
चक्रवाती तूफान मुरासु के प्रभाव के चलते 5 नवंबर तक मध्य प्रदेश में बादल-बारिश और आंधी की स्थिति बने रहने का अनुमान है हालांकि 6 नवंबर से मौसम में बदलाव होने लगेगा। बारिश की गतिविधियों पर ब्रेक लगेगा और तापमान में भी उतार-चढ़ाव देखने को मिलेगा।
मौसम विभाग ने मंगलवार को पूर्वी और दक्षिण-पूर्वी प्रदेश के 23 जिलों में बारिश की संभावना जताई है। इस दौरान हवा की गति 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटा रह सकती हैं। नवंबर के दूसरे हफ्ते से ग्वालियर-चंबल संभाग में उत्तरी हवाओं के चलते न्यूनतम तापमान गिरावट देखने को मिलेगी। सोमवार को शाजापुर के गिरवर में न्यूनतम तापमान 14.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। अन्य जिलों में 15 से 21 डिग्री के बीच रहा। वहीं अधिकतम तापमान 30 से 32 डिग्री के आसपास बना हुआ है।
मौसम विज्ञान केंद्र, भोपाल के मुताबिक, वर्तमान में उत्तर-पूर्वी राजस्थान पर एक ऊपरी हवा का चक्रवात सक्रिय है। चक्रवाती तूफान मुरासु के आज दक्षिण आंध्र प्रदेश तट पार करने की संभावना है जिसके असर से प्रदेश में नमी आएगी और नर्मदापुरम,जबलपुर, शहडोल और रीवा संभाग में दो-तीन दिन मौसम बदला रहने का अनुमान है।
मंगलवार को 23 जिलों में बारिश के आसार
आज बड़वानी, खरगोन, खंडवा, बुरहानपुर, हरदा, नर्मदापुरम, बैतूल, नरसिंहपुर, छिंदवाड़ा, पांढुर्णा, जबलपुर, सिवनी, बालाघाट, मंडला, डिंडौरी, अनूपपुर, शहडोल, उमरिया, कटनी, मैहर, सीधी, मऊगंज और सिंगरौली में बादल छाने और हल्की बारिश के साथ तेज हवाएं चलने की संभावना जताई गई है।
इन जिलों में मौसम रहेगा साफ
भोपाल, रायसेन, सीहोर, राजगढ़, विदिशा, इंदौर, धार, आलीराजपुर, झाबुआ, उज्जैन, नीमच, आगर-मालवा, मंदसौर, शाजापुर, देवास, रतलाम, ग्वालियर, गुना, शिवपुरी, दतिया, अशोकनगर, मुरैना, भिंड, श्योपुर, रीवा, सतना, सागर, पन्ना, दमोह, छतरपुर, टीकमगढ़ और निवाड़ी में मौसम साफ रहने का अनुमान है।
इस बार 100 दिन सक्रिय रहा एमपी में मानसून
मध्य प्रदेश में इस बार मानसून 100 दिन तक सक्रिय रहा। दक्षिण-पश्चिम मानसून ने 24 जून को प्रदेश में एंट्री ली थी और 3 अक्टूबर को विदाई ली।प्रदेश में सामान्य बारिश का आंकड़ा 37.3 इंच है, जबकि इस सीजन में 35.8 इंच (95.9%) बारिश दर्ज हुई। यानी इस साल करीब 4% या 1.5 इंच कम पानी गिरा।
प्रदेश के 25 जिलों में बारिश का कोटा पूरा हो गया, लेकिन 30 जिलों में सामान्य से कम बारिश हुई। पूर्वी हिस्से में सामान्य से 4% ज्यादा बारिश दर्ज की गई, जबकि पश्चिमी हिस्से में 12% कम पानी गिरा।

12 वर्षों से पत्रकारिता में सक्रिय, इलेक्ट्रॉनिक और डिजिटल मीडिया में.

