
केंद्र सरकार ने विशेष सहायता योजना (SASCI) 2025-26 के तहत राजधानी दिल्ली के लिए 821.26 करोड़ रुपये की सहायता राशि को मंजूरी दी है। इस राशि का उपयोग दिल्ली सरकार द्वारा स्वास्थ्य, शिक्षा, जल, बिजली, आवास, परिवहन और मेट्रो जैसी प्रमुख बुनियादी सेवाओं को सुदृढ़ करने में किया जाएगा।
दिल्ली सरकार के अनुसार, इस स्वीकृत राशि का 66 प्रतिशत हिस्सा पहली किश्त के रूप में जारी भी किया जा चुका है। इससे दिल्ली की कई अधूरी और प्रस्तावित परियोजनाओं को गति मिलेगी।
CM रेखा गुप्ता ने जताया केंद्र का आभार
दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने इस फंडिंग को लेकर केंद्र सरकार का आभार जताते हुए कहा कि यह दिल्ली को ‘विकसित दिल्ली’ बनाने के लक्ष्य की ओर एक मजबूत कदम है। उन्होंने बताया कि 821.26 करोड़ में से 716 करोड़ रुपये की राशि पार्ट-I के तहत दी गई है, जो कुल 33 बुनियादी ढांचा परियोजनाओं के लिए स्वीकृत की गई है। इन परियोजनाओं में स्वास्थ्य सेवाओं का विस्तार, शिक्षा संस्थानों का उन्नयन, पेयजल व बिजली आपूर्ति में सुधार और सार्वजनिक परिवहन की मजबूती शामिल है।
इसके अतिरिक्त, 105.26 करोड़ रुपये की राशि पार्ट-III के तहत मेट्रो रेल ट्रांजिट सिस्टम (MRTS) फेज-4 की प्राथमिकता वाली परियोजनाओं के लिए स्वीकृत की गई है। मुख्यमंत्री ने इसे ‘विकसित भारत’ के विज़न से जुड़ा ठोस कदम बताया है।
जनसेवा और रोजगार दोनों को मिलेगा लाभ
मुख्यमंत्री कार्यालय की ओर से जारी बयान में कहा गया है कि दिल्ली सरकार ने इन परियोजनाओं के लिए सभी प्रस्ताव सार्वजनिक वित्तीय प्रबंधन प्रणाली (PFMS) पोर्टल के माध्यम से समय पर और नियमानुसार प्रस्तुत किए थे। इसी का नतीजा है कि सहायता राशि की मंजूरी और पहली किश्त में कोई देरी नहीं हुई। सरकार का मानना है कि ये योजनाएं सिर्फ बुनियादी ढांचे को नहीं, बल्कि रोजगार के अवसर और आर्थिक गतिविधियों को भी मजबूती देंगी।
रेखा गुप्ता ने कहा कि दिल्ली सरकार इन परियोजनाओं को निर्धारित समयसीमा में, पारदर्शी और गुणवत्तापूर्ण ढंग से पूरा करने के लिए प्रतिबद्ध है, ताकि जनता को इनका सीधा लाभ मिल सके। उन्होंने संकेत दिया कि आने वाले समय में राजधानी के विकास के लिए और अधिक सहायता की मांग को लेकर वह केंद्र सरकार से दोबारा संपर्क करेंगी।
