
Umang Singhar
उमंग सिंघार ने केंद्र सरकार के बजट को लेकर भारतीय जनता पार्टी पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने आरोप लगाया कि बजट से यह साफ हो गया है कि भाजपा की “डबल इंजन सरकार” ने मध्य प्रदेश की जनता की पीठ में छुरा घोंपा है। नेता प्रतिपक्ष ने कहा कि एक ओर भाजपा विकास के बड़े-बड़े दावे कर रही है, वहीं दूसरी ओर केंद्रीय करों में मध्य प्रदेश का हिस्सा लगभग 7,500 करोड़ रुपये कम कर दिया गया है।
बता दें कि 16वें वित्त आयोग की सिफारिशों के आधार पर इस बजट में राज्यों की कुल कर हिस्सेदारी (Vertical devolution) 41 प्रतिशत बरकरार रखी गई है। लेकिन हॉरिजॉन्टल फॉर्मूला (राज्यों के बीच बंटवारा) में बदलाव से मध्यप्रदेश की हिस्सेदारी 7.85 प्रतिशत से घटकर लगभग 7.35 प्रतिशत हो गई है। विशेषज्ञों के अनुसार, इस कारण सालाना करीब 7500 करोड़ का नुकसान हो सकता है। वहीं, सिंहस्थ के लिए मध्यप्रदेश सरकार ने केंद्र से 20,000 करोड़ के विशेष पैकेज की मांग की थी, लेकिन बजट में इसका कोई स्पष्ट प्रावधान नहीं दिखा है जिसपर विपक्ष हमलावर है।
बजट को लेकर उमंग सिंघार ने बीजेपी सरकार को घेरा
उमंग सिंघार ने कहा कि एक ओर भाजपा विकास के बड़े-बड़े दावे कर रही है, वहीं दूसरी ओर केंद्रीय करों में मध्यप्रदेश का हिस्सा लगभग 7,500 करोड़ रुपये कम कर दिया गया है। उन्होंने सिंहस्थ कुंभ को लेकर राज्य की मांग का भी जिक्र करते हुए कहा कि 20 हजार करोड़ रुपये की मांग के बावजूद केंद्र से राज्य को “सिर्फ ठेंगा” मिला है। कांग्रेस नेता ने सवाल किया कि क्या यही भाजपा का तथाकथित “विकास मॉडल” है।
सीएम से की ये मांग
उन्होंने कहा इस बजट से स्पष्ट हो गया कि भाजपा की प्राथमिकताओं में न तो मध्यप्रदेश का किसान है और न ही युवा। नेता प्रतिपक्ष ने कहा कि चालू वित्त वर्ष में 2,265 करोड़ रुपये की कटौती इस बात का संकेत है कि दिल्ली में बैठी भाजपा सरकार मध्यप्रदेश को सिर्फ एक वोट बैंक मानती है, विकास का साझीदार नहीं। उमंग सिंघार ने कहा कि कांग्रेस पार्टी मांग करती है की मुख्यमंत्री स्पष्ट करें की वो राज्य के हितों की रक्षा करने मे इतने असहाय क्यों हैं। इसी के साथ उन्होंने कहा कि कांग्रेस एमपी के साथ हो रहे इस अन्याय के खिलाफ सड़क से सदन तक लड़ाई लड़ेगी।
इस बजट से साफ हो चुका है कि भाजपा की डबल इंजन सरकार ने मध्य प्रदेश की जनता की पीठ मे छुरा घोंपा है !
एक तरफ विकास के झूठे दावे और दूसरी तरफ केन्द्रीय करों में मध्यप्रदेश का हिस्सा 7500 करोड़ कम कर दिया गया है। जबकि सिंहस्थ के लिए 20 हजार करोड़ मांगने पर मिला सिर्फ ठेंगा !
क्या…
— Umang Singhar (@UmangSinghar) February 2, 2026
पत्रकारिता में स्नातकोत्तर (M.J.), 2001. 2001 से 2013 तक ईटीवी हैदराबाद, सहारा न्यूज दिल्ली-भोपाल और लाइव इंडिया मुंबई में कार्य.

