क्वॉरेंटाइन सेंटर में स्वास्थ्य विभाग की टीम से मरीजों का दुर्व्यवहार, विवाद की स्थिति बनी

क्वॉरेंटाइन सेंटर में स्वास्थ्य विभाग की टीम से मरीजों का दुर्व्यवहार, विवाद की स्थिति बनी

इंदौर| आकाश धोलपुरे| कोरोना संकट (Corona Crisis) से लोगो को बचाने के लिये स्वास्थ्य विभाग (Health Department) और प्रशासन की टीम दिन रात मेहनत कर रही है बावजूद इसके लोगो द्वारा लगातार अभद्रता किये जाने के मामले भी सामने आ रहे है। ताजा मामला महू के उमरिया स्थित श्री निकेतन क्वारेंटाइन सेंटर का है जहां कोविड – 19 (Covid-19) के लक्षणों वाले 45 मरीजों को रखा गया है। ये सभी मरीज दो दिन से कोरोना वारियर्स को परेशान कर रहे है। कभी व्यवस्थाओ के नाम पर तो कभी गाली गलौच कर मरीजो ने कोरोना वारियर्स (Corona warriors) द्वारा की जा रही मेहनत पर सवाल उठाने की कोशिश की है।

मिली जानकारी के मुताबिक आज दोपहर 1 बजे जब नोडल अधिकारी विजय हजारे की अगुआई में स्वास्थ्य विभाग और प्रशासन की टीम क्वारेंटाइन सेंटर पर पहुंची तो मरीजो द्वारा टीम से विवाद किया जाने लगा। मरीजो ने खाने के स्वाद को लेकर हंगामा खड़ा कर दिया और महिला डॉक्टरो और अधिकारियों के सामने अपशब्दों की झड़ी लगा दी। विवाद इतना बढ़ गया कि लोग एक समय तो क्वारेंटाइन सेंटर से भागने की धमकी देने के साथ ही टीम के करीब पहुंचने की कोशिश भी करने लगे। इसके बाद टीम में मौजूद नोडल अधिकारी विजय हजारे, डॉ. स्वाति दीक्षित, नेहा भाटिया, निशी सारस्वत, हर्षद बेतव के साथ ही बंटी और मुकेश नामक सहयोगियों को पीछे हटने पर मजबूर होना पड़ा। इसके बाद विवाद की जानकारी महू के किशनगंज थाने को दी गई और फिर मौके पर पहुंची पुलिस ने मरीजो को अपने अंदाज में समझाइश दी तब कही जाकर सभी मरीज पीछे हटे और जांच के लिए तैयार हुए।

दरअसल, मरीजो के भोजन की व्यवस्था डॉक्टर्स की टीम के पास नही रहती है बावजूद इसके मरीजो को विवाद बढ़ाना था लिहाजा इसी बहाने से वो प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग की टीम से लड़कर बाहर निकलने का दबाव बना रहे थे। बता दे कि क्वारेंटाइन सेंटर में वो मरीज भी मौजूद है जिनके परिजन कोरोना से पीड़ित हो चुके है। लिहाजा ऐसे में लोगो को एटियाहतन, क्वारेंटाइन किया गया है। ऐसे में क्वारेंटाइन मरीजो द्वारा विवाद की स्थिति निर्मित किये जाने से कोरोना वारियर्स की परेशानी बढ़ गई है बावजूद इसके सभी फ्रंटलाइन फाइटर्स लोगो के व्यवहार की परवाह किये बगैर उनकी जान बचाने में जुटे हुए है। 2 दिन से विवाद कर रहे मरीजो पर नजर रखने के लिए प्रशासन ने सेंटर की सुरक्षा बढ़ा दी है।

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