अमेरिका से लौटा था सीनियर आईएएस का बेटा

अमेरिका से लौटा था सीनियर आईएएस का बेटा

भोपाल| स्वास्थ्य विभाग की प्रमुख सचिव के कोरोना संक्रमण होने की रिपोर्ट सामने आने के बाद भी एक नया तथ्य सामने आया है ।भोपाल जिले के द्वारा घोषित किए गए विदेश से आने वाले यात्रियों की सूची में आईएएस के पुत्र के विदेश से आने का जिक्र है।

दरअसल जिला प्रशासन को उन सभी लोगों को कोरोन्टाईन में रखने के निर्देश थे जो लोग 1 मार्च से 31 मार्च के बीच विदेश से बाहर लौटे थे या जिनकी ट्रैवल हिस्ट्री थी ।अब प्रमुख सचिव स्वास्थ्य के पुत्र को कोरोन्टाईन किया गया या नहीं इस बात की जानकारी अभी प्राप्त नहीं हो पाई है।यह भी सवाल है कि क्या उनकी जांच कराई गई थी। इसकी भी जानकारी अभी नहीं मिली है लेकिन प्रमुख सचिव स्वास्थ के कोरोना पॉजिटिव होने के बाद अब एक बार यह सवाल भी खड़ा हो रहा है कि आखिरकार जब प्रमुख सचिवको जानकारी थी कि उनके पुत्र विदेश से लौटे हैं तो वह लगातार इतनी महत्वपूर्ण बैठकों में जिनमे मुख्यमंत्री और मुख्य सचिव जैसे अधिकारी भी शामिल थे, भाग क्यों लेती रहीं और क्या इस बात की जानकारी उन्होंने मुख्यमंत्री को दी थी। इतना ही नहीं जिला प्रशासन की लापरवाही भी सामने आई है कि चार इमली के जिस बंगले में वह रहती हैं वहां पर किसी भी तरह का कोई अलर्ट बोर्ड नहीं लगाया गया। हालांकि अभी इस बात की पुष्टि होना शेष है क्या प्रमुख सचिव स्वास्थ ने अपने पुत्र को कोरोन्टाईन किया था या नही।

Gaurav Sharma
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निदेशक और संपादक

पत्रकारिता पेशा नहीं ज़िम्मेदारी है और जब बात ज़िम्मेदारी की होती है तब ईमानदारी और जवाबदारी से दूरी बनाना असंभव हो जाता है। एक पत्रकार की जवाबदारी समाज के लिए उतनी ही आवश्यक होती है जितनी परिवार के लिए क्यूंकि समाज का हर वर्ग हर शख्स पत्रकार पर आंख बंद कर उस तरह ही भरोसा करता है जितना एक परिवार का सदस्य करता है। पत्रकारिता मनुष्य को समाज के हर परिवेश हर घटनाक्रम से अवगत कराती है, यह इतनी व्यापक है कि जीवन का कोई भी पक्ष इससे अछूता नहीं है। यह समाज की विकृतियों का पर्दाफाश कर उन्हे नष्ट करने में हर वर्ग की मदद करती है। इसलिए पं. कमलापति त्रिपाठी ने लिखा है कि," ज्ञान और विज्ञान, दर्शन और साहित्य, कला और कारीगरी, राजनीति और अर्थनीति, समाजशास्त्र और इतिहास, संघर्ष तथा क्रांति, उत्थान और पतन, निर्माण और विनाश, प्रगति और दुर्गति के छोटे-बड़े प्रवाहों को प्रतिबिंबित करने में पत्रकारिता के समान दूसरा कौन सफल हो सकता है। View all posts by Gaurav Sharma →
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