BHU ने लॉन्च किए 80 नए कोर्स, फ्री में स्वयं पोर्टल पर उपलब्ध, ऑनलाइन होगी पढ़ाई

बनारस हिन्दू यूनिवर्सिटी ने 80 नए कोर्स शुरू किए हैं। जिसे स्वयं पोर्टल पर रजिस्ट्रेशन करके ज्वाइन किया जा सकता है। कोई फीस भी नहीं लगेगी। स्टेप -बाय-स्टेप प्रोसेस यहाँ बताया गया है। 
iimb free courses

AI Generated Image

स्वयं पोर्टल भारत सरकार की एक खास पहलों में से एक है। इस प्लेटफार्म पर अलग-अलग संस्थान विभिन्न प्रकार के पाठ्यक्रम ऑफर करते हैं। बनारस हिंदू यूनिवर्सिटी ने हाल ही ने इस प्लेटफ़ॉर्म पर कई नए पाठ्यक्रम (BHU Free Courses) लॉन्च किए हैं। सभी पाठ्यक्रमों को INI (इंस्टिट्यूट्स ऑफ नेशनल इम्पॉर्टेंस) के साथ मिलकर बीएचयू ऑफर कर रहा है। जिसे आधिकारिक वेबसाइट http://swayam.gov.in पर जाकर ज्वाइन किया जा सकता है।

इन पाठ्यक्रमों के लिए किसी प्रकार की फीस नहीं लगेगी। केवल रजिस्ट्रेशन करना होगा। इस सूची में सर्टिफिकेट से लेकर यूजी-पीजी लेवल के कोर्स शामिल हैं। इनकी अवधि 4 से लेकर 12 सप्ताह के बीच है। कई पाठ्यक्रमों की शुरुआत 27 जुलाई से होने वाली है। वहीं कुछ की शुरुआत 24 अगस्त से होगी। पोर्टल पर वीडियो लेसन तय तारीख से ही उपलब्ध होंगे। सभी पाठ्यक्रमों के लिए एनरोलमेंट/रजिस्ट्रेशन की आखिरी तारीख 15 सितंबर 2026 है।

छात्रों को सर्टिफिकेट प्राप्त करने का मौका भी दिया जाएगा। इसके लिए एक परीक्षा आयोजित की जाएगी। जिसके लिए एग्जामिनेशन फीस का भुगतान भी करना पड़ सकता है। हालांकि एनरोलमेंट और पढ़ाई पूरी तरीके से मुफ्त होगी। इसीलिए कोर्स को ज्वाइन करने से पहले इससे संबंधित जानकारी पढ़ने की सलाह दी जाती है।

ऐसे ज्वाइन करें कोर्स 

  • सबसे पहले स्वयं पोर्टल की आधिकारिक वेबसाइट पर जाएं।
  • होमपेज पर रजिस्टर/साइन इन के ऑप्शन पर क्लिक करें।
  • जरूरी जानकारी दर्ज करके प्रोफाइल क्रीऐट करें।
  • इसके बाद कोर्स कैटेलॉग में उस पाठ्यक्रम को सर्च करें, जिसे आप ज्वाइन करना चाहते हैं।
  • INI को कोर्स कॉर्डिनेटर के ऑप्शन के तौर पर चुनें।
  • पाठ्यक्रम को सिलेक्ट करें और ज्वाइन बटन पर क्लिक करें।

