

उप वन संरक्षक (वन्य-प्राणी) रजनीश सिंह ने बताया कि दिल्ली से गिरफ्तार आरोपी को मेट्रो-पोलियन मजिस्ट्रेट नई दिल्ली से ट्रांजिट रिमान्ड पर विशेष न्यायालय इंदौर में पेश कराने के बाद फारेस्ट रिमान्ड पर लेकर लाया गया। इस प्रकरण में अन्य फरार माफियाओं की गिरफ्तारी की संभावना है।

विभाग द्वारा दी जानकारी के मुताबिक प्रदेश के विभिन्न जिलों के वन मण्डलों में हो रही विनिर्दिष्ट वनोपज खैर की अवैध कटाई, परिवहन और व्यापार किए जाने की घटनाओं के दृष्टिगत प्रधान मुख्य वन संरक्षक एवं वन बल प्रमुख राजेश श्रीवास्तव ने वन्य-प्राणी से जुड़े अफसर-कर्मचारियों को सख्त हिदायत दी थी। इसके फलस्वरूप पिछले साल जनवरी माह में एसटीएसएफ भोपाल एवं इंदौर ने संयुक्त कार्रवाई कर एक गिरोह का पर्दाफाश कर 34 मीट्रिक टन खैर वनोपज जब्त करने के साथ ही उपयोग में किये गए एक ट्रक और एक लक्जरी कार को झालावाड़ (राजस्थान) से जब्त कर राजसात भी किया गया। यह सभी आरोपी तकरीबन एक साल से जेल में बंद हैं। इनकी जमानत याचिकाएँ उक्त न्यायालय खण्डपीठ इंदौर द्वारा खारिज की जा चुकी हैं।

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