
Lok Sabha Speaker Om Birla
20 जुलाई को छात्रों पर दिल्ली पुलिस के लाठीचार्ज का विरोध जताने 21 जुलाई को पीएम आवास के बाहर राहुल गांधी के नेतृत्व में विपक्षी सांसदों का धरना और फिर उनकी गिरफ़्तारी के बाद देश में सियासी तूफ़ान आया हुआ है, विपक्षी सांसद आज काले कपड़े पहनकर संसद पहुंचे सांसद परिसर में प्रदर्शन किया और फिर जब सदन शुरू हुआ तो वहां भी हंगामा देखने को मिला, विपक्ष नीट पेपर लीक मुद्दे पर तत्काल चर्चा और धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे पर अड़ा हुआ है
कांग्रेस सांसद केसी वेणुगोपाल ने स्थान प्रस्ताव रखा और चर्चा की मांग की, संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ने कहा कि सरकार NEET परीक्षा के पेपर लीक और उससे जुड़े सभी मामलों पर चर्चा करने के लिए पूरी तरह तैयार है। हमने पहले दिन से ही कहा है कि सरकार राष्ट्रीय हित और युवाओं के हित से जुड़े किसी भी मुद्दे पर चर्चा के लिए हमेशा तैयार रहती है। हालांकि, यह चर्चा किन नियमों के तहत होगी, यह तय होना चाहिए सीधे सड़कों पर उतरना और हंगामा करना सही नहीं है चर्चा सार्थक होनी चाहिए।
सरकार चर्चा के लिए तैयार लेकिन नियमों के तहत
संसदीय कार्य मंत्री ने कहा सरकार NEET परीक्षा के पेपर और इससे निपटने के लिए उठाए गए कदमों पर विस्तार से चर्चा करना चाहती है, देश के नागरिकों को यह जानने का पूरा अधिकार है कि और क्या कदम उठाए गए हैं। अगर हम इस पर चर्चा नहीं करेंगे, तो नागरिकों को जानकारी कैसे मिलेगी? लेकिन हमारा कहना बस इतना है कि सभी पार्टियों को स्पीकर के साथ बैठकर कुछ नियमों के तहत चर्चा पर फैसला करना चाहिए, बहस जितनी लंबी चले, उतनी चलनी चाहिए. बहस जल्द से जल्द शुरू होनी चाहिए।
बहाने बनाकर चर्चा रोकना सही नहीं है
किरेन रिजिजू ने कहा विपक्ष को जो भी कहना है, वे चर्चा के दौरान अपनी बात रख सकते हैं। अगर चर्चा होती है, तो हर सदस्य को अपनी बात कहने का अधिकार है, लेकिन अगर आप चर्चा रोकने के लिए शर्तें रखते हैं, तो इसका मतलब है कि आप चर्चा नहीं चाहते। सरकार किसी भी मुद्दे से पीछे नहीं हटती है, और लोकतंत्र में यह हमारी ज़िम्मेदारी है कि हम लोगों को उनके लिए किए गए कामों के बारे में बताएं, मैं विपक्ष से गुज़ारिश करता हूं कि वे ऐसा रवैया न अपनाएं जिससे चर्चा रुक जाए, हर कोई अपनी बात रख सकता है, चाहे वह कांग्रेस पार्टी हो या अखिलेश यादव। बहाने बनाकर चर्चा रोकना सही नहीं है, चर्चा कुछ नियमों के तहत होती है। अब वे चर्चा नहीं होने देंगे और फिर कहेंगे कि उन्हें बोलने नहीं दिया जा रहा है। ऐसा नहीं होना चाहिए।
सदन की गैलरी में खड़े होकर चर्चा नहीं हो सकती
संसदीय कार्य मंत्री के बयान के बाद भी कांग्रेस सहित अन्य विपक्षी अपनी दोनों मांगों पर अड़े रहे और गैलरी में खड़े होकर शोर शराबा करने लगे, स्पीकर ओम बिरला ने उनको कई बार शांत रहकर अपनी सीट पर बैठने के आग्रह किया लेकिन विपक्षी सांसद अपनी जिद पर अड़े रहे, जिसपर ओम बिरला ने उन्हें फिर नसीहत दी। स्पीकर ने कहा सभी पक्षों की राय आ चुकी है। आप भी चर्चा चाहते हैं, वे भी चर्चा चाहते हैं और सरकार भी चर्चा के लिए तैयार है। आप आइये कब चर्चा करनी है कितनी देर चर्चा करनी है, सरकार तैयार है, लेकिन इस तरह सदन की गैलरी में खड़े होकर चर्चा नहीं हो सकती। चर्चा तब होगी जब आप अपनी सीट पर बैठेंगे, अब आपके आपस के विवाद को मैं इस सीट पर बैठकर नहीं निपटा सकता।
"पिछले तीन दिनों से हम विपक्ष को चर्चा के लिए प्रस्ताव दे रहे हैं। मैं आज फिर कहता हूँ कि सरकार NEET पेपर लीक के मुद्दे पर चर्चा के लिए तैयार है। लेकिन सदन में चर्चा किसी नियम के तहत होती है और उसके लिए आवश्यक व्यवस्था करनी पड़ती है। मैं अनुरोध करता हूँ कि… pic.twitter.com/jCIqNGNG4s
— SansadTV (@sansad_tv) July 22, 2026
सभी पक्षों की राय आ चुकी है। आप भी चर्चा चाहते हैं, वे भी चर्चा चाहते हैं और सरकार भी चर्चा के लिए तैयार है। लेकिन इस तरह सदन की गैलरी में खड़े होकर चर्चा नहीं हो सकती।" — लोकसभा अध्यक्ष @ombirlakota
लोकसभा की कार्यवाही आज दोपहर 02 बजे तक के लिए स्थगित कर… pic.twitter.com/AJLqBSKNei
— SansadTV (@sansad_tv) July 22, 2026
पत्रकारिता में तीन दशक से अधिक का अनुभव.

