यूरोप में मुफ्त में पढ़ सकते हैं भारतीय, इन 5 यूनिवर्सिटीज में नहीं ली जाती ट्यूशन फीस

विदेश में पढ़ने का सपना कई सारे लोग देखते हैं। आज हम आपको बताते हैं कि भारतीय स्टूडेंट्स किस तरह से यूरोप की यूनिवर्सिटीज में मुफ्त में पढ़ाई कर सकते हैं।
Study in europe

अच्छे कॉलेज और यूनिवर्सिटी से डिग्री हासिल करना हर स्टूडेंट का सपना होता है। यूरोप एक ऐसी जगह है जिसे भारतीय छात्रों के बीच स्टडी के लिए ड्रीम डेस्टिनेशन के तौर पर देखा जाता है। यहां के शहर जितने खूबसूरत है पढ़ाई के मामले में भी उतने ही बेस्ट है। बहुत से स्टूडेंट्स ऐसे हैं जो हर साल यूरोप में पढ़ाई करने के लिए पहुंचते हैं। हालांकि, यह सब इतना आसान नहीं क्योंकि यह बहुत महंगा पड़ता है।

अगर आप भी उन स्टूडेंट्स में से एक है जो विदेश में पढ़ाई करना चाहते हैं तो यूरोप बेस्ट जगह रहेगी। अगर हम यह कहे कि यहां पर कुछ ऐसी यूनिवर्सिटीज है जहां भारतीय मुफ्त में पढ़ाई कर सकते हैं तो आप क्या कहेंगे। हम आपको ऐसी यूनिवर्सिटी के बारे में बताते हैं जहां बिना ट्यूशन फीस के पढ़ाई की जा सकती है।

यूनिवर्सिटी ऑफ बर्गन (Study in Europe)

यह नॉर्वे की यूनिवर्सिटी है जो इंटरनेशनल स्टूडेंट से किसी भी तरह की ट्यूशन फीस नहीं लेती। सेमेस्टर वाइज यहां पर 2500 से 5000 भारतीय रुपए यानी 30 से 60 यूरो चुकाने होते हैं। यह सारी फीस काउंसलिंग भारत और हेल्थ सर्विस के लिए ली जाती है। आसानी से भारतीय स्टूडेंट्स यहां पर एडमिशन ले सकते हैं।

टैम्पेरै यूनिवर्सिटी

फिनलैंड की इस यूनिवर्सिटी में अगर स्वीडिश या फिनिश भाषा का कोई कोर्स किया जाता है तो किसी की तरह की ट्यूशन फीस नहीं लगती। यहां लोकल लैंग्वेज वाले कोर्सेज के लिए ट्यूशन फीस नहीं लगती। आईटी, बिजनेस मैनेजमेंट, मेडिकल और इंजीनियरिंग जैसे कोर्सेज यहां से किए जा सकते हैं।

मासारिक यूनिवर्सिटी

चेक रिपब्लिक में आने वाले इस यूनिवर्सिटी में अगर आप लोकल लैंग्वेज के कोर्स करते हैं तो कोई ट्यूशन फीस नहीं लगेगी। हर साल यह कई तरह के कोर्स ऑफर करती है। चेक लैंग्वेज का 1 साल का कोर्स भी यहां पर किया जाता है जिसके बाद ट्यूशन फीस फ्री पढ़ाई की जा सकती है। इंग्लिश में भी यहां पढ़ाई को ऑप्शन अवेलेबल है जिसकी फीस काफी कम है।

यूनिवर्सिटी ऑफ आइसलैंड

खूबसूरत सी वादियों के बीच बसी यह यूनिवर्सिटी स्टूडेंट से ट्यूशन फीस नहीं लेते हैं। यहां हर साल एडमिनिस्ट्रेशन फीस के तौर पर कुछ यूरो जमा करने पड़ते हैं। उसके बाद किसी तरह की ट्यूशन फीस नहीं लगती। मेडिकल और इंजीनियरिंग समेत यहां कई सारे कोर्सेज उपलब्ध है।

लुडविग मैक्सिमिलियन यूनिवर्सिटी

जर्मनी की यूनिवर्सिटी इंटरनेशनल स्टूडेंट्स को फ्री में पढ़ाई करवाती है। वर्ल्ड रैंकिंग 2025 में इस यूनिवर्सिटी का नंबर 59वां है। यहां पर एडमिनिस्ट्रेटिव कास्ट और सेमेस्टर फीस देनी पड़ती है। इसके अलावा ट्यूशन फीस नहीं लगती।

Diksha Bhanupriy
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Diksha Bhanupriy

10 वर्षों का पत्रकारिता अनुभव, डिजिटल और इलेक्ट्रॉनिक मीडिया में.

"पत्रकारिता का मुख्य काम है, लोकहित की महत्वपूर्ण जानकारी जुटाना और उस जानकारी को संदर्भ के साथ इस तरह रखना कि हम उसका इस्तेमाल मनुष्य की स्थिति सुधारने में कर सकें।” इसी उद्देश्य के साथ मैं पिछले 10 वर्षों से पत्रकारिता के क्षेत्र में काम कर रही हूं। मुझे डिजिटल से लेकर इलेक्ट्रॉनिक मीडिया का अनुभव है। मैं कॉपी राइटिंग, वेब कॉन्टेंट राइटिंग करना जानती हूं। मेरे पसंदीदा विषय दैनिक अपडेट, मनोरंजन और जीवनशैली समेत अन्य विषयों से संबंधित है। View all posts by Diksha Bhanupriy →
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