Rajasthan Politics: सियासी घमासान के बीच सामने आया Sachin Pilot का Tweet

सचिन पायलट

जयपुर।
राजस्थान की सियासी हलचल के बीच गहलोत सरकार से बगावत करने वाले सचिन पायलट का एक ट्वीट सामने आया है। ट्वीट में देशवासियों से असम और बिहार में बाढ़ से प्रभावित लोगों की मदद करने की अपील की है। सचिन पायलट ने बाढ़ प्रभावित परिवारों के प्रति संवेदना भी जताई।

राजस्थान के पूर्व उपमुख्यमंत्री सचिन पायलट ने असम और बिहार में बाढ़ प्रभावित लोगों की मदद करने की अपील की है। उन्होंने ट्वीट किया है ‘असम और बिहार में बाढ़ प्रभावित सभी परिवारों के साथ मेरी संवेदनाएं हैं. सिर्फ असम में ही बाढ़ से 68 से ज्यादा लोगों की जान चली गई है और 36 लाख लोग प्रभावित हुए हैं. मैं सभी भारतीयों से अपील करता हूं कि इस बाढ़ की भयावह स्थिति में एक साथ आइए और प्रभावित लोगों की मदद के लिए किए जा रहे प्रयासों का सपोर्ट कीजिए।

इससे पहले उन्होंने 14 जुलाई को ट्वीट किया था। इसी दिन उन्हें उपमुख्यमंत्री और प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष के पद से बर्खास्त कर दिया गया था। पार्टी द्वारा की गई कार्रवाई के तुरंत बाद पायलट ने ट्वीट करके कहा था कि सत्य को परेशान किया जा सकता है, पराजित नहीं। इसके बाद शाम को उन्होंने ट्वीट करके कहा, ‘आज मेरे समर्थन में जो भी सामने आए हैं, उन सभी को मेरा हार्दिक धन्यवाद और आभार।’

दरअसल, बीते कई दिनों से राजस्थान में सियासी संकट गहराया हुआ है। मुख्यमंत्री अशोक गहलोत और सचिन पायलट आमने-सामने आ गए थे, जिसके बाद कांग्रेस के केंद्रीय नेतृत्व ने अशोक गहलोत का दबाव बनाने के लिए सचिन पायलट को राजस्थान कांग्रेस अध्यक्ष पद और उपमुख्यमंत्री पद से हटा दिया है।वही विधायक दल की बैठक में ना पहुंचने पर स्पीकर द्वारा नोटिस दिए जाने के बाद हाईकोर्ट पहुंच गए। इस सियासी संकट के बीच सचिन पायलट ने कांग्रेस के वरिष्ठ नेता पी चिदंबरम से भी बात की। बताया जा रहा है कि चिंदबरम ने सचिन पायलट को वापस कांग्रेस में आने का न्योता दिया और कहा कि बगावत भुला दी जाएगी। साथ ही सचिन पायलट को केंद्रीय नेतृत्व में पद देने का आश्वासन दिया गया है।

Gaurav Sharma
लेखक के बारे में
Gaurav Sharma

निदेशक और संपादक

पत्रकारिता पेशा नहीं ज़िम्मेदारी है और जब बात ज़िम्मेदारी की होती है तब ईमानदारी और जवाबदारी से दूरी बनाना असंभव हो जाता है। एक पत्रकार की जवाबदारी समाज के लिए उतनी ही आवश्यक होती है जितनी परिवार के लिए क्यूंकि समाज का हर वर्ग हर शख्स पत्रकार पर आंख बंद कर उस तरह ही भरोसा करता है जितना एक परिवार का सदस्य करता है। पत्रकारिता मनुष्य को समाज के हर परिवेश हर घटनाक्रम से अवगत कराती है, यह इतनी व्यापक है कि जीवन का कोई भी पक्ष इससे अछूता नहीं है। यह समाज की विकृतियों का पर्दाफाश कर उन्हे नष्ट करने में हर वर्ग की मदद करती है। इसलिए पं. कमलापति त्रिपाठी ने लिखा है कि," ज्ञान और विज्ञान, दर्शन और साहित्य, कला और कारीगरी, राजनीति और अर्थनीति, समाजशास्त्र और इतिहास, संघर्ष तथा क्रांति, उत्थान और पतन, निर्माण और विनाश, प्रगति और दुर्गति के छोटे-बड़े प्रवाहों को प्रतिबिंबित करने में पत्रकारिता के समान दूसरा कौन सफल हो सकता है। View all posts by Gaurav Sharma →
Follow Us :GoogleNews