यहाँ देखें कोर्स की पूरी लिस्ट 

  1. 20th Century लिटरेरी क्रिटिसिजम और थ्योरी- ए ब्रीफ इंट्रोडक्शन ऑफ़ इंडियन नॉलेज सिस्टम ((प्राचीन काल)
  2. एबिलिटी एनहैंसमेंट कोर्स- रीडिंग स्किल
  3. एडवांस्ड फूड एनालिटिकल टेक्निक्स
  4. एडवांस्ड ऑर्गेनाइजेशनल बिहेवियर
  5. एडवेंचर टूरिज्म
  6. ऐड्वर्टाइज़िंग मैनेजमेंट
  7. एन इंट्रोडक्शन टू एनवायरमेंटल एंड प्रीहिस्टोरिक आर्कियोलॉजी
  8. इंट्रोडक्शन टू क्वालिटेटिव रिसर्च मेथड
  9. एनटॉमी ऑफ Flowering प्लांट्स
  10. अप्लाइड डिजिटल एंटरप्रेन्योरशिप
  11. आर्ट एंड साइंस ऑफ मार्केटिंग फ्रॉम बेसिक्स टू ब्रेकथ्रू
  12. बेसिक जेनेटिक्स
  13. बेसिक स्टैटिसटिक्स यूजिंग R- ब्लू स्काई स्टैटिसटिक्स
  14. बेसिक्स ऑफ टूरिज्म एंड हॉस्पिटैलिटी इंडस्ट्री
  15. बिजनेस रिसर्च मेथाडोलॉजी
  16. सर्टिफिकेट कोर्स ऑफ पैलिएटिव केयर इन इंटीग्रेटिव एप्रोच ऑफ आयुष एंड एथोपथी
  17. क्लासिक मैकेनिक्स-1
  18. क्लाइमेट चेंज इंपैक्ट एसेसमेंट: एयर पॉल्यूशन एंड ग्लोबल वार्मिंग
  19. कॉमिक एंड ग्राफिक नोवेल्स इन इंडियन कॉन्टेक्स्ट
  20. कम्युनिकेशन स्किल्स
  21. साइबर लॉ एंड डिजिटल सिक्योरिटी
  22. डिटर्मिननेंट्स ऑफ क्वालिटी ऑफ़
  23. लाइफ डिजिटल एंड सर्किट्स सिमुलेशन
  24. डिजिटल मार्केटिंग स्ट्रेटजी
  25. डायनेमिक ऑफ बिजनेस एनवायरमेंट एंड लीगल फ्रेमवर्क
  26. इफेक्टिव कम्युनिकेशन स्किल ऑफ पर्सनल एंड प्रोफेशनल डेवलपमेंट
  27. एनवायरमेंटल कॉन्टैमिनेंट्स एंड रिस्क ऑफ फूड सेफ्टी
  28. एसेंशियल ऑफ एनवायरमेंटल जियो टेक्नोलॉजी- ए जियोलॉजीकल पर्स्पेक्टिव
  29. फाइनेंशियल मैनेजमेंट
  30. एक्सप्लोरिंग रैनेसांस सेंसिबिलिटी इन प्लेस ऑफ़ क्रिस्टोफर मार्लो, विलियम शेक्सपियर और जॉन वेबस्टर
  31. फाइनेंशियल लिटरेसी
  32. फाइनेंशियल स्टेटमेंट: एनालिसिस एंड फोरकास्टिंग फंडामेंटल्स ऑफ बिहेवियरल सोशल साइंस रिसर्च
  33. फंडामेंटल्स ऑफ कंप्यूटिंग
  34. फंडामेंटल्स पफ डिजिटल कम्युनिकेशन
  35. फंडामेंटल्स ऑफ जियोलॉजी
  36. फंडामेंटल्स ऑफ प्लांट पैथोलॉजी
  37. स्पेशल जियोस्पेशियल प्रैक्टिस इन असिएंट इंडियन नॉलेज सिस्टम
  38. हिंदू पर्सनल लॉ (इंक्लूडिंग मैरिज एंड सक्सेशन)
  39. आइकोनोग्राफी ऑफ मेजर हिंदू डिटीज
  40. इनफॉरमेशन एंड कम्युनिकेशन टेक्नोलॉजी का प्रोस्पेक्टिव टीचर्स
  41. हिस्ट्री ऑफ़ साइंस एंड टेक्नोलॉजी इन Ancient India
  42. इन्नोवेटिव डिजिटल बिजनेस मॉडल डिजाइन
  43. इंट्रोड्यूसिंग फॉक लिटरेचर ऑफ़ इंडिया
  44. इंट्रोडक्शन ऑफ़ नॉर्थ इंडियन क्लासिकल इंस्ट्रूमेंट म्यूजिक
  45. इंट्रोडक्शन टू बेसिक्स ऑफ़ वेटरनरी डायग्नोस्टिक इमेजिंग
  46. इंट्रोडक्शन टू डिसेबिलिटीज
  47. इंट्रोडक्शन टू एथिक्स
  48. जापानी टेक्स्ट एंड ग्रामर-1
  49. लाइब्रेरी ऑटोमेशन एंड नेटवर्किंग
  50. लिटरेचर एंड मेडिसिन इन इंडियन ट्रेडीशन
  51. मैपिंग कंटेंपरेरी लिटरेरी थियोरी फ्रॉम न्यू क्रिटिसिजम टू डिकंस्ट्रक्शन
  52. नेचर ऑफ़ ऑर्गेनिक मॉलेक्यूल्स
  53. पेडागोजी ऑफ़ सोशल साइंसेज फॉर स्टूडेंट्स एंड टीचर्स
  54. पर्सनल फाइनेंशियल प्लानिंग
  55. पॉलिटिक्स इन इंडियन कंटेंपरेरी इश्यूज
  56. पॉपुलेशन ज्योग्राफी
  57. प्रिपरेशन ऑफ़ रिसर्च प्रपोजल इन सोशल साइंसेज
  58. प्रिंसिपल्स एंड प्रैक्टिस ऑफ़ नेचुरल फार्मिंग
  59. प्रिंसिपल्स एंड प्रैक्टिस ऑफ़ मैनेजरियल इकोनॉमिक्स
  60. प्रिंसिपल्स ऑफ़ मैनेजमेंट
  61. प्रॉपर्टी लॉ (ट्रांसफर ऑफ प्रॉपर्टी एक्ट)
  62. पायथन एसेंशियल: लर्न, बिल्ड एंड अप्लाई
  63. रेडिएशन फिजिक्स
  64. रूरल सोशियोलॉजी एंड एजुकेशनल साइकोलॉजी
  65. सेल्स मैनेजमेंट एंड एडवरटाइजिंग
  66. सिक्योरिटीज मार्केट ऑपरेशन
  67. श्रीमद् भागवत गीता टेक्सुअल एंड फिलोसॉफिकल एक्सप्लोरेशन
  68. स्ट्रेस मैनेजमेंट
  69. शुभाषितम संस्कृतम्: लाइफ, वैल्यू एथिक्स एंड इंडियन नॉलेज ट्रेडीशन
  70. सस्टेनेबल सॉलिड वेस्ट मैनेजमेंट: चैलेंज, Opportunities एंड थ्रेट्स
  71. टॉक टाइम जर्मन-1
  72. टॉक टाइम जर्मन: बिगनर्स गाइड टू कम्युनिकेशन
  73. टीचिंग स्किल्स फॉर हायर एजुकेशन
  74. इकोनॉमिक हिस्ट्री ऑफ़ मॉडर्न इंडिया एंड ब्रिटिश राज
  75. ट्रेडीशन एंड इनोवेशन प्रैक्टिस इन असेसमेंट
  76. अंडरस्टैंडिंग कंपटीशन लॉ थ्योरी एंड प्रैक्टिस
  77. भारतीय काव्यशास्त्र
  78. पोषण एवं आहार
  79. तबला वादन में लय-लयकारी की गणना, प्रयोग और लिपिबद्ध तकनीक
  80. हिन्दी भाषा एवं अध्ययन विधा

