एक्शन मोड में RBI, इन 5 बैंकों पर लगाया जुर्माना, एक NBFC का लाइसेंस रद्द, ये है वजह, पढ़ें पूरी खबर

आरबीआई ने M/S Acemoney (India) Limited का सर्टिफिकेट ऑफ रजिस्ट्रेशन रद्द कर दिया है। वहीं 5 बैंकों पर नियमों का उल्लंघन करने पर भारी जुर्माना ठोका है।
rbi action news

RBI Action: पांच सहकारी बैंक और एक नॉन बैंकिंग फाइनेंस कंपनी के खिलाफ रिजर्व बैंक ऑफ़ इंडिया (Reserve Bank Of India) ने सख्त कार्रवाई की है। महाराष्ट्र, कर्नाटक, राजस्थान और नई दिल्ली में स्थित पांच अलग-अलग बैंकों पर मौद्रिक जुर्माना लगाया है। वहीं M/S Acemoney (इंडिया) लिमिटेड का सर्टिफिकेट ऑफ रजिस्ट्रेशन रद्द कर दिया है। इस बात की जानकारी केंद्रीय बैंक ने 29 अप्रैल सोमवार को दी है।

कहीं इन बैंकों में आपका खाता तो नहीं?

महाराष्ट्र के मेलागाँव में स्थित महाराष्ट्र इंदिरा महिला सहकारी बैंक लिमिटेड, कर्नाटक के चित्रदुर्ग द चित्रदुर्ग को-ऑपरेटिव सेंट्रल बैंक लिमिटेड, महाराष्ट्र के सोलापुर में स्थित समर्थ सहकारी बैंक लिमिटेड, राजस्थान के बीकानेर में स्थित द सेंट्रल को-ऑपरेटिव बैंक लिमिटेड और नई दिल्ली में स्थित द वैश्य को-ऑपरेटिव आदर्श बैंक लिमिटेड पर भारी जुर्माना आरबीआई ने ठोका है।

NBFC ने किया इन नियमों का उल्लंघन, COR रद्द

आरबीआई ने M/S Acemoney को 21 फरवरी 2017 को रजिस्ट्रेशन सर्टिफिकेट प्रदान किया था। कंपनी का लाइसेंस तीसरे पक्ष के एप के माध्यम से किए गए डिजिटल लोन संचालन में वित्त सेवाओं की आउटसोर्सिंग में जोखिम प्रबंधन और आचार संहिता पर आरबीआई के दिशानिर्देशों के उल्लंघन के कारण रद्द किया गया है। कंपनी अत्यधिक ब्याज वसूलने और ग्राहक जानकारी की गोपनीयता सुनिश्चित करने से संबंधित नियमों का अनुपालन करने में विफल रहा।

पाँच बैंकों पर कितना और क्यों लगा जुर्माना?

  • इंदिरा महिला सहकारी बैंक लिमिटेड पर आरबीआई ने 75,000 रुपये का जुर्माना लगाया है। बैंक पर नाममात्र सदस्यों को निर्धारित सीमा से अधिक लोन स्वीकृत करने का आरोप है।
  • द चित्रदुर्ग को-ऑपरेटिव सेंट्रल बैंक लिमिटेड पर नाबार्ड को देरी से फ्रॉड की जानकारी देने का आरोप है, इसलिए इस बैंक पर 50,000 रुपये का जुर्माना लगाया गया है।
  • समर्थ सहकारी बैंक लिमिटेड पर अनुमेय सीमा से अधिक सुरक्षित अग्रिम स्वीकृत करने के आरोप में रिजर्व बैंक ने 50,000 रुपये का जुर्माना लगाया है।
  • केवाईसी से संबंधित निर्देशों का अनुपालन न करने के आरोप में वैश्य सहकारी आदर्श बैंक लिमिटेड पर 1 लाख रुपये की पेनल्टी ठोकी गई है।
  • बीकानेर के द सेंट्रल को-ऑपरेटिव बैंक लिमिटेड पर नाबार्ड को देरी से फ्रॉड की जानकारी देने के आरोप में 2 लाख रुपये का जुर्माना लगाया गया है।
Manisha Kumari Pandey
लेखक के बारे में
पत्रकारिता जनकल्याण का माध्यम है। एक पत्रकार का काम नई जानकारी को उजागर करना और उस जानकारी को एक संदर्भ में रखना है। ताकि उस जानकारी का इस्तेमाल मानव की स्थिति को सुधारने में हो सकें। देश और दुनिया धीरे–धीरे बदल रही है। आधुनिक जनसंपर्क का विस्तार भी हो रहा है। लेकिन एक पत्रकार का किरदार वैसा ही जैसे आजादी के पहले था। समाज के मुद्दों को समाज तक पहुंचाना। स्वयं के लाभ को न देख सेवा को प्राथमिकता देना यही पत्रकारिता है। अच्छी पत्रकारिता बेहतर दुनिया बनाने की क्षमता रखती है। इसलिए भारतीय संविधान में पत्रकारिता को चौथा स्तंभ बताया गया है। हेनरी ल्यूस ने कहा है, " प्रकाशन एक व्यवसाय है, लेकिन पत्रकारिता कभी व्यवसाय नहीं थी और आज भी नहीं है और न ही यह कोई पेशा है।" पत्रकारिता समाजसेवा है और मुझे गर्व है कि "मैं एक पत्रकार हूं।" View all posts by Manisha Kumari Pandey →
Follow Us :GoogleNews