इंदौर EOW का एक्शन, पटवारी को एक लाख रुपये की रिश्वत लेते रंगे हाथ पकड़ा, जानें क्या है मामला?

हल्का पटवारी प्रशांत त्रिपाठी को ईओडब्ल्यू ने रंगे हाथ पकड़ा है। आरोपी पर 3 लाख रुपये रिश्वत मांगने का आरोप है। मामले की जांच जारी है। कार्रवाई के लिए विशेष टीम का गठन किया गया था।
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आर्थिक अपराध प्रकोष्ठ (EOW) ने पीथमपुरा  जिला धार पटवारी प्रशांत त्रिपाठी के खिलाफ सख्त कार्रवाई की है। बंटवारे के प्रकरण में स्थल निरीक्षण रिपोर्ट तैयारी करने के लिए एक रुपये की रिश्वत लेते हुए ईओडब्ल्यू इंदौर (Indore News) की टीम ने पीथमपुरा पटवारी को रंगे हाथ पकड़ा है। बाणगंगा निवासी देवेंद्र नरवरिया ने इस मामले की शिकायत ईओडब्ल्यू की थी। पटवारी पर 3 लाख रुपये रिश्वत मांगने का आरोप लगाया था।

शिकायतकर्ता देवेंद्र नरवरिया के मुताबिक उसकी माँ और मामा की जमीन पीथमपुरा में स्थित है। जिसके बंटवारे का प्रकरण तहसीलदार कार्यालय पीथमपुरा में लंबित है। इस प्रकरण में स्थल निरीक्षक रिपोर्ट देने के लिए वहां पदस्थ हल्का पटवारी प्रशांत त्रिपाठी द्वारा 3 लाख रुपये रिश्वत की मांग की गई थी। शिकायतकर्ता अब तक 1 लाख रुपये दे चुका है। लेकिन एक- एक लाख रुपये की किस्त लेने का दवाब आरोपी द्वारा बनाया जा रहा था।

कार्रवाई के लिए ईओडब्ल्यू की विशेष टीम गठित 

शिकायत पर कार्रवाई करते हुए ईओडब्ल्यू द्वारा विशेष टीम का गठन किया गया। इसमें एक डीएसपी, 4 निरीक्षक और 8 अन्य सदस्य शामिल थे। पुष्टिधारक साक्ष्य मिलने पर ट्रैप दल को पीथमपुर रवाना किया गया। आरोपी को रिश्वत देने के लिए शिकायतकर्ता को कार्यालय में भेजा गया। पटवारी के रिश्वत लेते ही शिकायतकर्ता ने ईशारा किया, जिसके बाद ईओडब्ल्यू टीम मौके पर पहुंची और प्रशांत त्रिपाठी को रंगे हाथ हिरासत में ले लिया।

पटवारी पर FIR दर्ज, आगे की जांच जारी 

प्रशांत त्रिपाठी पर ईओडब्ल्यू द्वारा शासकीय कार्य की एवेज में रिश्वत मांगने और लेने के तकनीकी एवं डिजिटल साक्ष्य होने पर मौके पर रंगे हाथ पकड़े जाने के साक्ष्य के आधार पर FIR दर्ज किया गया है। इस मामले की जांच फिलहाल जारी है। पूछताछ के दौरान पता चलेगा कि इस रिश्वत लेने में रिश्वत में किन-किन अधिकारियों की भूमिका रही।

Manisha Kumari Pandey
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