
भोपाल, डेस्क रिपोर्ट। मध्य प्रदेश (MP News) में सरकारी कामों में लापरवाही पर अधिकारियों कर्मचारियों पर गाज गिरी है।जबलपुर में पंचायत सचिव (Panchayat Secretary) को निलंबित कर दिया गया है। मुरैना में CMO, जबलपुर में ग्राम प्रधान को नोटिस जारी किया गया है। वही मुरैना में CMO, जबलपुर में रोजगार सहायक और शाजापुर में 34 अधिकारियों-कर्मचारियों का वेतन काटा गया है। इसके अलावा सागर में 3 फर्म के लाइसेंस भी निरस्त कर दिए गए है।
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जबलपुर में मनरेगा के तहत वित्तीय अनियमितता बरतने पर जिला पंचायत की CEO रिजु बाफना ने शहपुरा जनपद पंचायत की ग्राम पंचायत इमलिया की प्रशासकीय समिति की प्रधान भगवती बाई को पद से पृथक करने का नोटिस जारी किया है। इस मामले में ग्राम पंचायत इमलिया के तत्कालीन प्रभारी सचिव संतोष सिंह ठाकुर को निलंबित कर दिया गया है तथा रोजगार सहायक दीपक पानखडे के वेतन के आचरण पर रोक लगा दी गई है। जिला पंचायत कार्यालय से प्राप्त जानकारी के अनुसार ग्राम पंचायत इमलिया द्वारा खेत तालाब योजना के स्थान पर मेड बंधान का निर्माण कर MANREGA से स्वीकृत राशि का आहरण कर लिया गया था।
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मुरैना कलेक्टर (Morena Collector) बी.कार्तिकेयन ने समस्त जिलाधिकारियों को निर्देश दिये कि अधिकारी योजनाओं में गति लायें, इस प्रकार की लापरवाही कतई बर्दाश्त नहीं होगी। जिसको जो लक्ष्य दिया गया है, उस लक्ष्य को समय-सीमा के अंदर पूर्ण करें। तभी प्रदेश सरकार की मंशा को पूर्ण किया जा सकता है। कलेक्टर ने कहा कि पिछले सप्ताह PM Svanidhi Scheme के तहत सभी सीएमओ को लक्ष्य दिया गया था, जिसमें बानमौर एवं जौरा CMO द्वारा पिछले सप्ताह कोई प्रगति नहीं दिखाई है। इस पर उन्होंने असंतोष व्यक्त करते हुये बानमौर सीएमओ को नोटिस एवं जौरा सीएमओ का वेतन काटने के निर्देश दिये।
3 लायसेंस निरस्त
सागर कलेक्टर दीपक आर्य ने सागर शहर में स्थित होटल वंदना, होटल पैराडाइज का FL-3 लायसेंस तथा ग्रेविटी बार एण्ड लाउंज को जारी FL-2 लायसेंस को तत्काल प्रभाव से निरस्त कर दिया है। कलेक्टर द्वारा आज इस संबंध में आदेश जारी किया गया है। तीनों लायसेंस को निरस्त (license cancel) किये जाने के संबंध में सतीष कुमार साहू को विगत 23 नवम्बर को पत्र भेजकर उनका उत्तर चाहा गया था, किंतु उनके द्वारा कोई उत्तर नही दिया गया। इसी परिप्रेक्ष्य में कलेक्टर ने म.प्र. आबकारी अधिनियम 1915 की धारा-31 में विहित प्रावधान के अनुसार कार्यवाही कर तीनों लायसेंस को निरस्त कर दिया है।
34 अधिकारियों एवं कर्मचारियों का वेतन काटा
शाजापुर में विभिन्न माध्यमों से प्राप्त होने वाले शिकायती आवेदनों की जॉच के लिए जिलास्तर से जॉच दल गठित कर 07 दिवस में निर्धारित प्रारूप में जॉच प्रतिवेदन उपलब्ध कराने एवं जनपद पंचायत मुख्य कार्यपालन अधिकारी को पूर्ण जॉच प्रतिवेदन प्रस्तुत नहीं करने के कारण जिला पंचायत मुख्य कार्यपालन अधिकारी मिशा सिंह द्वारा जिला स्तरीय एवं जनपद पंचायत स्तरीय अधिकारियों एवं कर्मचारियों के वेतन काटने के आदेश जारी किये गये हैं।इसमें जिला पंचायत CEO ने दल के सदस्य ग्रामीण यांत्रिकी सेवा कार्यपालन यंत्री केसी बाथम, जिला पंचायत परियोजना अधिकारी विनोद चौहान, परियोजना अधिकारी मनरेगा रमेश भारती, प्रभारी प्रकोष्ठ अधिकारी आनंद राघव तिवारी, वरिष्ठ लेखा अधिकारी मुकेश जाटव, एकाउंट आफिसर मनरेगा अरूण सोनी का 1-1 दिन का वेतन काटने का आदेश दिया है।
इसी तरह जनपद पंचायत स्तरीय गठित दल के सदस्य जनपद पंचायत CEO बाबुलाल पंवार, सहायक यंत्री प्रवीण पाटीदार, सहायक विकास विस्तार अधिकारी सतीशचन्द्र शर्मा व शाकिर खान वारसी, पीसीओ महेशपाल सिंह डोडिया, विक्रमसिंह परिहार, राजेन्द्र जोशी, रमेश्चन्द्र मालवीय व मनोहरलाल शर्मा, एपीओ मनरेगा संजय सोलंकी, BC आवास सुश्री नीलम अलूने, BCSBM महेन्द्र मालवीय, जनपद पंचायत मो. बड़ोदिया की तत्कालीन CEO विष्णुकांता गुप्ता, ADO रामकरणसिंह चौहान, PCO अशोक शर्मा, शंकरलाल राठौर, दिलीप त्रिवेदी व बद्रीप्रसाद अहिरवार एवं बीसी एसबीएम सुश्री आरती पडोले तथा जनपद पंचायत कालापीपल के तत्कालीन CEO एचएल वर्मा, सहायक यंत्री आके धवन, PCO जेपी मालवीय, सुरेन्द्र बहादुर, शंकरलाल बकोदिया, शिवनारायण मालवीय व कुंदनसिंह राठौर, APO मनरेगा प्रीतम सोलंकी एवं BCSBM धर्मेन्द्र परमार के 5-5 दिन के वेतन काटने के आदेश दिये गये हैं।
12 वर्षों से पत्रकारिता में सक्रिय, इलेक्ट्रॉनिक और डिजिटल मीडिया में.

