आईएएस अधिकारी ठगी का शिकार, ऑनलाइन वाइन खरीदी में खाते से निकले रुपये

आईएएस अधिकारी ठगी का शिकार, ऑनलाइन वाइन खरीदी में खाते से निकले रुपये

भोपाल,डेस्क रिपोर्ट। आइएएस अफसर लोकेश जांगिड़ ऑनलाइन शराब खरीदी के मामले में ठगी के शिकार हुए हैं। ऑनलाइन वाइन खरीदी के दौरान उनके साथ यह ठगी हुई, महंगी शराब के नाम पर ठगों ने उनसे 34 हजार बैंक में ट्रांसफर करवा लिए। साइबर सेल में आइएएस अफसर लोकेश कुमार जांगिड़ ने इस ठगी की एफआइआर दर्ज कराई है।  उनके पेटीएम खाते से 34 हजार रुपए धोखे से ले लिए गए। इस मामले में आरोपियों के खिलाफ भारतीय दंड संहिता की धारा 420 के तहत प्रकरण दर्ज किया।

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जांगिड़ ने पुलिस को दिए अपने आवेदन में बताया कि उन्होंने 10 नंबर वाइन शॉप से वाट्सअप के जरिए कौन-कौन सी ब्रांड उपलब्ध है, उसके बारे में पूछताछ की थी। इसके बाद 9707637563 से मुझे फोन आया। आरोपी ने कहा कि आपका मैसेज मिला है आपको कौन-सा ब्रांड चाहिए। जांगिड़ ने आरोपी को अलग अलग ब्रांड की एक-एक बोतल देने को कहा। आरोपी ने एक ब्रांड की कीमत 4400 और दूसरे ब्रांड की 4150 कीमत समेत कुल 8550 रुपए कीमत बताई। इसे यूपीआई से भुगतान कर दिया। यह किसी ममता डुडवे के नाम से दर्ज था। उसके बाद आरोपी ने कहा कि हमारे खाते में पैसा नहीं आया है, आप दोबारा कर दीजिए। जांगीड़ ने दोबारा 8500 रुपए ट्रांसफर कर दिए। इसके बाद फिर आरोपी का फोन आया कि अब भी पैसा नहीं आया है। जो ट्रांजेक्शन अधूरा रह गया है वो ऑटो स्वेप होकर आपके खाते में दोबारा आ जाएगा। इसके बाद वाट्सअप पर क्यूआर कोड भेजा, जिस पर स्थानांतरण करने को कहा। क्यूआर कोड स्कैन करते ही 17 हजार रुपए भी खाते से निकल गए। इस प्रकार कुल 34 हजार स्थानांतरित हो गए।

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आइएएस अधिकारी लोकेश जांगिड़ का साढ़े चार वर्षों में 8 बार तबादला हो चुका है। अपने तबादले से नाराज जांगिड़ ने प्रदेश के आइएएस अफसरों के एसोसिएशन के ग्रुप पर जो पोस्ट डाली थी, वो लीक हो गई थी। बड़वानी कलेक्टर के खिलाफ उन्होंने पोस्ट डाली थी। इसके बाद उन पर अनुशासनहीनता के आरोप लगे थे। उन्होंने कलेक्टर पर आरोप लगाया था कि कलेक्टर शिवराज वर्मा पैसा नहीं खा पा रहे हैं। जांगिड़ ने उन पर आक्सीजन कंस्ट्रेटर खरीद में भ्रष्टाचार के आरोप लगाए थे। प्रदेश में तबादलों से नाराज जांगिड़ ने पारिवारिक कारणों से महाराष्ट्र कैडर में प्रतिनियुक्ति पर भेजने का आवेदन किया था।

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