Regional Industry Conclave : सीएम डॉ मोहन यादव ने रीजनल इंडस्ट्री कॉन्क्लेव नर्मदापुरम का किया शुभारंभ, सरकार ने निवेशकों को दिया ये खुला ऑफर

हमारे जो इंडस्ट्रियल पार्क है जहाँ जरुरत होगी वहां हम डोरमेट्री के लिए पीपीपी के माध्यम से इन्वेस्ट करने के लिए लोगों को आमंत्रित करेंगे जिससे वर्कर्स वहीं रह सकें।
Regional Industry Conclave Narmadapuram

Regional Industry Conclave Narmadapuram: मध्य प्रदेश में उद्योग और रोजगार को बढ़ावा देने के लिए   रीजनल इंडस्ट्री कॉन्क्लेव की श्रंखला चल रही है, इसी क्रम में आज 6वीं कॉन्क्लेव नर्मदापुरम ने आयोजित की जा रही है, मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव ने दीप जलाकर कॉन्क्लेव का शुभारंभ किया और हाथ जोड़कर इसमें शामिल हो रहे उद्योपतियों का स्वागत किया।

रीजनल इंडस्ट्री कॉन्क्लेव के अवसर पर मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने सिंगल क्लिक के माध्यम से 82 इकाइयों का भूमिपूजन एवं लोकार्पण किया। 2,585 करोड़ रुपये से अधिक लागत की इन इकाइयों से लगभग 5,700 रोजगार के अवसर सृजित होंगे।

मुख्यमंत्री ने की PM Modi के नेतृत्व की तारीफ  

मोदी जी के नेतृत्व में देश का जो माहौल दुनियां में बदला है वो दिखाई देता है, 2014 के बाद भारत का जो परिद्रश्य बदला है उसमें दुनिया में ये विश्वास बना है कि कोई और देश की प्रगति हो न हो भारत दुनिया के सामने आदर्श रूप में अपनी पहचान बनाकर आगे बढ़ रहा है जहाँ निवेशक आ रहे हैं जीडीपी कहाँ जा रही है ये बदलते दौर का भारत है

हमारी निवेश पॉलिसी आपके लिए बहुत फायदेमंद : डॉ मोहन यादव 

मुख्यमंत्री ने कॉन्क्लेव में मौजूद उद्योगपतियों को संबोधित करते हुए कहा कि हमने ये विश्वसनीयता बनाई है कि हम जो कहते हैं वो करते हैं, मध्य प्रदेश में हम भूमि, पानी, बिजली में प्रोत्साहन दे रहे हैं श्रमिकों में प्रोत्साहन दे रहे हैं, हमारी निवेश पॉलिसी के आधार पर आपको लाभ मिले।

आज ही कॉन्क्लेव में मिले 31 हजार 800 करोड़ रुपये के निवेश के प्रस्ताव 

उन्होंने कहा एक मुख्यमंत्री के तौर पर मैं यहाँ जिम्मेदारी से कह रहा हूँ यदि आप प्रदेश में कोई बड़ा उद्योग लगाना चाहते हो तो जरुरत पड़ी तो कैबिनेट के माध्यम से भी मदद दिलाने की कोशिश करेंगे उन्होंने ख़ुशी जाहिर करते हुए बताया कि यहाँ आज एमएसएमई और अन्य सभी सेक्टर मिलाकर अब तक 31 हजार 800 करोड़ रुपये के निवेश के प्रस्ताव मिले हैं ये इंडस्ट्री कॉन्क्लेव का महत्व है।

सीएम मोहन यादव ने इन्वेस्टर समिट की प्रथा को बदल दिया

कार्यक्रम को संबोधित  करते हुए  सीएस अनुराग जैन ने मुख्यमंत्री की तारीफ करते हुए कहा कि डॉ मोहन यादव ने इन्वेस्टर समिट की प्रथा को बदल दिया, पहले हम ग्लोबल इन्वेस्टर समिट में फोकस करते थे जिसमें दुनिया के लोग आते थे और फिर कुछ काम आगे बढ़ता था लेकिन सीएम ने MSME के योगदान को ध्यान में रखा, उन्होंने कहा, प्रदेश के उद्योगपतियों को मंच और जगह का अवसर जाए और उससे जन्म हुआ रीजनल इंडस्ट्री कॉनक्लेव का जो हर संभाग मुख्यालय पर हो रहे हैं अगला पड़ाव शहडोल में आयेगा और इस श्रंखला का समापन गोल्बल इन्वेस्टर समिट के रूप में फरवरी में होगा।

MP में इंफ़्रास्ट्रक्चर बेहतर, हृदय प्रदेश का लाभ लीजिये 

अनुराग जैन ने कहा 2047 में जब भारत विकसित होगा तब जरूरी होगा देश का हर भाग विकसित हो, एमपी में आईटी, फूड प्रोसेसिंग, मिनरल बेस्ड उद्योग, टेक्सटाइल, टूरिज्म के बहुत अवसर हैं, आप निवेश करेंगे तो आपको लाभ होगा, आपकी कंपनी का रेशो बढ़ेगा, अच्छी बाते ये है मप्र भारत के सेंटर में है आप देश के किसी भी कोने से आयेंगे तो यहाँ आपको कीमतों के हिसाब से बहुत फायदा होगा, यहाँ इंफ़्रास्ट्रक्चर बहुत अच्छा है, उद्योग पॉलिसी बहुत अच्छी है जिसका लाभ आपको मिलेगा।

उद्योपतियों के लिए सरकार का ये खुला ऑफर  

उद्योगपतियों की एक समस्या होती है कि उन्हें ट्रेंड आदमी नहीं मिलते, स्किल वर्कर नहीं मिलते वहां हम अपने स्किल प्रोगाम को आगे बढ़ा रहे है, आपको भी खुला ऑफर है यदि आप वहां स्थित आईटीआई लेकर चलाना चाहते हैं लोगों को स्किल करना चाहते हैं तो आपका स्वागत है।

इंडस्ट्री को उसके पास ही मिलेंगे स्किल्ड वर्कर्स 

हम एक और काम कर रहे हैं, हमरी सोच है इंटिग्रेटेड टाउन प्लानिंग कर क्वालिटी ऑफ़ लाइफ सुधारी जाये, हमारे जो इंडस्ट्रियल पार्क है जहाँ जरुरत होगी वहां हम डोरमेट्री के लिए पीपीपी के माध्यम से इन्वेस्ट करने के लिए लोगों को आमंत्रित करेंगे जिससे वर्कर्स वहीं रह सकें।

Atul Saxena
लेखक के बारे में
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पत्रकारिता में तीन दशक से अधिक का अनुभव.

पत्रकारिता मेरे लिए एक मिशन है, हालाँकि आज की पत्रकारिता ना ब्रह्माण्ड के पहले पत्रकार देवर्षि नारद वाली है और ना ही गणेश शंकर विद्यार्थी वाली, फिर भी मेरा ऐसा मानना है कि यदि खबर को सिर्फ खबर ही रहने दिया जाये तो ये ही सही अर्थों में पत्रकारिता है और मैं इसी मिशन पर पिछले तीन दशकों से ज्यादा समय से लगा हुआ हूँ.... पत्रकारिता के इस भौतिकवादी युग में मेरे जीवन में कई उतार चढ़ाव आये, बहुत सी चुनौतियों का सामना करना पड़ा लेकिन इसके बाद भी ना मैं डरा और ना ही अपने रास्ते से हटा ....पत्रकारिता मेरे जीवन का वो हिस्सा है जिसमें सच्ची और सही ख़बरें मेरी पहचान हैं .... View all posts by Atul Saxena →
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