27 अप्रैल को MP विधानसभा के विशेष सत्र को लेकर गरमाई राजनीति, कमलनाथ ने बीजेपी पर लगाया सरकारी मशीनरी के दुरुपयोग का आरोप

उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार महिला आरक्षण के नाम पर जनता को भ्रमित कर रही है। पूर्व मुख्यमंत्री ने कहा कि भाजपा बिना परिसीमन के ही तत्काल महिला आरक्षण लागू करे और इसके लिए कांग्रेस हमेशा सहयोग दिया है।
MP Assembly Special Session

Kamal Nath

मध्यप्रदेश में 27 अप्रैल को प्रस्तावित विधानसभा के एक दिवसीय विशेष सत्र को लेकर राजनीतिक सरगर्मी तेज हो गई है। इस सत्र में ‘नारी शक्ति वंदन’ अधिनियम सहित महिला सशक्तिकरण से जुड़े मुद्दों पर चर्चा की जाएगी। लेकिन इससे पहले ही कांग्रेस और भारतीय जनता पार्टी के बीच तीखी बयानबाजी शुरू हो गई है।

वरिष्ठ कांग्रेस नेता कमलनाथ ने बीजेपी पर आरोप लगाते हुए कहा है कि महिला आरक्षण के नाम पर जनता को भ्रमित किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार इस मुद्दे को राजनीतिक लाभ के लिए इस्तेमाल कर रही है और इसके लिए सरकारी मशीनरी का दुरुपयोग किया जा रहा है।

महिला आरक्षण के मुद्दे पर बीजेपी को घेरा

कमलनाथ ने कहा है कि कांग्रेस पार्टी महिला आरक्षण का कभी विरोधी नहीं रही है। उन्होंने स्पष्ट किया कि वर्ष 2023 में केंद्र की बीजेपी सरकार द्वारा लाए गए महिला आरक्षण बिल का कांग्रेस ने पूरी तरह समर्थन किया था। उन्होंने कहा कि कांग्रेस इस दिशा में हर सकारात्मक कदम का समर्थन करती रही है और आगे भी करती रहेगी। इसी के साथ उन्होंने कहा है कि यदि सरकार का उद्देश्य वास्तव में महिला आरक्षण लागू करना ही उद्देश्य है तो इसे परिसीमन की शर्त के बिना तुरंत लागू किया जाना चाहिए।

विधानसभा का विशेष सत्र बुलाने पर जताई आपत्ति 

पूर्व मुख्यमंत्री ने कहा कि लोकसभा में लंबित संविधान संशोधन विधेयक सिर्फ महिला आरक्षण तक सीमित नहीं था बल्कि उसमें परिसीमन से जुड़े मुद्दे भी शामिल थे जिस पर व्यापक राजनीतिक सहमति नहीं बन सकी। कमलनाथ ने कहा है कि अपने झूठ के प्रसार के लिए 27 अप्रैल को मध्यप्रदेश विधानसभा का विशेष सत्र बुलाना जनता के पैसे की बर्बादी और सदन का दुरुपयोग करना है। कांग्रेस नेता ने कहा कि अगर विशेष सत्र बुलाना ही है तो प्रदेश में बढ़ती महंगाई, बेरोजगारी और गैस की किल्लत पर बुलाना चाहिए।

बता दें कि मध्यप्रदेश विधानसभा सचिवालय ने मंगलवार को अधिसूचना जारी कर 27 अप्रैल को विशेष सत्र बुलाने की घोषणा की है। इस सत्र को लेकर मुख्यमंत्री मोहन यादव और भाजपा प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल पहले ही प्रेस कॉन्फ्रेंस कर जानकारी दे चुके हैं। सरकार की ओर से बताया गया है कि इस विशेष सत्र में ‘नारी शक्ति वंदन अधिनियम’ सहित महिला सशक्तिकरण, सामाजिक मुद्दों और विकास से जुड़े विषयों पर चर्चा की जाएगी। भाजपा का कहना है कि यह सत्र महिलाओं को राजनीतिक और सामाजिक रूप से सशक्त बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम साबित होगा।

Shruty Kushwaha
लेखक के बारे में
Shruty Kushwaha

पत्रकारिता में स्नातकोत्तर (M.J.), 2001. 2001 से 2013 तक ईटीवी हैदराबाद, सहारा न्यूज दिल्ली-भोपाल और लाइव इंडिया मुंबई में कार्य.

2001 में माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता विश्वविद्यालय भोपाल से पत्रकारिता में स्नातकोत्तर (M.J, Masters of Journalism)। 2001 से 2013 तक ईटीवी हैदराबाद, सहारा न्यूज दिल्ली-भोपाल, लाइव इंडिया मुंबई में कार्य अनुभव। साहित्य पठन-पाठन में विशेष रूचि। View all posts by Shruty Kushwaha →
Follow Us :GoogleNews