दीपक जोशी की BJP अध्यक्ष जेपी नड्डा से मुलाकात पर गरमाई सियासत, मचा हड़कंप

दीपक जोशी

भोपाल, डेस्क रिपोर्ट

प्रदेश में उपचुनाव(By election) को लेकर सियासी हड़कंप तेज है।एक तरफ जहां कांग्रेस(congress) बीजेपी(BJP) नेताओं पर घात लगाकर बैठी है वहीं दूसरी तरफ बीजेपी अपने पार्टी से असंतोष चल रहे नेताओं को पार्टी में रखने की पुरजोर कोशिश में है। इसी बीच विधानसभा उपचुनाव(Assembly by-election) को देखते हुए बीजेपी ने पूर्व मंत्री दीपक जोशी(Former Minister Deepak Joshi) की मुलाकात राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा(National President JP Nadda) से हुई। माना जा रहा है कि पूर्व मंत्री पार्टी से असंतुष्ट चल रहे थे जिसके बाद उनकी मुलाकात पार्टी अध्यक्ष से करवाई गई है। अब इस मामले पर कांग्रेस ने बीजेपी और दीपक जोशी पर जमकर निशाना साधा है।

दरअसल कांग्रेस के मीडिया समन्वयक नरेंद्र सलूजा(Congress media coordinator Narendra Saluja) ने बीजेपी पर निशाना साधते हुए कहा है कि बिकाऊ और टिकाऊ का संघर्ष सत्ता पार्टी में जारी है। नरेंद्र सलूजा ने यह भी कहा कि मंत्रिमंडल विस्तार के दौरान भी बीजेपी ने वरिष्ठ सभी नेताओं को दरकिनार कर बिकाऊ नेताओं को तरजीह दी थी। जिसके कारण बीजेपी में वरिष्ठ नेताओं की नाराजगी पार्टी से बढ़ती जा रही है और अब दिल्ली तक पहुंच गई है। सलूजा ने इस बात का भी जिक्र किया जब प्रदेश के बीजेपी अध्यक्ष बीडी शर्मा(State BJP President BD Sharma) ने दीपक जोशी से मुलाकात कर उन्हें समझाने की कोशिश की थी लेकिन जोशी की नाराजगी पार्टी से पढ़ने के बाद उन्हें बीजेपी राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा से मुलाकात कराई गई है। कांग्रेस ने यह भी कहा कि अब दिल्ली के किले में सेंध लग रही है। जिस पर परिणाम बहुत जल्दी ही सामने आएंगे।

हालांकि कांग्रेस के वॉर पर पलटवार करते हुए बीजेपी ने कहा यहां कोई भी किसी भी समय पार्टी नेतृत्व से मिलकर अपनी बात रख सकता है। बीजेपी अपने नेताओं को पूरी तरह से सुनती और उसे समझने का प्रयास करती है।राष्ट्रीय अध्यक्ष से दीपक जोशी की मुलाकात में कोई अचरज वाला मामला नहीं है। यहां संवाद बीजेपी की प्रक्रिया में है। वहीं कांग्रेस पर निशाना साधते हुए बीजेपी के पार्टी प्रवक्ता ने कहा कि मुख्यमंत्री के पद पर रहते हुए कमलनाथ तो अपने विधायकों तक से बात नहीं करते थे और उनसे मिलते ही उन्हें चलो चलो कहकर दरकिनार कर देते थे।

बता दें कि कांग्रेस के बागी 22 विधायकों के बीजेपी में शामिल होने के बाद से ही पूर्व मंत्री दीपक जोशी पार्टी नेतृत्व से नाराज चल रहे हैं। वह कई बार मीडिया के सामने इस नाराजगी को जाहिर भी कर चुके हैं।हालांकि प्रदेश अध्यक्ष बीडी शर्मा से मुलाकात करने के बाद उन्होंने अपनी नाराजगी का खंडन तो किया था। लेकिन अब जेपी नड्डा से मुलाकात किसी और तरफ इशारा कर रही है। दीपक जोशी हाटपिपलिया में मनोज चौधरी से हार गए थे।2018 के विधानसभा चुनाव में चौधरी ने जोशी को 13 हजार से ज्यादा वोटों से हराया था। जिसके बाद कांग्रेस से इस्तीफा देकर मनोज चौधरी भी बीजेपी में शामिल हो गए। वहीं उन्हें हाटपिपलिया से टिकट देने पर चर्चा चल रही थी। जिसके बाद से जोशी पार्टी से खफा है।

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