इस कांग्रेस MLA ने छोड़ा एक माह का वेतन, BJP के विश्वास मत पर उठाए सवाल

minister-sajjan-singh-verma-statement-on-decision-to-repeal-article-370

भोपाल।
आज मंगलवार को विधानसभा में शिवराज सरकार द्वारा विश्वात प्रस्ताव पार कराने के बाद सियासत गर्मा गई है। विपक्ष ने इस प्रस्ताव का लगातार विरोध कर रहा है।विपक्ष का तर्क है कि कोरोना वायरस से लड़ने की बजाय बीजेपी को विश्वास मत लाने की इतनी जल्दी क्या थी। कमलनाथ सरकार में मंत्री रहे कांग्रेस विधायक सज्जन सिंह वर्मा का कहना है कि प्रदेश सरकार को ऐसी क्या जल्दी थी जो उन्हें विश्वास मत करवाना पड़ा।वही उन्होंने ऐलान किया है कि मैं अपना एक माह का विधायक वेतन संक्रमण से लड़ने के लिए प्रशासन को दे रहा हूं।

दरअसल, सज्जन ने ट्वीट के माध्यम से सरकार पर वार किए है। सज्जन ने एक के बाद एक कई ट्वीट कर विश्वास मत प्रस्ताव, शिवराज के चौथी बार मुख्यमंत्री बनने ,आगामी दिनों में होने वाले उपचुनाव और एक महीनें की सैलरी छोड़ने को लेकर ट्वीट किए है। सज्जन ने पहले ट्वीट में लिखा है कि पहले शिवराज सिंह चौहान भोपाल में कर्फ्यू लगवाते हैं और फिर विधानसभा का सत्र बुलाकर जनप्रतिनिधियों को कानून तोड़ने के लिए कहा जाता है। आखिर ऐसी भी क्या जल्दी थी इस महामारी के वक्त में भी भाजपा सरकार को विश्वास मत हासिल करने की जल्दी पड़ी रही।

वही अगले ट्वीट में उन्होंने लिखा है कि जिस शिवराज को प्रदेश की जनता ने नकार दिया था, आज उसी शिवराज सिंह चौहान को नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में षडयंत्र कर वापस से जनता पर थोप दिया गया है। साथ ही उन्होंने आश्वासन जताया है कि जल्दी प्रदेश की 25 विधानसभा सीट पर उपचुनाव होंगे और इन सभी सीटों पर प्रदेश की जनता भाजपा के छल बल को नकार देगी। उन्होंने कहा है कि कांग्रेस इन सभी सीटों को जीतकर वापस सत्ता में आएगी।

वही सज्जन वर्मा ने ट्वीट कर लिखा कि कोरोना संक्रमण से लड़ने के लिए इच्छाशक्ति जनता के सहयोग तथा आर्थिक सहयोग की आवश्यकता होगी, मैं अपना एक माह का विधायक वेतन संक्रमण से लड़ने के लिए प्रशासन को दे रहा हूं।

Gaurav Sharma
लेखक के बारे में
Gaurav Sharma

निदेशक और संपादक

पत्रकारिता पेशा नहीं ज़िम्मेदारी है और जब बात ज़िम्मेदारी की होती है तब ईमानदारी और जवाबदारी से दूरी बनाना असंभव हो जाता है। एक पत्रकार की जवाबदारी समाज के लिए उतनी ही आवश्यक होती है जितनी परिवार के लिए क्यूंकि समाज का हर वर्ग हर शख्स पत्रकार पर आंख बंद कर उस तरह ही भरोसा करता है जितना एक परिवार का सदस्य करता है। पत्रकारिता मनुष्य को समाज के हर परिवेश हर घटनाक्रम से अवगत कराती है, यह इतनी व्यापक है कि जीवन का कोई भी पक्ष इससे अछूता नहीं है। यह समाज की विकृतियों का पर्दाफाश कर उन्हे नष्ट करने में हर वर्ग की मदद करती है। इसलिए पं. कमलापति त्रिपाठी ने लिखा है कि," ज्ञान और विज्ञान, दर्शन और साहित्य, कला और कारीगरी, राजनीति और अर्थनीति, समाजशास्त्र और इतिहास, संघर्ष तथा क्रांति, उत्थान और पतन, निर्माण और विनाश, प्रगति और दुर्गति के छोटे-बड़े प्रवाहों को प्रतिबिंबित करने में पत्रकारिता के समान दूसरा कौन सफल हो सकता है। View all posts by Gaurav Sharma →
Follow Us :GoogleNews