Government Scheme: खास है ये सरकारी योजना, हर महीने मिलेंगे 9,250 रुपये, 31 मार्च तक करें निवेश

Government Scheme: खास है ये सरकारी योजना, हर महीने मिलेंगे 9,250 रुपये, 31 मार्च तक करें निवेश

Government Scheme: आमजन के लिए भारत सरकार कई योजनाएं चलाती है। जिसका फायदा उठाकर निवेशक शानदार रिटर्न पा सकते हैं। बढ़ती उम्र के साथ रिटायरमेंट के बाद की चिंता सताने लगती है। जिसकी तैयारियां भी लोग पहले से शुरू कर लेते हैं। कई ऐसी योजनाएं जो आपको मंथली पेंशन की सुविधा देते हैं। इसके लिए पहले से ही निवेश शुरू करना पड़ता है। ऐसी ही स्कीम्स में से एक प्रधानमंत्री वय वंदना योजना है। जो एलआईसी द्वारा चलाई जाती है। इस योजना में मोदी सरकार ने 2020 में संशोधन किया था। जिसके तहत वरिष्ट नगरीकों को हर महीने पेंशन दी जाती है।

ऐसे मिलेगा हट महीने 9250 रुपये का पेंशन

रिपोर्ट के मुताबिक इस योजना में निवेश करने की अंतिम तारीख 31 मार्च 2023 तय की गई है। 1 अप्रैल 2023 से इसके लिए निवेशक सबस्क्राइब नहीं कर पाएंगे। इसमें पेंशन की गारंटी मिलती है। साथ ही 7.40 फीसदी का ब्याज भी मिलता है। पति-पत्नी एक साथ योजना में निवेश कर सकते हैं। 10 साल बाद स्कीम मैच्योर होती है और पूरी राशि ब्याज दरों के साथ मिलती है। यदि कोई व्यक्ति अकेले स्कीम को सबस्क्राइब करता है और 15 लाख रुपये की राशि जमा करता है। तो उसे मैच्योरिटी के बाद 1 लाख 11 हजार रुपये का ब्याज मिलता है। साथ ही हर महीने 9250 रुपये की पेंशन हर महीने मिलती है।

ऐसे मिलेंगे हर महीने 18500 रुपये

यदि पति दोनों मिलकर 15-15 लाख रुपये की राशि जमा करते हैं। तो उन्हें हर महीने 18500 रुपये मंथली पेंशन का लाभ मिलता है। इसके अलावा 2,22, 000 रुपये की राशि सिर्फ ब्याज की होती है। 60 साल से अधिक आयु वाले व्यक्ति इसका लाभ उठा सकते है।

Disclaimer: इस खबर का उद्देश्य केवल जानकारी साझा करना है। MP Breaking News किसी भी स्कीम या योजना में निवेश करते की सलाह नहीं देता है। यह जोखिम भरा हो सकता है। विशेषज्ञों की सलाह जरूर लें।

Manisha Kumari Pandey
लेखक के बारे में
पत्रकारिता जनकल्याण का माध्यम है। एक पत्रकार का काम नई जानकारी को उजागर करना और उस जानकारी को एक संदर्भ में रखना है। ताकि उस जानकारी का इस्तेमाल मानव की स्थिति को सुधारने में हो सकें। देश और दुनिया धीरे–धीरे बदल रही है। आधुनिक जनसंपर्क का विस्तार भी हो रहा है। लेकिन एक पत्रकार का किरदार वैसा ही जैसे आजादी के पहले था। समाज के मुद्दों को समाज तक पहुंचाना। स्वयं के लाभ को न देख सेवा को प्राथमिकता देना यही पत्रकारिता है। अच्छी पत्रकारिता बेहतर दुनिया बनाने की क्षमता रखती है। इसलिए भारतीय संविधान में पत्रकारिता को चौथा स्तंभ बताया गया है। हेनरी ल्यूस ने कहा है, " प्रकाशन एक व्यवसाय है, लेकिन पत्रकारिता कभी व्यवसाय नहीं थी और आज भी नहीं है और न ही यह कोई पेशा है।" पत्रकारिता समाजसेवा है और मुझे गर्व है कि "मैं एक पत्रकार हूं।" View all posts by Manisha Kumari Pandey →
Follow Us :GoogleNews