जबलपुर-एम्बुलेंस में न कोई अटेंडेंट था और न ही कोई जानकार, बीच राह चली गई महिला की जान

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BHOPAL NEWS : जबलपुर शहर के शासकीय अस्पताल में गंभीर रोग से पीड़ित एक महिला को जिला अस्पताल से उचित सुरक्षा व्यवस्था के बगैर ही 108 एम्बुलेंस में मेडिकल भेज दिया गया। परिणाम स्वरूप महिला की बीच रास्ते में ही जान चली गई।

चौकानें वाला सच

बाद  में यह बात सामने आई कि एम्बुलेंस में अटेंडेंट व कोई जानकार व्यक्ति ही नहीं था। यदि अटेंडेंट होता तो महिला को बचाया जा सकता था, जबकि एम्बुलेंस में जीवन रक्षक उपकरण मौजूद थे। परिजनों का कहना है कि उपकरण होने के बाद भी मरीज की जान बचाने के लिए कोई अटेंडेंट नहीं था।

मामलें में आयोग ने लिया संज्ञान 

मामले में संज्ञान लेकर मध्‍यप्रदेश मानव अधिकार आयोग ने सीएमएचओ, जबलपुर से मामले की जांच कराकर गंभीर मरीज को जिला अस्पताल से मेडिकल कॉलेज अस्पताल रेफर कर एंबुलेंस के जरिए भेजते समय मरीज के साथ किसी डॉक्‍टर या पैरा मेडिकल स्टाफ आदि को नहीं भेज कर मरीज का जीवन जोखिमपूर्ण करने और उसकी मृत्‍यु हो जाने के सम्‍बन्‍ध में त्रुटिकर्ताओं के विरूद्व की गई कारवाई का प्रतिवेदन तीन सप्‍ताह में मांगा है।

Sushma Bhardwaj
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