यहाँ चेक करें कोर्स की सूची 

Manisha Kumari Pandey
लेखक के बारे में
पत्रकारिता जनकल्याण का माध्यम है। एक पत्रकार का काम नई जानकारी को उजागर करना और उस जानकारी को एक संदर्भ में रखना है। ताकि उस जानकारी का इस्तेमाल मानव की स्थिति को सुधारने में हो सकें। देश और दुनिया धीरे–धीरे बदल रही है। आधुनिक जनसंपर्क का विस्तार भी हो रहा है। लेकिन एक पत्रकार का किरदार वैसा ही जैसे आजादी के पहले था। समाज के मुद्दों को समाज तक पहुंचाना। स्वयं के लाभ को न देख सेवा को प्राथमिकता देना यही पत्रकारिता है। अच्छी पत्रकारिता बेहतर दुनिया बनाने की क्षमता रखती है। इसलिए भारतीय संविधान में पत्रकारिता को चौथा स्तंभ बताया गया है। हेनरी ल्यूस ने कहा है, " प्रकाशन एक व्यवसाय है, लेकिन पत्रकारिता कभी व्यवसाय नहीं थी और आज भी नहीं है और न ही यह कोई पेशा है।" पत्रकारिता समाजसेवा है और मुझे गर्व है कि "मैं एक पत्रकार हूं।" View all posts by Manisha Kumari Pandey →
Follow Us :GoogleNews