कमिश्नर कार्यालय के क्लर्क को लोकायुक्त पुलिस ने 65,000 रुपये की रिश्वत लेते रंगे हाथ गिरफ्तार किया

कमिश्नर कार्यालय के क्लर्क को लोकायुक्त पुलिस ने 65,000 रुपये की रिश्वत लेते रंगे हाथ गिरफ्तार किया

Jabalpur Lokayukta Police Action : जबलपुर कमिश्नर कार्यालय में उस समय हडकंप मच गया जब लोकायुक्त की टीम ने वहां छापा मारा। लोकायुक्त की टीम ने जबलपुर कमिश्नर कार्यालय में पदस्थ चंद्र कुमार दीक्षित को 65 हजार रुपये  की रिश्वत लेते रंगे हाथ दबोचा है।

जानकारी के मुताबिक ग्राम पाली खुर्द तहसील छपारा जिला सिवनी निवासी आवेदक टीकाराम चंद्रवंशी ने जबलपुर लोकायुक्त एसपी कार्यालय में शिकायत की थी कि उसके पिताजी की ग्राम पाली खुर्द छपारा में 18 हेक्टेयर भूमि स्थित है जिसमें से 7 हेक्टेयर जमीन बंदोबस्त रिकॉर्ड में किसी अन्य के नाम दर्ज हो गई है जिसका अपील प्रकरण 1001 / 21 अतिरिक्त कमिश्नर कार्यालय जबलपुर में चल रहा है, अपील प्रकरण को आवेदक के पक्ष में कराने के एवज मे आवेदक से आरोपी चंद्र कुमार दीक्षित सहायक ग्रेड 3 अतिरिक्त कमिश्नर कार्यालय जबलपुर द्वारा 65000/ रुपये  की रिश्वत की मांग की गई थी।

शिकायत के बाद लोकायुक्त पुलिस ने इसकी जांच की और सत्यापन के बाद आज गुरुवार 12 जनवरी को क्लर्क चंद्र कुमार दीक्षित को उस समय रंगे हाथ पकड़ लिया जब वो 65000/- रुपये की रिश्वत राशि अपने कार्यालय टेबल की दराज में रखवा रहा था।

कमिश्नर के कार्यालय में लोकायुक्त के छापे से हडकंप मच गया, रिश्वत लेते क्लर्क का रंगे हाथ पकड़ा जाना चर्चा का विषय बन गया, लोग तरह तरह की बातें करने लगे, लोकायुक्त पुलिस के अधिकारियों ने आरोपी क्लर्क चंद्र कुमार दीक्षित के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम की धाराओं के तहत प्रकरण पंजीबद्ध कर लिया है।

जबलपुर से संदीप कुमार की रिपोर्ट 

Atul Saxena
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पत्रकारिता में तीन दशक से अधिक का अनुभव.

पत्रकारिता मेरे लिए एक मिशन है, हालाँकि आज की पत्रकारिता ना ब्रह्माण्ड के पहले पत्रकार देवर्षि नारद वाली है और ना ही गणेश शंकर विद्यार्थी वाली, फिर भी मेरा ऐसा मानना है कि यदि खबर को सिर्फ खबर ही रहने दिया जाये तो ये ही सही अर्थों में पत्रकारिता है और मैं इसी मिशन पर पिछले तीन दशकों से ज्यादा समय से लगा हुआ हूँ.... पत्रकारिता के इस भौतिकवादी युग में मेरे जीवन में कई उतार चढ़ाव आये, बहुत सी चुनौतियों का सामना करना पड़ा लेकिन इसके बाद भी ना मैं डरा और ना ही अपने रास्ते से हटा ....पत्रकारिता मेरे जीवन का वो हिस्सा है जिसमें सच्ची और सही ख़बरें मेरी पहचान हैं .... View all posts by Atul Saxena →
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