कमलनाथ और दिग्विजय के गढ़ में सेंध, दो पूर्व विधायक बीजेपी में शामिल

कमलनाथ और दिग्विजय के गढ़ में सेंध, दो पूर्व विधायक बीजेपी में शामिल

भोपाल, डेस्क रिपोर्ट| मध्य प्रदेश (Madhyapradesh) में 28 सीटों पर हुए उपचुनाव (Byelection) के बाद और नगरीय निकाय चुनाव के ऐलान से पहले भाजपा (BJP) ने एक बार फिर कांग्रेस (Congress) को बड़ा झटका दिया है| बीजेपी ने पूर्व मुख्यमंत्री कमलनाथ (Kamalnath) और दिग्विजय सिंह (Digvijay Singh) के गढ़ में बड़ी सेंध लगाईं है| भोपाल में शुक्रवार को पूर्व विधायक और छिंदवाड़ा जिले के कांग्रेस नेता अजय चौरे (Ajay Chore) ने भारतीय जनता पार्टी की सदस्यता ग्रहण की। इसी तरह राजगढ़ के कांग्रेस के पूर्व विधायक प्रताप मंडलोई (Pratap mandloi) भी भाजपा में शामिल हो गए| मुख्यमंत्री शिवराजसिंह चौहान, प्रदेशाध्यक्ष विष्णुदत्त शर्मा, राज्यसभा सदस्य ज्योतिरादित्य सिंधिया ने दोनों नेताओं को भाजपा की सदस्यता दिलवाई|

छिंदवाड़ा के सौंसर क्षेत्र में चौरे परिवार का बड़ा राजनीतिक कद माना जाता है| पूर्व विधायक और कांग्रेस नेता अजय चौरे पूर्व में विधायक रह चुके हैं| वहीं उनके भाई विजय चौरे वर्तमान में कांग्रेस से विधायक हैं। वहीं उनके पिता स्वर्गीय रेवा नाथ चौरे विधायक और मंत्री रह चुके हैं। अजय चोरे पिछले विधानसभा चुनाव में टिकट के लिए दावेदारी कर रहे थे, लेकिन उन्हें टिकट नहीं मिला| जिसके बाद से ही चर्चा थी कि वे पार्टी से नाराज चल रहे थे। शुक्रवार को सिंधिया के भोपाल दौरे के दौरान उन्होंने भाजपा का दामन थाम लिया| निकाय चुनाव को लेकर चल रही सुगबुगाहट के बीच कमलनाथ के गढ़ में भाजपा ने सेंध लगा दी है|

इधर, दिग्विजय सिंह का गढ़ माने जाने वाले राजगढ़ के कांग्रेस के पूर्व विधायक प्रताप मंडलोई भी भाजपा में शामिल हो गए| मंडलोई दिग्विजय के करीबी नेता माने जाते थे| दिग्विजयसिंह के दूसरे कार्यकाल में 1998 में श्री मंडलोई कांग्रेस से विधायक बने थे। इसके बाद 2003 के चुनाव में पार्टी ने उन्हें टिकट नहीं दिया। इसके बाद 2018 का चुनाव वह कांग्रेस से बागी होकर लडे थे ओर करीब 35 हजार वोट लाए थे। तब ही से वह किसी पार्टी में नहीं थे।

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