मप्र के इस जिले को मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान का तोहफा, किए ये बड़े ऐलान

शिवराज सिंह चौहान

सिंगरौली, राघवेन्द्र सिंह गहरवार। नगरीय निकाय चुनाव (Urban body elections) के पहले शिवराज सरकार (Shivraj Government)  लगातार प्रदेश को नई नई सौगातें दे रही है। आए दिन विकास और उन्नति को लेकर नए नए फैसले किए जा रहे है। अब मुख्‍यमंत्री शिवराज सिंह चौहान (Chief Minister Shivraj Singh Chauhan) ने सिंगरौली जिले के ग्राम सिंगरौलिया में ₹35.30 करोड़ की लागत से निर्मित होने वाली हवाई पट्टी का वर्चुअल शिलान्‍यास किया। इस अवसर पर लोक निर्माण मंत्री गोपाल भार्गव (Public Works Minister Gopal Bhargava) भी उपस्थित रहे।

इस दौरान सीएम ने कहा कि सिंगरौली (Singrauli District) के विकास की आपार संभावनायें हैं लेकिन जब भी किसी उद्योगपति से बात होती थी तो वे कहते थे कि सिंगरौली में हवाई पट्टी (Airstrip) नहीं है। कनेक्टिविटी बेहतर नहीं है। इसलिये हमने ये फैसला लिया। सिंगरौली की हवाई पट्टी इसके विकास में मील का पत्थर साबित होगी।70 प्रतिशत रोजगार (Employment) सिंगरौली के स्थानीय बच्चों को मिले इस बात को हम सुनिश्चित करेंगे।मेडिकल व इंजीनियरिंग कालेज का भी जल्द निर्माण कार्य शुरू होंगे। निश्चित रूप से कनेक्टिविटी व अन्य रुके कार्यों को पूरा होने से सिंगरौली में विकास के नए आयाम स्थापित होंगे।

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शिवराज ने कहा कि सिंगरौली के हवाई पट्टी का निर्माण 35 करोड़ 30 लाख रूपए की लागत से पूर्ण होगा। इस हवाई पट्टी के बन जाने से बहुत जल्दी प्रदेश की ऊर्जा राजधानी सिंगरौली में विमानन सुविधा शुरू हो जाएगी। सीधी-सिंगरौली रोड (Sidhi-Singrauli Road) की तत्काल मरम्मत के लिये 16 करोड़ रुपये स्वीकृत किये हैं लेकिन 425 करोड़ रुपये के टेंडर (Tender) लग गये हैं। फरवरी से इस पर तेजी से काम करेंगे।सिंगरौली हमारे प्रदेश ही नहीं, बल्कि देश का पावर हब है। सिंगरौली प्रदेश की धड़कन है।  विकास की उचित दिशा, दूरगामी दृष्टि और तेज गति से विकास, ये हमारा संकल्प है।

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शिवराज ने कहा कि माइनिंग (Mining) से कुल प्राप्त रेवेन्यू में 37 प्रतिशत हिस्सा सिंगरौली से प्राप्त होता है। कोयले का उत्पादन भी लगातार बढ़ता जा रहा है। मप्र सिंगरौली का आभारी है कि हमें सबसे सस्ती बिजली (Electricity) सिंगरौली के सासन पावर प्लांट (Power Plant) से मिल रही है। सिंगरौली में जल्द ही 200 बिस्तर का अस्पताल संचालित होने जा रहा है। सिंगरौली में मेडिकल व इंजीनियरिंग कॉलेज (Engineering College) की सुविधा पर भी हम विचार कर रहे हैं।

28 वर्ष बाद हुआ शिलान्यास- कंपनियों ने किया सहयोग

गौरतलब हो कि सिंगरौलिया हवाई पट्टी के निर्माण की प्रक्रिया 28 वर्ष पूर्व 1988 में शुरू हुई थी लेकिन कभी भू अर्जन में अड़चन तो कभी सरकारों के बदलने से हवाई पट्टी की बहुप्रतीक्षित कार्य पेंडिंग था। लगभग 80 एकड़ जमीन हवाई पट्टी के लिए अर्जित की गई है जिसके निर्माण के लिए एनसीएल ने 17 करोड़, आंध्र कोल माइंस ने 1 करोड़ 25 लाख व सिंगरौली माइनिंग विभाग ने 16 करोड़ 73 लाख राशि दी है।

सिंगरौली को सिंगापुर बनाने की घोषणा दोहराया

हवाई पट्टी शिलान्यास के दौरान चौहान ने कहा कि सिंगरौली सबसे तेजी से बढ़ने वाला प्रदेश का नगर है। सिंगरौली को सिंगापुर बनाने की बात को फिर दोहराते हुए चौहान ने कहा कि वह सिंगरौली के चहुमुखी विकास के लिए संकल्पित है।वही उन्होंने स्वीकार किया कि रोजगार सिंगरौली की एक बड़ी समस्या है जिसे दूर करने बहुत जल्द 70% स्थानीय लोगों को रोजगार मिले इसका पुख्ता इंतजाम करेंगे।

नए कृषि बिल के तहत हुई त्वरित कार्रवाई

वही कृषि बिल (Agricultural Bills) को लेकर हो रहे विरोध को लेकर शिवराज कहा कि तीनों कृषि कानून किसानों के हित में है। इससे किसानों को फायदा होगा। होशंगाबाद (Hoshangabad) में दिल्ली (Delhi) की एक कंपनी ने किसानों (Farmers) से धान खरीदने में आनाकानी की। हमने नये कृषि कानून के तहत त्वरित कार्रवाई की, जिससे कंपनी को किसानों से तय सौदे पर धान खरीदना पड़ा। चौहान ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी भगवान के वरदान हैं। उन्होंने जो कृषि कानून बनाया है उससे किसानों को सीधे फायदा होगा। नए कानून से किसान मंडी के अलावा जहाँ उन्हें ज्यादा कीमत मिलेगा वहां अपनी अनाजों को बेच सकेंगे। इस कानून से बिचौलिया हटेंगे। इस कानून से उत्पादन के दाम बढ़ेंगे और यह कानून किसानों के हित मे है।

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12 वर्षों से पत्रकारिता में सक्रिय, इलेक्ट्रॉनिक और डिजिटल मीडिया में.

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